यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 02, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Suryakumar Yadav: फाइनल में मिलर का कैच लपकने को लेकर जमकर हुआ बवाल, ‘SKY’ ने दो लाइन में सफाई देकर विवाद कर दिया खत्म
भारत ने साउथ अफ्रीका को हराकर 17 साल बाद टी20 विश्व कप का खिताब जीता लेकिन इस मैच में सूर्यकुमार यादव ने एक ऐसा कैच लपका जिसने पूरे मैच का रुख बदल दिय ...और पढ़ें

HighLights
- सूर्यकुमार यादव ने डेविड मिलर का लपका शानदार कैच
- सूर्यकुमार यादव ने फाइनल मैच में मिलर का कैच पकड़ने को लेकर दी सफाई
- भारत ने साउथ अफ्रीका को रौंदकर जीता टी20 विश्व कप 2024 का खिताब
स्पोर्ट्स डेस्क, नई दिल्ली। भारतीय टीम ने साउथ अफ्रीका के खिलाफ टी20 विश्व कप 2024 के फाइनल मैच में 7 रन से जीत हासिल की। इस मैच के आखिरी में सूर्यकुमार यादव ने बाउंड्री लाइन पर डेविड मिलर का कमाल का कैच लपका। उनके इस मैच ने पूरे मैच को ही पलट दिया। सूर्या अगर वो कैच नहीं लपकते तो शायद भारत ये विश्व कप नहीं जीत पाता।
आखिरी ओवर में साउथ अफ्रीका को जीत के लिए 16 रन की दरकार थी और आखिरी ओवर में रोहित ने हार्दिक को गेंद थमाई। इस दौरान क्रीज पर डेविड मिलर थे, जिन्होंने एक हवाई शॉट खेला, लेकिन सूर्या ने उनका कैच लपक लिया। सूर्या के कैच को लेकर हालांकि बाद में जमकर बवाल भी हुआ। इस बीच अब सूर्यकुमार यादव ने खुद मिलर के कैच को लेकर एक बड़ा बयान दिया।
Suryakumar Yadav ने डेविड मिलर के कैच को लेकर दिया तोड़ी चुप्पी
दरअसल, भारत-साउथ अफ्रीका के मैच के आखिरी ओवर में डेविड मिलर ने पहली गेंद पर लॉन्ग ऑफ के ऊपर से हवाई फायर किया। लगभग उस गेंद पर छक्का लग गया था। लेकिन सूर्या ने दौड़ लगाते हुए ये कैच लपक लिया।
पहले सूर्या ने बाउंड्री लाइन से पहले गेंद को हवा में उछाला और फिर वह बाउंड्री लाइन के बाहर गए और वापस अंदर आए और एक शानदार कैच लपक लिया। इस कैच क लेकर विवाद भी हुआ। कुछ लोगों का कहना था कि ये कैच लपकते समय सूर्या के पैर बाउंड्री लाइन पर टच हुए थे। वहीं, कुछ ने कहा कि बाउंड्री लाइन ही थोड़ी खिसकी हुई दिख रही थी।
खबरें और भी
यह भी पढ़ें: Rohit Sharma ने भारत के चैंपियन बनने के बाद क्यों खाई बारबाडोस पिच की मिट्टी? भारतीय कप्तान ने खुद कर दिया खुलासा
इस कड़ी में इंडियन एक्प्रेस से बातचीत करते हुए सूर्यकुमार ने कहा कि रोहित भाई आमतौर पर कभी लॉन्ग-ऑन पर खड़े नहीं होते, लेकिन उस वक्त वह वहां थे। तो जब गेंद आ रही थी, तो एक सेकंड के लिए मैंने उसकी तरफ देखा और उसने मेरी तरफ देखा। मैं दौड़ा और मेरा लक्ष्य गेंद को पकड़ना था। अगर वह (रोहित) करीब होता, तो मैं गेंद उसकी ओर फेंक देता। लेकिन वह कहीं भी करीब नहीं था। उन चार से पांच सेकंड में, जो कुछ भी हुआ, मैं बता नहीं सकता।
यह भी पढ़ें: India vs Zimbabwe T20I: नए हेड कोच और कप्तान के साथ जिम्बाब्वे के लिए रवाना हुई भारतीय टीम, देखें PHOTOS
उन्होंने आगे कहा कि जब मैंने गेंद को ऊपर और खेल क्षेत्र के अंदर धकेला और कैच लिया, तो मुझे पता था कि मैंने रस्सी को नहीं छुआ है। केवल एक चीज जिसके बारे में मैं सतर्क था, वह यह थी कि जब मैं गेंद को वापस अंदर धकेलता था, तो मेरे पैर रस्सी को नहीं छू रहे थे। मुझे पता था कि यह एक सही कैच था। अगर गेंद छह रन के लिए जाती तो कुछ भी हो सकता था।