सर्च करे
Home
फोकस
विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

New Labour Code: क्या आपकी भी घटेगी इन-हैंड सैलरी? नए नियम के बाद आपको मिलेंगे कितने पैसे देखिए पूरा कैलकुलेशन

Published: Wed, 02 Sep 2026 10:50 AM (IST)

नए लेबर कोड के लागू होने से कर्मचारियों की टेक-होम सैलरी कम होगी, क्योंकि बेसिक पे, महंगाई भत्ता और रिटेनिंग ...और पढ़ें

New Labour Code (AI PHOTO)

New Labour Code (AI PHOTO)

HighLights

  1. नए लेबर कोड से टेक-होम सैलरी में कमी आएगी।

  2. बेसिक पे अब कुल CTC का 50% अनिवार्य।

  3. PF और ग्रेच्युटी फंड में होगी बड़ी वृद्धि।

बिजनेस डेस्क, नई दिल्ली: हर महीने की पहली तारीख को मोबाइल पर बजने वाली सैलरी क्रेडिट की 'बीप' किसे अच्छी नहीं लगती? लेकिन जरा सोचिए, अगर किसी महीने वो मैसेज आए और उसमें सैलरी पहले से कुछ कम हो, तो कैसा लगेगा?

दरअसल नए लेबरकोड (New Labour Code) के लागू होने के साथ ही नौकरीपेशा लोगों (salaried Class) के सैलरी स्ट्रक्चर में एक बहुत बड़ा बदलाव होने जा रहा है। सरकार के नए नियमों के तहत अब किसी भी कर्मचारी की बेसिक पे (basic pay), महंगाई भत्ता (DA) और रिटेनिंग अलाउंस कुल CTC का कम-से-कम 50% होना अनिवार्य कर दिया गया है।

इस बदलाव का सीधा असर आपकी 'इन-हैंड' यानी टेक-होम (Take-home) सैलरी पर पड़ेगा, जो पहले के मुकाबले कम हो जाएगी। हालांकि, इसका एक बड़ा फायदा यह है कि भविष्य के लिए आपका पीएफ (PF) और ग्रेच्युटी (Gratuity) फंड तेजी से बढ़ेगा।

ऐसा क्यों किया गया है?

पहले कई कंपनियां जानबूझकर कर्मचारियों की बेसिक सैलरी कम रखती थीं उन्हें PF और ग्रेच्युटी में अपनी तरफ से कम योगदान देना पड़े। नए नियम के तहत, अगर किसी कर्मचारी के भत्ते (Allowances) 50% से ज्यादा हैं, तो उस अतिरिक्त हिस्से को वेतन में जोड़कर PF और ग्रेच्युटी की गणना की जाएगी। आसान शब्दों में कहें तो अब आपके CTC का कम-से-कम 50% हिस्सा PF कटौती के दायरे में आना तय है।

7,10 और 15 लाख पर कितना पड़ेगा असर?

आइए समझते हैं कि अगर आपकी 7,10 और 15 लाख CTC है तो आपकी सैलरी पर कितना असर पड़ेगा?

CTC ब्रैकेट पहले का बेसिक वेतन नया बेसिक वेतन (50% नियम) PF योगदान (पहले ➔ अब) ग्रेच्युटी योगदान (पहले ➔ अब)
सालाना टेक-होम सैलरी (पहले ➔ अब)
₹7 लाख ₹2.8 लाख ₹3.5 लाख ₹33,600 ➔ ₹42,000 ₹13,468 ➔ ₹16,835
₹6,52,932 ➔ ₹6,41,165
₹10 लाख ₹4.0 लाख (संशोधित ग्रेच्युटी वेज: ₹7.17 लाख) (PF नियमों के अनुसार) ₹19,240 ➔ ₹34,510
₹8,84,760 ➔ ₹8,69,490
₹15 लाख ₹6.0 लाख ₹7.5 लाख ₹72,000 ➔ ₹90,000 ₹28,860 ➔ ₹36,075
₹12,78,642 ➔ ₹12,65,228

 

एक्सपर्ट के अनुसार, ₹15,000 से कम कमाने वाले कर्मचारियों की टेक-होम सैलरी पर PF बढ़ने का सीधा असर दिखेगा। कुल मिलाकर सीटीसी (CTC) वही रहेगा, लेकिन सैलरी के अंदरूनी हिस्सों के पुनर्गठन से शॉर्ट-टर्म में हाथ में आने वाला पैसा भले ही कम हो जाए, लेकिन रिटायरमेंट और लॉन्ग-टर्म सेविंग्स के लिहाज से यह आपके लिए एक बड़ा 'सिक्योरिटी फंड' तैयार करेगा।

यह भी पढ़ें: Gold Silver Price Today: सोना पहुंचा ₹1.49 लाख तो चांदी गिरकर आई ₹2.32 लाख पर, चेक करें लेटेस्ट भाव