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गुजरात में जहरीली शराब पीने से 8 की मौत, 15 शराब तस्कर गिरफ्तार

Updated: Thu, 20 Aug 2026 09:08 PM (IST)

गुजरात के भावनगर में जहरीली शराब पीने से आठ लोगों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य अस्पताल में भर्ती हैं।

(यह इमेज AI से बनाई गई है)

(यह इमेज AI से बनाई गई है)

HighLights

  1. भावनगर में जहरीली शराब से आठ लोगों की मौत

  2. मुख्य आरोपी उज्जैन का रईस, पुलिस टीम रवाना

  3. राज्यभर में अवैध शराब के खिलाफ 600 छापे

राज्य ब्यूरो, अहमदाबाद। गुजरात के भावनगर में बीती रात नकली शराब पीने के बाद आठ लोगों की मौत हो गई लेकिन प्रशासन ने भी इसकी पुष्टि नहीं की।

मुख्य आरोपी उज्जैन का रईस है जिसे पकड़ने पुलिस की टीम रवाना हो गई। पुलिस महानिदेशक जी एस मलिक के निर्देश पर पुलिस ने राज्य में छापे मारकर अवैध शराब के 300 से ज्यादा केस दर्ज किए हैं।

भावनगर में जहरीली शराब से आठ लोगों की मौत

पुलिस के अनुसार भावनगर के खरकड़ी गांव में मंगलवार रात्रि कुछ लोगों ने पार्टी रखी थी इसमें शराब परोसी गई। शराब का सेवन करने वाले 4 लोग उपेंद्र गोहिल, कार्तिक मकवाणा, घनश्याम सिंह, नरेंद्र यादव सुबह नहीं उठे तो परिवार वाले उन्हें अस्पताल लेकर गये, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया।

इसके अलावा 19 अन्य लोग भी तबीयत खराब होने के बाद अस्पताल में भर्ती हुए। इनमें से एक की मौत हुई लेकिन प्रशासन मैं इसकी अभी पुष्टि नहीं की है। जिला कलेक्टर मनीष बंसल ने शराब के कारण चार लोगों के मौत की पुष्टि करते हुए बताया कि अस्पताल में भर्ती डेढ दर्जन लोगों में से दो की हालत गंभीर है।

पुलिस अधीक्षक नीतेश पांडे के अनुसार उज्जैन के रईस नामक व्यक्ति ने कुछ दिन पहले भावनगर आकर अवैध शराब बनाई थी।

मुख्य आरोपी उज्जैन का रईस, पुलिस टीम रवाना

भावनगर के ही गौतम सोलंकी ने शराब बनाने की एक मिनी फैक्ट्री डाली थी इसके लिए उसने मिथेनॉल भी खरीदी थी। रईस को पकड़ने के लिए गुजरात पुलिस की एक टीम मध्य प्रदेश रवाना हो गई है।

पुलिस महानिदेशक जी एस मलिक ने भावनगर पुलिस प्रशासन से वह अन्य जिलों के एसपी से भी बात कर अवैध शराब के कारोबार के खिलाफ एक अभियान चलाने के निर्देश दिए। जिसके बाद राज्य पुलिस ने एक अभियान चलाकर अब तक अवैध शराब के मामले में 300 से अधिक मामले दर्ज किए हैं।

15 आरोपियों की गिरफ्तारी के अलावा अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए गांव के सरपंच से भी प्रशासन बात कर रहा है। पुलिस ने बताया कि 26 पेटी में 300 शराब की बोतल बनाई गई थी जो इस पार्टी के अलावा आसपास के अन्य गांव में भी बेची गई।

राज्यभर में अवैध शराब के खिलाफ 600 छापे

राज्य सरकार ने वरिष्ठ आईपीएस मयूर चावड़ा की अध्यक्षता में स्पेशल मॉनिटरिंग सेल का गठन किया है, जो इस पूरे मामले की जांच करेगी। इससे पहले पुलिस ने नकली शराब से प्रभावित सभी लोगों के खून के नमूने गांधीनगर स्थित फॉरेंसिक साइंस लैबोरेटरी को भेज दिए हैं।

उधर भावनगर के प्रभारी मंत्री कौशिक वेकरिया ने भी जिला प्रशासन से इस घटना की रिपोर्ट मांगी है। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल वाइब्रेंट गुजरात ग्लोबल निवेशक सम्मेलन के रोड शो के लिए विदेश दौरे पर हैं।

उप मुख्यमंत्री हर्ष संघवी ने इस मामले में पुलिस प्रशासन को सख्त निर्देश दिए हैं कि राज्य भर में कहीं पर भी इस तरह के अवैध कारोबार चलता हो तो दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए इसके बाद से पुलिस राज्य भर अवैध शराब तस्करों पर टूट पड़ी है। राज्य पुलिस ने 600 से अधिक जगहों पर छापे मारे हैं।

कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता मनीष दोशी ने राज्य सरकार पर शराब बंदी के मामले में सफल होने का आरोप लगाते हुए कहा है कि अहमदाबाद, गांधीनगर, सूरत, बोटाद के बाद अब भावनगर में भी जहरीली शराब के कारण लोगों की मौत हुई है।