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    दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे से कनेक्टिविटी का सपना अधूरा, धीमी रफ्तार से चल रहा मोहना एलिवेटेड निर्माण

    Updated: Sat, 08 Aug 2026 02:58 AM (GMT+05:30)

    बल्लभगढ़ में मोहना एलिवेटेड मार्ग का निर्माण दो साल से धीमा है, जिससे गड्ढे और जलभराव के कारण लोगों को भारी परेशानी हो रही है। पीडब्ल्यूडी ने अब इसकी ...और पढ़ें

    बल्लभगढ़ में मोहना एलिवेटेड मार्ग का निर्माण दो साल से धीमा है। इमेज एआई

    बल्लभगढ़ में मोहना एलिवेटेड मार्ग का निर्माण दो साल से धीमा है। इमेज एआई

    HighLights

    1. मोहना एलिवेटेड मार्ग का निर्माण दो साल से धीमा।

    2. सड़क पर गड्ढे और जलभराव से आवागमन मुश्किल।

    3. नई डेडलाइन दिसंबर 2026, सुरक्षा पर सवाल।

    जागरण संवाददाता, बल्लभगढ़। मोहना एलिवेटेड मार्ग का पिछले दो वर्ष से निर्माण कार्य धीमी गति से चल रहा है। जगह-जगह पर चौड़े गड्ढे बने हुए हैं और वर्षा होने से जलभराव हो गया है। पानी निकासी को लेकर सड़क से नाली क्रास करने के लिए कई जगह पर खोदाई करके डाली हुई है। लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) को लोगों की कोई चिंता नहीं है। ग्रामीणों को आवागमन में खासी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

    पीडब्ल्यूडी 225 करोड़ रुपये की लागत से मोहना एलिवेटेड मार्ग का निर्माण कर रहा है। यह मार्ग राष्ट्रीय राजमार्ग को दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे से सीधा जोड़ेगा। जिन लोगों को इन दोनों में से किसी एक्सप्रेसवे पर जाना है, उन्हें नीचे से होकर नहीं जाना पड़ेगा। एलिवेटेड मार्ग का निर्माण कार्य जून-2024 में शुरू किया था और इसे जून 2026 में बनाकर तैयार कर देना था। जो अभी तक तैयार नहीं किया गया है।

    पिछले तीन दिन से लगातार वर्षा होने के कारण यहां से किसी वाहन से निकलना जान जोखिम में डालने से कम नहीं है। सड़क में चौड़े गड्ढे बने हुए हैं। इन गड्ढों में जलभराव हो रहा है। पानी को क्रास करके नाले में डालने के लिए जगह-जगह पर खोदाई की हुई है। जहां पर नाली बनाई जानी है। यहां पर रिफ्लेक्टर टेप लगाई हुई है और लोहे के सरिया लगाए हुए हैं तथा काफी सरिया पड़े हुए हैं। यदि लोहे के सरिया दिखाई न देने पर कोई वाहन चालक टकरा गया तो दुर्घटना का शिकार भी हो सकता है और जान भी जा सकती है।

    इन गांव और सेक्टरों के लोगों का होता है आवागमन 

    मोहना रोड से आइएमटी, सेक्टर-दो, 64,65,62,63 और दर्जनों रिहायाशी कालोनियों तथा चंदावली, मुजैड़ी, नवादा, बुखारपुर, मच्छगर, दयालपुर, सोतई, बहबलपुर, लढौली, शाहपुर कलां, जुन्हैड़ा, कौराली, अटाली, चांदपुर, मोठूका, नंगला, अरुआ, छांयसा, नरहावली, पन्हैड़ा खुर्द, पन्हैड़ा कलां, नरियाला, हीरापुर, मोहना, छांयसा, गढ़खेड़ा, नरहावली, अटेरना, जवां, फतेहपुर बिल्लौच, ककड़ीपुर, डीग, पीएम डीग, सागरपुर, असावटी, सुनपेड़, साहूपुरा, मलेरना और यमुना पार खादर के 15 गांवों का आवागमन होता है।

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    तीन दिन से लगातार वर्षा होने के कारण मोहना एलिवेटेड मार्ग का निर्माण कार्य चलते कीचड़ और फिसलन बनी हुई है। कई बार वाहन चालक फिसल कर गिरने से चोटिल हो जाते हैं।
    -नितिन पांचाल

    पीडब्ल्यूडी पिछले दो वर्ष से मोहना एलिवेटेड मार्ग को बनाने में जुटा है। कार्य इतनी धीमी गति से चल रहा है कि पता नहीं कितने दिन में जाकर मार्ग बनकर तैयार होगा और लोगों की परेशानी दूर होगी।
    -शाहरुख खान

    मोहना एलिवेटेड मार्ग का निर्माण कार्य चलने के कारण जगह-जगह पर खोद कर डाला हुआ है। इन गड्ढों में कोई किसी दिन गिर कर मर सकता है। विभागीय अधिकारियों को लोगों की कोई चिंता नहीं है।
    -रोहित

    अधीक्षक अभियंता मनोज ओला ने अब एलिवेटेड मार्ग को तैयार करने की दिसंबर-2026 डेड लाइन तय कर दी है। लोगों को ज्यादा दिन परेशानी नहीं होगी। यहां पर जो गड्ढे बने हुए हैं और जहां पर जलभराव हो रहा है, वर्षा बंद होने के बाद इन्हें ठीक करा दिया जाएगा।
    -प्रकाशलाल, कार्यकारी अभियंता पीडब्ल्यूडी