कब बढ़ेंगे पेट्रोल-डीजल के दाम, सरकारी सूत्रों ने जवाब देकर साफ की तस्वीर
ईरान संकट के कारण वैश्विक कच्चे तेल की कीमतों में वृद्धि के बावजूद, सरकारी सूत्रों ने भारत में पेट्रोल-डीजल की कीमतों में तत्काल बढ़ोतरी न होने की पुष ...और पढ़ें
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कब बढ़ेंगे पेट्रोल-डीजल के दाम, सरकारी सूत्रों ने जवाब देकर साफ की तस्वीर
HighLights
भारत में पेट्रोल-डीजल की कीमतें नहीं बढ़ेंगी।
कच्चे तेल की कीमतें $130 पार होने पर ही वृद्धि।
देश में पर्याप्त ईंधन स्टॉक और सुचारू आपूर्ति।
नई दिल्ली। ईरान में मची तबाही के बीच कच्चे तेल की कीमतों में उछाल देखा गया, जिसके चलते पड़ोसी देशों में पेट्रोल-डीजल की कीमतों में इजाफा हुआ है। हालांकि, अभी तक भारत में पेट्रोल-डीजल की कीमतों (Petrol Diesel Price) में इजाफा नहीं हुआ है। सरकारी सूत्रों ने बताया कि फिलहाल अभी पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ेंगे भी नहीं।
सरकारी सूत्रों ने कहा कि पेट्रोल और डीजल की कीमतें बढ़ने की उम्मीद नहीं है क्योंकि हमारे पास काफी स्टॉक है। जब तक कच्चे तेल की कीमतें USD 130 से ज्यादा नहीं हो जाती, पेट्रोल-डीजल की कीमतें बढ़ने की उम्मीद नहीं है। हमें उम्मीद है कि कच्चे तेल की कीमतें लगभग $100 प्रति बैरल होंगी।
इस स्थिति में बढ़ेगी पेट्रोल-डीजल की कीमत
सरकारी सूत्रों ने बताया कि जब तक कच्चे तेल की कीमतें USD 130 से ज्यादा नहीं हो जातीं तब तक, पेट्रोल-डीजल की कीमतें बढ़ने की उम्मीद नहीं है। यानी अभी भारत के लोग राहत भरी सांस ले सकते हैं। अभी पेट्रोल-डीजल की कीमतों में इजाफा नहीं होगा।
सूत्रों ने बताया, "देश में किसी भी पंप पर पेट्रोल और डीजल की कमी की कोई समस्या नहीं है। सुचारू रूप से सप्लाई जारी है। इसमें कोई बाधा नहीं आ रही है। भारत सरकार ने होर्मुज स्ट्रेट के बाहर के रास्तों से क्रूड ऑयल की सोर्सिंग तेज कर दी है। इसके अलावा अगर एविएशन टर्बाइन फ्यूल (ATF) की बात करें तो हमारे पास एविएशन टर्बाइन फ्यूल (ATF) का काफी स्टॉक है।"
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सूत्रों ने आगे बताया कि भारत ATF (एविएशन टर्बाइन फ्यूल) का प्रोड्यूसर और एक्सपोर्टर है, ATF को लेकर घबराने की जरूरत नहीं है। भारत दूसरे देशों के मुकाबले बेहतर स्थिति में है। कई देशों ने स्टॉक लेने के लिए भारत से संपर्क किया है।
कच्चे तेल की कीमतों में तेजी
US-इजरायल-ईरान युद्ध ने इंटरनेशनल मार्केट में कच्चे तेल की कीमतों को साढ़े तीन साल के सबसे ऊंचे लेवल पर पहुंचा दिया है। आज, 9 मार्च को, ट्रेडिंग के दौरान यह 25% बढ़कर $115 प्रति बैरल से ज़्यादा हो गया। हालांकि, बाद में इसमें थोड़ी रिकवरी हुई और अब यह $100 के करीब है। इससे पहले, 2022 में, रूस-यूक्रेन युद्ध ने कच्चे तेल को $100 के पार पहुंचा दिया था।