सर्च करे
Home
फोकस

Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 24, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Siddharth Sharma होंगे टाटा ट्रस्ट के मुख्य कार्यकारी अधिकारी, अपर्णा उप्पलुरी सीओओ नियुक्त

    By Siddharth PriyadarshiEdited By: Siddharth Priyadarshi
    Updated: Tue, 24 Jan 2023 09:21 PM (GMT+05:30)

    Tata Trusts ने 24 जनवरी सिद्धार्थ शर्मा की मुख्य कार्यकारी अधिकारी के रूप में पदोन्नति की घोषणा की और फोर्ड फाउंडेशन की अपर्णा उप्पलुरी को मुख्य परिचा ...और पढ़ें

    Tata Trusts have appointed Siddharth Sharma as the Chief Executive Officer
    Tata Trusts have appointed Siddharth Sharma as the Chief Executive Officer

    नई दिल्ली, बिजनेस डेस्क। टाटा ट्रस्ट के सदस्यों ने सिद्धार्थ शर्मा को मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) और अपर्णा उप्पलुरी को मुख्य परिचालन अधिकारी (सीओओ) नियुक्त किया है। उनकी नियुक्ति 1 अप्रैल 2023 से प्रभावी होगी। एक नियामकीय फाइलिंग में टाटा ट्रस्ट ने इसकी जानकरी दी।

    देश के सबसे पुराने सार्वजनिक धर्मार्थ फाउंडेशनों में से एक टाटा ट्रस्ट्स ने मंगलवार को सिद्धार्थ शर्मा को सीईओ की कमान सौंप दी। टाटा ट्रस्ट की टाटा संस में 66 फीसद हिस्सेदारी है। टाटा संस के मुख्य स्टेबिलिटी अफसर रहे 54 वर्षीय शर्मा, एन श्रीनाथ का स्थान लेंगे, जिन्होंने 2022 में अपनी सेवानिवृत्ति के बाद सीईओ के पद से इस्तीफा दे दिया था।

    पहली बार सीओओ की नियुक्ति

    कंपनी उप्पलुरी के लिए पहली बार सीओओ पद सृजित करेगी, जो वर्तमान में फोर्ड फाउंडेशन में भारत, नेपाल और श्रीलंका की कार्यक्रम निदेशक हैं। शर्मा लगभग दो दशकों से सरकारी सेवा में थे। उन्होंने सरकार के प्रमुख मंत्रालयों में महत्वपूर्ण कार्यभार संभाला है, और भारत के 13वें और 14वें राष्ट्रपतियों के वित्तीय सलाहकार के रूप में काम किया है। बाद में वह टाटा समूह में शामिल हो गए, जहां वे स्टेबिलिटी पोर्टफोलियो के नवगठित समूह का नेतृत्व कर रहे थे।

    कौन हैं अपर्णा उप्पलुरी

    टाटा ट्रस्ट्स ने कहा कि उप्पालुरी परोपकार, महिलाओं के अधिकार, सार्वजनिक स्वास्थ्य, कला और संस्कृति के क्षेत्र में रणनीतिक योजना और कार्यक्रम विकास के क्षेत्र में जानी-मानी पेशेवर हैं। उन्होंने लैंगिक न्याय को मजबूत करने के लिए कार्यक्रम संबंधी प्रतिबद्धता को आगे बढ़ाने के लिए फोर्ड फाउंडेशन में अनुदान देने की पहल का नेतृत्व किया है और फोर्ड फाउंडेशन में विभिन्न कार्यक्षेत्रों की देखरेख के लिए कार्यक्रम निदेशक के रूप में भी काम किया है।

    खबरें और भी

    ये भी पढ़ें-

    इन गाड़ियों के दम पर टाटा ने लोगों का जीता भरोसा, CNG से लेकर EV तक कंपनी बेचती है इतनी कारें

    यूं ही नहीं TATA Indica ने किया था राज, रतन टाटा की इस फेवरेट गाड़ी ने बदल दिया था ऑटो इंडस्ट्री का इतिहास