यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 27, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Anupamaa: 'चेहरा जलने के बाद हॉस्पिटल में इलाज करवाने तक के नहीं थे पैसे' , अनुपमा के 'नकुल' का छलका दर्द
Aman Maheshwari Struggle Days अमन माहेश्वरी ने बता कि उन्हें यकीन था एक दिन सारी चीजें बदलेंगी और हुआ भी ऐसा। मेरे कई दोस्त मुझे मेरे बुरे वक्त में ता ...और पढ़ें

नई दिल्ली, जेएनएन। Aman Maheshwari Struggle Days: टीवी का फेमस शो 'अनुपमा' और उनके स्टार्स हमेशा ही किसी न किसी वजह से सुर्खियों में बने रहते हैं। इसी बीच अब एक बार फिर से ये शो खबरों में आ गया है। अनुपमा में 'नकुल' का रोल निभाने वाले एक्टर अमन माहेश्वरी इन दिनों चर्चा में हैं। इस शो से अमन को एक नई पहचान मिली है। ‘बड़े अच्छे लगते हैं 2' और ‘मीतः बदलेगी दुनिया की रीत' जैसे कई टीवी शोज में काम कर चुके अमन ने हाल ही में अपने स्ट्रगल को लेकर बात की है।
स्ट्रगल के दिनों का छलका दर्द
एक्टर अमन माहेश्वरी ने हाल ही में टेली चक्कर को दिए इंटरव्यू में अपने स्ट्रगल के दिनों का दर्द को बयां किया। इस इंटरव्यू में उन्होंने बताया कि उन्हें क्या-क्या झेलना पड़ा था। इंटरव्यू में जब अमन से पूछा गया कि आपके स्ट्रगल के दिन कैसे थे? इस सवाल पर उन्होंने कहा, ‘मुझे लगता है कि मैं अभी भी स्ट्रगल कर रहा हूं। मुंबई में मुझे कई एक नहीं, बल्कि कई सारे बुरे एक्सपीरियंस हुए हैं। इसी कारण से मैंने खुद को अलग कर लिया था। अब मेरी फ्रेंड लिस्ट में लिमिटेड फ्रेंड्स हैं।'
मेरा चेहरा थोड़ा सा जल गया था
अमन माहेश्वरी ने इसी इंटरव्यू में आगे बताया, 'लोगों ने मेरे साथ पैसों को लेकर धोखाधड़ी की। मैं उस वक्त काफी दुखी और निराश हो गया था, जब मैं इस शहर में नया था तो मैं शो 'शपथ' का हिस्सा था। मेरा चेहरा थोड़ा सा जल गया था। ये बहुत बुरा एक्सपीरियंस था। उसी दौरान किसी ने मुझे 200 रुपये दिए थे। उन्होंने मुझे कहा कि जाकर इसे दिखाओ। मेरे पास इतने पैसे नहीं थे कि मैं किसी अच्छे बड़े और अच्छे अस्पताल में जाकर दिखा सकूं। यहां तक कि मेरी आईब्रो वापस आने में 3 महीने लगे। इस बारे में कई बड़े न्यूजपेपर में मेरा आर्टिकल भी छपा, लेकिन पुलिस ने शिकायत दर्ज नहीं की क्योंकि प्रोड्यूसर बड़ा नाम था। मैं इन सब में पड़ना नहीं चाहता था। इस हादसे से मैं और मेरे माता- पिता बहुत सदमे में थे।'