66 साल पहले Nutan पर बना ऐसा गाना, दिखी 'राम-सीता' जैसी कहानी; मोहम्मद रफी ने दर्दभरा गीत गाकर किया अमर
60 के दशक में एक ऐसा गाना (Old Bollywoood Songs) आया जो असल में भगवान राम और माता सीता की कहानी को दर्शाता है। इस गाने को मोहम्मद रफी ने अपनी आवाज दी ...और पढ़ें

नूतन का ये दर्दभरा गीत सुन निकल पड़ेंगे आंसू
HighLights
गाना 'गली-गली सीता रोए' फिल्म 'छलिया' का है
मोहम्मद रफी ने गाया, नूतन-राज कपूर पर फिल्माया गया
भारत-पाक विभाजन पर आधारित थी फिल्म की कहानी
एंटरटेनमेंट डेस्क, नई दिल्ली। बॉलीवुड में कुछ गाने ऐसे बने, जो भले ही ज्यादा चर्चित नहीं हुए लेकिन हां इन गानों ने एक अलग ही जगह लोगों के दिलों में बनाई। इन्हीं में से आज आपको राम-सीता के एक ऐसे गाने की कहानी बताने जा रहे हैं, जहां बेबसी और दर्द का आलम आपको नजर आएगा।
कौन सा है वो गाना?
दरअसल आज जिस गाने की हम बात कर रहे हैं उस गाने का नाम है "गली-गली सीता रोए..."। दर्दभरा और भावुक कर देने वाला यह गीत साल 1960 में रिलीज हुई फिल्म 'छलिया' (Chhalia) का है। इस फिल्म का निर्देशन मनमोहन देसाई ने किया था, जो उनके निर्देशन करियर की पहली फिल्म भी थी। फिल्म में मुख्य भूमिकाओं में राज कपूर, नूतन और प्राण नजर आए थे।
गाना नूतन और राज कपूर पर फिल्माया गया था। गाना अगर आप सुनेंगे तो समझ आएगा कि कैसे आधुनकि युग में इस गाने के बोल उस दौर से जोड़े गए। गाने के बोल महिलाओं के दर्द को बयां करते है।
मोहम्मद रफी ने दी गाने को आवाज
आपको बता दें कि इस गाने के बोल 'गली-गली सीता रोए आज मेरे देश में, सीता देखी, राम देखा आज नए भेष में' (Gali gali sita roye) कमर जलालाबादरी ने लिखे थे। वहीं गाने का संगीत कल्याणजी-आनंदजी ने तैयार किया था, और इसे अपनी जादुई आवाज से सजाया था महान गायक मोहम्मद रफी (Mohammed Rafi) ने।
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इस गाने में उन लाखों बेसहारा महिलाओं को 'सीता' कहा गया है, जो बंटवारे के समय अपनों से बिछड़ गईं, जिन्होंने अनचाहे हालातों का सामना किया, लेकिन जब वे वापस अपने देश और घर लौटीं, तो समाज ने पवित्रता के नाम पर उन्हें अपनाने से मना कर दिया। भारत-पाक विभाजन की पृष्ठभूमि पर आधारित इस फिल्म को काफी पसंद किया गया था।
फिल्म छलिया (Chhalia) की कहानी भारत-पाक विभाजन पर आधारित थी। फिल्म में नूतन एक शांति नाम की लड़की का किरदार निभाया था। बंटवारे के समय अपने परिवार से बिछड़ जाती है। जब वो सालों बाद भारत आती है, तो उसका पति उसे अपनाने से इंकार कर देता है।
इसी की कहानी को राज कपूर को उस गाने में बताते हैं, जहां वो नूतन (Nutan) की तुलना एक ऐसी सीता से करते हैं जो अग्निपरीक्षा दे रही है। फिल्म में राज कपूर ने छलिया का किरदार निभाया, जिसे नूतन यानि शांति से प्यार हो जाता है। फिल्म में नूतन की मां शोभना समर्थ भी नजर आईं थीं। इसके अलावा फिल्म में एक्टर रहमान भी थे।