यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 08, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
CG Election Results: भाजपा में करोड़पति से लेकर सबसे गरीब विधायक, साक्षर से लेकर उच्च योग्यताधारी तक पहुंचे सदन
एसोसिएशन फार डेमोक्रेटिक रिफार्म्स (एडीआर) और छत्तीसगढ़ इलेक्शन वाच द्वारा किए गए विश्लेषण के अनुसार कांग्रेस के 35 में से 83% विधायक करोड़पति हैं। इस ...और पढ़ें

राज्य ब्यूरो, रायपुर। छत्तीसगढ़ की नवनिर्वाचित विधानसभा में 90 में से 72 विधायक करोड़पति हैं, जो कि पिछली विधानसभा की तुलना में चार अधिक हैं। हाल ही में हुए चुनावों में भारी जीत हासिल करने वाली भाजपा के सबसे अधिक 43 करोड़पति विधायक हैं, उसके बाद कांग्रेस के विधायक हैं। 90 सीटों में से भाजपा ने 54 और कांग्रेस ने 35 सीटों पर जीत हासिल की है। कुल 72 नवनिर्वाचित विधायक (सदन की कुल संख्या का 80 प्रतिशत) करोड़पति हैं। इस सूची में भाजपा शीर्ष पर है, जिसके 54 विधायकों में से 43 (80%) ने अपनी संपत्ति एक करोड़ रुपये से अधिक घोषित की है।
पंडरिया की भावना सबसे अमीर
एसोसिएशन फार डेमोक्रेटिक रिफार्म्स (एडीआर) और छत्तीसगढ़ इलेक्शन वाच द्वारा किए गए विश्लेषण के अनुसार कांग्रेस के 35 में से 83% विधायक करोड़पति हैं। इस बार हुए राज्य विधानसभा चुनावों में प्रति विजेता उम्मीदवार की औसत संपत्ति 5.25 करोड़ रुपये है, जबकि 2018 के विधानसभा चुनावों में यह 11.63 करोड़ रुपये थी। पंडरिया सीट से पहली बार विधायक बनी भावना बोहरा 33.86 करोड़ रुपये की संपत्ति के साथ शीर्ष पर हैं, इसके बाद निवर्तमान मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता भूपेश बघेल (पाटन निर्वाचन क्षेत्र) 33.38 करोड़ रुपये की संपत्ति के साथ हैं। बिलासपुर सीट से भाजपा के अमर अग्रवाल 27 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्ति के साथ तीसरे स्थान पर हैं। पिछली बार 2018 के चुनाव में टीएस सिंहदेव सबसे अमीर विधायक थे।
ये हैं सबसे गरीब विधायक
चंद्रपुर से कांग्रेस विधायक रामकुमार यादव और उनके भाजपा समकक्ष रामकुमार टोप्पो और विधानसभा चुनाव लड़ने वाले निवर्तमान सांसद गोमती साई सबसे कम संपत्ति वाले विधायकों की सूची में सबसे नीचे हैं। विश्लेषण के अनुसार यादव ने 10 लाख रुपये की संपत्ति घोषित की है, जो सभी विधायकों में सबसे कम है, टोप्पो ने 13.12 लाख रुपये और साई ने 15.47 लाख रुपये की संपत्ति घोषित की है।
साक्षर से लेकर उच्च योग्यताधारी तक पहुंचे सदन
रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि 90 में से 33 विधायकों (37 प्रतिशत) ने अपनी शैक्षिक योग्यता कक्षा 5 से कक्षा 12 तक उत्तीर्ण घोषित की है। कुल विधायकों में से 54 में से अधिकतम 60 प्रतिशत के पास स्नातक डिग्री या उच्च योग्यता है। दो अन्य के पास डिप्लोमा है जबकि एक विधायक ने खुद को सिर्फ "साक्षर" घोषित किया है। कुल 44 विजेता उम्मीदवारों (49 प्रतिशत) ने अपनी आयु 25 से 50 वर्ष के बीच घोषित की है, जबकि 46 अन्य (51 प्रतिशत) 51 से 80 वर्ष के बीच हैं।
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डोमनलाल सबसे उम्रदराज, कविता सबसे कम उम्र की
अहिवारा (एससी) सीट से निर्वाचित भाजपा के डोमनलाल कोर्सेवाड़ा (75) नवनिर्वाचित विधानसभा में सबसे उम्रदराज विधायक हैं, जबकि कांग्रेस की बिलाईगढ़ (एससी) विधायक कविता प्राण लहरे (30) सबसे कम उम्र की हैं।
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