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'सेहत के लिए हानिकारक प्रोडक्ट का प्रचार न करें', राष्ट्रपति मुर्मु की फिल्मी सितारों को सलाह

Published: Tue, 22 Sep 2026 11:47 PM (IST)

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने फिल्म सितारों को सेहत के लिए हानिकारक उत्पादों का प्रचार न करने की सलाह दी, कहा कि स्टार रोशनी फैलाएं, अंधेरा नहीं।

राष्ट्रपति मुर्मु ने फिल्म सितारों को हानिकारक उत्पादों के प्रचार से रोका

राष्ट्रपति मुर्मु ने फिल्म सितारों को हानिकारक उत्पादों के प्रचार से रोका

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संजय मिश्र, केवड़िया। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने दिग्गज फिल्मी हस्तियों और कलाकारों को लोगों की सेहत के लिए नुकसानदायक उत्पादों का प्रचार नहीं करने की नसीहत है। राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह के दौरान उन्होंने फिल्म स्टारों से कहा कि स्टार वही है जो 'रोशनी फैलाए, अंधेरा नहीं।'

उन्होंने फिल्म पुरस्कारों की जूरी से लेकर फिल्म निर्माण के तमाम क्षेत्रों में महिलाओं को अधिक मौका और भागीदारी देने की भी पैरोकारी की।

राष्ट्रपति मुर्मु ने फिल्म सितारों को हानिकारक उत्पादों के प्रचार से रोका

फिल्मी सितारों को राष्ट्रपति की इस मौके पर दी गई यह सलाह खासकर इसलिए मायने रखती है कि अक्षय कुमार, शाह रुख खान से लेकर अजय देवगन जैसे कई बॉलीवुड स्टार हाल ही में पान-मसाला के छदम विज्ञापन को लेकर विवादों की सुर्खियों में आए हैं।

मुर्मु ने 72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार प्रदान करने के उपरांत अपने संबोधन में कहा कि जो फिल्म कलाकार बहुत लोकप्रिय होते हैं, उनमें लोगों विशेषकर युवाओं को प्रभावित करने की असीम क्षमता होती है।

सफल अभिनेता अनुशासित जीवन शैली के बारे में बताते हैं तो करोड़ों युवा उनका अनुकरण करते हैं। इसलिए ऐसे कलाकारों से अनुरोध है कि वे स्वास्थ्य के लिए हानिकारक उत्पादों का प्रचार न करें।

हाल ही में महाराष्ट्र फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन ने बॉलीवुडसितारों अजय देवगन, शाह रुख खान और टाइगर श्राफ को एक पान मसाला के सरोगेट विज्ञापन के मामले में कारण बताओ नोटिस जारी किए थे।

छोटे कलाकारों और श्रमिकों के लिए सामाजिक सुरक्षा की वकालत की

कुछ अर्से पूर्व बॉलीवुडमहानायक अमिताभ बच्चन भी इसी तरह पान मसाला से जुड़े एक सरोगेट विज्ञापन को लेकर विवादों में आए थे और फिर उन्होंने इस कंपनी से विज्ञापन का अपना अनुबंध खत्म कर दिया था।

भविष्य में राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों की चयन जूरी में महिलाओं की अधिक भागीदारी की पैरोकारी करते हुए मुर्मु ने और कहा कि उनकी इच्छा है कि हर क्षेत्रीय जूरी में भी महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित की जाए।

बेशक कई महिलाओं को पुरस्कार मिले हैं पर जूरी में भी उनका प्रतिनिधित्व होना चाहिए। राष्ट्रपति ने कहा कि हर क्षेत्र में महिलाओं का नजरिया शामिल करने से एक समग्र मानवीय दृष्टिकोण बनाना संभव होता है।

फिल्म जगत में कामगारों तथा छोटे कलाकारों, सहायकों तथा अन्य लोगों के लिए सम्मान और सामाजिक सुरक्षा की जरूरत बताते हुए मुर्मु ने फिल्म उद्योग में अपनी पहचान बनाने के लिए संघर्ष कर रहे ऐसे लोगों को सम्मान और सामाजिक सुरक्षा दोनों सुनिश्चित करने का अनुरोध किया।

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