धोखाधड़ी मामले में फिल्म निर्माता Vikram Bhatt की पत्नी को राहत, अंतरिम जमानत पर हुईं रिहा
सुप्रीम कोर्ट ने फिल्म निर्माता विक्रम भट्ट की पत्नी श्वेतांबरी भट्ट को 30 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के मामले में जमानत दे दी है और उन्हें उदयपुर जेल से ...और पढ़ें
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विक्रम भट्ट के साथ उनकी पत्नी (फोटो-इंस्टाग्राम)

समय कम है?
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एंटरटेनमेंट डेस्क, नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को फिल्म निर्माता विक्रम भट्ट (Vikram Bhatt) की पत्नी श्वेतांबरी भट्ट को 30 करोड़ रुपये की कथित धोखाधड़ी के मामले में जमानत दे दी है। प्रधान न्यायाधीश सूर्यकांत और जस्टिस जोयमाल्या बागची की पीठ ने श्वेताम्बरी भट्ट को उदयपुर जेल से तुरंत रिहा करने का आदेश दिया। शीर्ष न्यायालय ने इस मामले में शिकायतकर्ता डा. अजय मुर्डिया और राजस्थान पुलिस से 18 फरवरी तक जवाब मांगा है और कहा कि वह फिल्म निर्माता विक्रम भट्ट की जमानत याचिका पर एक दिन बाद यानी 19 फरवरी को विचार कर सकता है।
जेल में ही रहेंगे विक्रम
विक्रम भट्ट फिलहाल उदयपुर जेल में ही रहेंगे। यह मामला फिल्म प्रोडक्शन के नाम पर लिए गए पैसों के कथित दुरुपयोग से जुड़ा है। इंदिरा ग्रुप आफ कंपनीज (जिसमें इंदिरा आईवीएफ और इंदिरा एंटरटेनमेंट एलएलपी शामिल हैं) के संस्थापक डा. अजय मुर्डिया ने आरोप लगाया है कि भट्ट और उनकी पत्नी ने उन्हें अपनी दिवंगत पत्नी की बायोपिक में 30 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश करने के लिए प्रेरित किया, जिसमें उच्च लाभ का वादा किया गया था। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि इस राशि का दुरुपयोग किया गया।
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क्या है पूरा मामला?
विक्रम भट्ट ने विभिन्न नामों के तहत फर्जी बिल तैयार किए और शिकायतकर्ता से पैसे ट्रांसफर कराए। यह धन शिकायतकर्ता के लिए फिल्म बनाने के लिए होना था, लेकिन इसे आरोपितों ने अपने खातों में जमा किया और उनका उपयोग किया गया।

डा.अजय मुर्डिया की शिकायत पर विक्रम भट्ट और श्वेतांबरी भट्ट को दिसंबर 2025 में मुंबई से गिरफ्तार कर उदयपुर लाया गया था, जहां सात दिसंबर से वे न्यायिक हिरासत में हैं। इस मामले में उदयपुर के दिनेश कटारिया और भट्ट के मैनेजर महबूब अंसारी को भी राजस्थान पुलिस ने गिरफ्तार किया था। 31 जनवरी को राजस्थान हाई कोर्ट की जोधपुर फीठ ने उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी थी, जिसके बाद उन्होंने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया।