मलेशिया से डिपोर्ट हुआ कुख्यात रवि उचानी, दिल्ली एयरपोर्ट पर हरियाणा STF ने दबोचा; दो साल से पुलिस की गिरफ्त से था बाहर
हरियाणा एसटीएफ ने कुख्यात अपराधी रवि उचानी को मलेशिया से डिपोर्ट करवाकर दिल्ली एयरपोर्ट पर गिरफ्तार किया है। वह विदेश में बैठकर भारत में आपराधिक नेटवर्क चला रहा था।
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दिल्ली एयरपोर्ट पर हरियाणा STF ने गैंगस्टर को किया गिरफ्तार। फोटो जागरण
HighLights
रवि उचानी मलेशिया से डिपोर्ट, दिल्ली एयरपोर्ट पर एसटीएफ ने दबोचा।
विदेश में बैठकर भारत में आपराधिक नेटवर्क चला रहा था कुख्यात अपराधी।
शूटरों की व्यवस्था कर कई राज्यों में बड़ी वारदातों को अंजाम दिया।
जागरण संवाददाता, अंबाला। विदेश में बैठकर भारत में आपराधिक नेटवर्क संचालित करने के आरोपित कुख्यात अपराधी रवि उर्फ रवि उचानी को हरियाणा पुलिस के विशेष कार्य बल (एसटीएफ) की अंबाला इकाई ने मलेशिया से डिपोर्ट करवाकर भारत ला गिरफ्तार कर लिया। आरोपित को शुक्रवार को नई दिल्ली स्थित इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर गिरफ्तार किया गया।
एसटीएफ के अनुसार रवि विदेश में बैठकर भारत में वारदातों के लिए शूटरों की व्यवस्था करता था और उन्हें पैसे का लालच देकर अपराध के लिए तैयार करवाता था। पुलिस अब उसके नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और देश के अलग-अलग हिस्सों में हुई वारदातों के संबंध में पूछताछ कर रही है।
आरोपित रवि उर्फ रवि उचानी पुत्र धर्मपाल, गांव उचानी, थाना सदर करनाल, जिला करनाल का रहने वाला है। उसके खिलाफ थाना सदर थानेसर, कुरुक्षेत्र में अभियोग संख्या 732 दिनांक 19 दिसंबर 2025 दर्ज है। इसमें बीएनएस की धारा 111(3), 111(4), 3(5) और आर्म्स एक्ट की धारा 25(6) के तहत मामला दर्ज है।
मार्च 2024 में टूरिस्ट वीजा पर गया था मलेशिया
एसटीएफ की जांच के अनुसार रवि मार्च 2024 में टूरिस्ट वीजा पर मलेशिया गया था। पुलिस का दावा है कि वहां कम समय में अधिक पैसा कमाने के लालच में वह संगठित अपराध से जुड़े एक सिंडिकेट के संपर्क में आया और इसके बाद भारत में आपराधिक गतिविधियों को संचालित करने लगा। विदेश में बैठकर वह स्थानीय युवाओं को बहला-फुसलाकर और पैसे का लालच देकर शूटर के तौर पर तैयार करता था।
पुलिस के मुताबिक, रवि का काम केवल शूटर उपलब्ध कराने तक सीमित नहीं था। वह वारदात को अंजाम देने वाले युवकों के ठहरने, आने-जाने और अन्य लॉजिस्टिक्स का खर्च भी उपलब्ध करवाता था। इसी नेटवर्क के जरिए हरियाणा समेत दूसरे राज्यों में वारदात की योजना तैयार की जाती थी।
रेवाड़ी-नारनौल हाईवे पर टोल प्लाजा पर फायरिंग में शूटर देने का आरोप
जांच में सामने आया है कि रेवाड़ी-नारनौल हाईवे स्थित एक टोल प्लाजा पर रंगदारी/फिरौती की नीयत से की गई फायरिंग की घटना के लिए भी आरोपित ने शूटर उपलब्ध करवाए थे। इसके अलावा कुरुक्षेत्र और झारखंड के रांची में बड़ी वारदातों को अंजाम देने के लिए भी शूटरों की व्यवस्था किए जाने का पुलिस ने दावा किया है।
कुरुक्षेत्र मामले में एसटीएफ पहले ही चार शूटरों को गिरफ्तार कर चुकी है। उनके कब्जे से तीन अवैध देशी पिस्तौल और सात जिंदा कारतूस बरामद किए गए थे। अब पुलिस रवि से यह पता लगाने में जुटी है कि इन वारदातों के पीछे पूरा नेटवर्क किस तरह काम करता था और इसमें कौन-कौन लोग शामिल हैं।
जयपुर में तीन करोड़ की रंगदारी का भी मामला
एसटीएफ के अनुसार वर्ष 2026 में राजस्थान के जयपुर के मालवीय नगर क्षेत्र में तीन करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने के मामले में भी रवि के खिलाफ बीएनएस और आईटी एक्ट के तहत केस दर्ज है। पुलिस अब इस मामले में उसकी भूमिका और विदेश में बैठे उसके संपर्कों की भी जांच कर रही है।
एलओसी और रेड कॉर्नर नोटिस के बाद मलेशिया से डिपोर्ट
एसटीएफ अंबाला के अनुसार रवि की आपराधिक गतिविधियों में सीधी संलिप्तता सामने आने के बाद उसके खिलाफ लुक आउट सर्कुलर (एलओसी) और रेड कॉर्नर नोटिस (आरसीएन) जारी करवाया गया था। अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों के साथ समन्वय के बाद उसे मलेशिया से डिपोर्ट करवाया गया। भारत पहुंचते ही एसटीएफ अंबाला की टीम ने उसे दिल्ली एयरपोर्ट से गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तारी के बाद आरोपित को अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे पुलिस रिमांड पर लिया गया है। रिमांड के दौरान एसटीएफ उसके आपराधिक नेटवर्क, विदेश में बैठे सहयोगियों, शूटरों से संपर्क और देशभर में लंबित आपराधिक मामलों के संबंध में पूछताछ कर रही है।
एसटीएफ हरियाणा ने कहा है कि विदेश में बैठकर आपराधिक नेटवर्क संचालित करने वाले गैंगस्टरों और संगठित अपराध से जुड़े तत्वों के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
