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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 28, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Whatsapp मैसेज 'दुकान बंद करने वाला देशद्रोही' का आज दिखेगा कमाल

By JP YadavEdited By:
Updated: Mon, 28 Nov 2016 05:53 PM (IST)

विपक्ष के भारत बंद के आह्वान पर गत दिनों सदर बाजार के कारोबारी संगठनों की बैठक हुई थी, जिसमें 28 नवंबर को बाजार नहीं बंद करने का फैसला लिया गया है।

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नई दिल्ली (जेएनएन)। नोटबंदी से कारोबार चौपट होने का हवाला देकर व्यापारियों को अपने पाले में करने की विपक्ष की कोशिश से दिल्ली के बाजारों ने किनारा कर लिया है। इसके पीछे कुछ दिनों से वाट्सएप पर तैर रहे इस मैसेज को बताया जा रहा है।

यह है मैसेज, 'दुकान खोलने वाला देशभक्त, बंंद करने वाला देशद्रोही'

'28 नवंबर को भारत बंद में मेरा सहयोग नहीं है। जो भी दुकान व शॉपिंग मॉल बंद रखेगा। भविष्य में मैं उसके यहां से कुछ नहीं खरीदूंगा। मैं देश व अपनी संतान के भविष्य के लिए कालेधन व भ्रष्टाचार दूर करने की प्रधानमंत्री की मुहिम में उनके साथ हूं। यदि आप भी प्रधानमंत्री के साथ हैंं, तो इसे अपने मित्रों से शेयर करें।'

इस विवादित वाट्सएप के बाद नोएडा व्यापारियों ने प्रधानमंत्री के समर्थन में दो घंटे अधिक दुकान खोलने की बात कह दी है, यानी प्रतिदिन सुबह नौ बजे खुलने और रात आठ बजे बंद होने वाली दुकानों को 28 नवंबर को रात दस बजे तक खोला जाएगा।

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इस वाट्सएप से बाजारों में अफरातफरी का माहौल हो गया है, क्योंकि व्यापारी अब दबी जबान में कह रहे हैंं कि कालेधन व भ्रष्टाचार की प्रधानमंत्री मुहिम का विरोध कौन करेगा? उसे लोग राष्ट्रद्रोही व समर्थन करने वाले को राष्ट्र भक्त मानेंगे।

Whatsapp पर विवादित मैसेज-'दुकान खोलने वालेे राष्ट्रभक्त, बंद करने वाला देशद्रोही'

वहीं, कारोबारियों ने स्पष्ट किया है कि आम दिनों की तरह सोमवार को भी बाजारें खुली रहेगी और सामान्य तरीके से कामकाज होगा। हालांकि, उन्हें यह भी डर है कि कहीं विपक्षी दलों के कार्यकर्ता जबरदस्ती दुकानें बंद कराने बाजारों में न उतर आएं, नहीं तो मजबूरी में दुकानें बंद करनी पड़ सकती है।

नया बाजार ग्रेन मर्चेट एसोसिएशन के अध्यक्ष जय किशन गोयल के मुताबिक अनाज की इस बड़ी मंडी को बंद करने का कोई फैसला नहीं लिया गया है। हालांकि, इसके लिए विपक्षी दलों के कार्यकर्ताओं के रुख को देखना होगा। अगर वह हंगामा करते हैं तो दुकानें बंद करनी पड़ सकती है।

इस बीच, पुरानी दिल्ली के थोक बाजारों सदर बाजार, खारी बावली व कश्मीरी गेट के साथ ही चांदनी चौक के दुकानदारों ने कहा कि वह बाजार बंद के हक में नहीं है।

फेडरेशन ऑफ सदर बाजार ट्रेडर्स एसोसिएशन के महासचिव राजेंद्र शर्मा ने प्रधानमंत्री के फैसले को सही ठहराते हुए कहा कि भ्रष्टाचार के खिलाफ यह बड़ी लड़ाई है दिल्ली के दुकानदारों ने इस लड़ाई में उनका साथ देने का फैसला लिया है।

उन्होंने बताया कि विपक्ष के भारत बंद के आह्वान पर गत दिनों सदर बाजार के कारोबारी संगठनों की बैठक हुई थी, जिसमें 28 नवंबर को बाजार नहीं बंद करने का फैसला लिया गया है।

चांदनी चौक सर्व व्यापार मंडल के महासचिव संजय भार्गव ने नोटबंदी के फैसले का समर्थन करते हुए कहा कि इससे व्यापारियों का नुकसान नहीं हुआ है। नुकसान तो केवल काला धन रखने वालों का हुआ है, इसलिए चांदनी चौक की दुकानें आम दिनों की तरह सोमवार को भी खुली रहेगी।

किनारी बाजार ट्रेडर्स एसोसिएशन के महासचिव मुकेश जैन ने बताया कि उनकी एसोसिएशन ने भारत बंद के फैसले का समर्थन नहीं किया है, इसलिए दुकानें सोमवार को खुली रहेंगी।

पहले ही नोटबंदी की वजह से व्यापारियों को कई दिन तक अपनी दुकानें बंद करके घर बैठना पड़ा था, अगर अब दुकानें बंद की तो शादियों का सीजन खत्म हो जाएगा और व्यापारी अपना माल नहीं बेच पाएंगे।

खान मार्केट ट्रेडर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष संजय मेहरा ने कहा कि एसोसिएशन का भारत बंद को समर्थन नहीं है, लेकिन दुकानदारों को हिदायत दी गई है अगर माहौल खराब होता है तो दुकानें बंद कर दी जाएं।