यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 15, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Haryana Crime News: जब तक नहीं टूटी युवक की सांस तब तक पीटते रहे बदमाश, शव अस्पताल में छोड़ फरार; ये वजह आई सामने
बहादुरगढ़ में एक दर्दनाक हादसा सामने आया है। जहां पर पर मेहनत मजदूरी करने वाले युवक को लाठी-डंडों से मरते दम तक पीटा गया। बाद में हमलावर शव को सिविल अ ...और पढ़ें

जागरण संवाददाता, बहादुरगढ़। शहर की डेहा कालोनी में रविवार शाम को कुछ युवकों ने लाठी व डंडों से पीट-पीटकर एक मेहनत-मजदूरी करने वाले एक 29 वर्षीय युवक की हत्या कर दी। युवक की दुकान में बंद करके करीब चार-पांच घंटे तक लगातार पिटाई की गई है। युवक के शरीर पर पिटाई के कई निशान हैं।
इसके बाद आरोपित शव को सिविल अस्पताल में छोड़कर फरार हो गए। अस्पताल से सूचना पाकर स्वजन मौके पर पहुंचे और पुलिस को इसकी सूचना दी। थाना शहर पुलिस ने मृतक के छोटे भाई आयुष की शिकायत पर सात युवकों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। आरोपित अभी फरार हैं। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
कबीर बस्ती निवासी करण पुत्र धन सिंह तीन भाई बहनों में दूसरे नंबर का था और मेहनत-मजदूरी करता था। करण करीब दो साल से दुर्गा कालोनी निवासी अनिल पुत्र राजकुमार के पास रहता था। अनिल डेहा बस्ती में सिविल अस्पताल के पीछे परचून की दुकान चलाता है। करण के भाई आयुष ने बताया कि अनिल परचून की दुकान की आड़ में गांझा व स्मैक बेचने का काम करता है।
रविवार शाम को उसे सूचना मिली कि करण सिविल अस्पताल में मृत अवस्था में लाया गया है। जो लड़के उसे लेकर यहां आए थे वे अस्पताल से तुरंत फरार हो गए हैं। इसके बाद मैंने अनिल की दुकान पर जाकर जांच की तो पता चला कि मेरे भाई को दुर्गा कालोनी निवासी अनिल पुत्र राजकुमार, सोनू व मोनू पुत्र रामसूरत यादव व राजू, नवीन, रितिक और सुधीर ने मिलकर लाठी डंडों व लात घूसों से पीट-पीटकर करण की हत्या की है और फिर शव को सिविल अस्पताल में छोड़कर भाग गए हैं।
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करण की पीठ, पैर, कूल्हों पर चोट के निशान हैं। आयुष ने बताया कि करण को अनिल व उसके साथियों ने दुकान में बंद करके करीब चार-पांच घंटे तक लगातार मरते दम तक पीटा है। जब उसके शरीर में जान नहीं रही तब वे सभी करण के शव को सिविल अस्पताल में छोड़कर फरार हो गए। करण की हत्या के कारण का पता नहीं चल सकता है।
फिलहाल इतना ही पता चला है कि अनिल व उसके दोस्त करण से पुरानी रंजिश रखते थे। यह रंजिश क्या थी और अचानक से ऐसा क्या हुआ कि उन्होंने करण की हत्या कर दी। इस बात का पता आरोपितों की गिरफ्तारी के बाद ही चलेगा। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है।