Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    MP Board 12th Result: बचपन में माता-पिता को खोकर भी नहीं टूटी श्रुति की हिम्मत, दादा-दादी के सहारे पढ़कर बनी MP टॉपर

    Updated: Wed, 15 Apr 2026 03:23 PM (GMT+05:30)

    मुरैना की श्रुति तोमर ने 12वीं कला संकाय में प्रदेश में पहला स्थान प्राप्त किया है। बचपन में माता-पिता को खोने के बाद दादा-दादी के सहारे उन्होंने यह स ...और पढ़ें

    श्रुति तोमर।

    श्रुति तोमर।

    timer icon

    समय कम है?

    जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में

    संक्षेप में पढ़ें

    डिजिटल डेस्क, ग्वालियर। मध्य प्रदेश बोर्ड के नतीजों में इस बार एक ऐसी कहानी सामने आई है, जिसने हर किसी को भावुक कर दिया और दिल गर्व से भर दिया। मुरैना जिले के पोरसा कस्बे की रहने वाली श्रुति तोमर ने 12वीं कला संकाय में 500 में से 489 अंक हासिल कर प्रदेश में पहला स्थान प्राप्त किया है। लेकिन यह सफलता सिर्फ अंकों की कहानी नहीं, बल्कि संघर्ष, साहस और अटूट हौसले की मिसाल है।

    बचपन में खोया सहारा, हिम्मत नहीं

    श्रुति के जीवन में सबसे बड़ा झटका वर्ष 2018 में लगा, जब एक सड़क हादसे में उनके पिता रविन्द्र तोमर का निधन हो गया। इस सदमे को उनकी मां सीता देवी सहन नहीं कर सकीं और कुछ ही समय बाद उन्होंने भी दुनिया छोड़ दी। कम उम्र में अनाथ हुई श्रुति को उनके दादा-दादी ने संभाला और अपनी सीमित क्षमता के बावजूद उसकी पढ़ाई कभी रुकने नहीं दी।

    संघर्ष के बीच गढ़ी सफलता की कहानी

    कठिन हालात, सीमित संसाधन और जिम्मेदारियों के बीच भी श्रुति ने अपने सपनों को टूटने नहीं दिया। लगातार मेहनत और अनुशासन के दम पर उन्होंने यह मुकाम हासिल किया। श्रुति इससे पहले 10वीं बोर्ड में भी प्रदेश में पांचवां स्थान प्राप्त कर अपनी प्रतिभा का परिचय दे चुकी हैं।

    आज उनकी इस सफलता से न सिर्फ उनका परिवार, बल्कि पूरा मुरैना जिला गर्व महसूस कर रहा है। श्रुति की कहानी उन हजारों बच्चों के लिए प्रेरणा है, जो कठिन परिस्थितियों में भी बड़े सपने देखने की हिम्मत रखते हैं।

    खबरें और भी

    यह भी पढ़ें- MP Board 12th Result: चौकीदार का बेटा श्लोक बना MP टॉपर, किसान की बेटी प्रिंसी ने भी किया कमाल; सीहोर के दो सितारों ने रचा इतिहास

    श्योपुर में बोर्ड परीक्षा के परिणाम में 12वीं में सुधार तो 10वीं में गिरावट

    उधर, माध्यमिक शिक्षा मंडल द्वारा बुधवार को घोषित किए गए वर्ष 2026 के बोर्ड परीक्षा परिणाम में श्योपुर जिले का प्रदर्शन मिला-जुला रहा। कक्षा 10वीं का परिणाम इस वर्ष 71.37 प्रतिशत रहा, जो पिछले वर्ष 2025 के 75.43 प्रतिशत की तुलना में गिरावट दर्शाता है। वहीं कक्षा 12वीं के परिणाम में सुधार देखने को मिला है। वर्ष 2026 में 12वीं का परिणाम 80.34 प्रतिशत रहा, जो पिछले वर्ष 76.27 प्रतिशत से अधिक है।

    परिणामों के विश्लेषण से साफ है कि 12वीं के विद्यार्थियों ने बेहतर प्रदर्शन किया है, जबकि 10वीं के छात्रों को अपेक्षित सफलता नहीं मिल सकी। शिक्षा विभाग के अधिकारियों के अनुसार 12वीं में बेहतर परिणाम का कारण विद्यार्थियों की नियमित तैयारी और मार्गदर्शन रहा है।

    वहीं 10वीं के परिणाम में गिरावट के पीछे कई कारणों को जिम्मेदार माना जा रहा है, जिनमें पढ़ाई में निरंतरता की कमी प्रमुख है। जिले के शिक्षकों ने 12वीं के बेहतर परिणाम पर संतोष जताया है, जबकि 10वीं के कमजोर प्रदर्शन को सुधारने के लिए आगामी सत्र में विशेष प्रयास करने की बात कही है।