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हरियाणा में अपने ही आदेशों से मुकरा शिक्षा निदेशालय, RTI उल्लंघन करने वाले 1107 निजी स्कूलों पर नहीं गिरेगी गाज

Published: Sun, 09 Aug 2026 01:36 PM (IST)

शिक्षा निदेशालय ने आरटीई के तहत 1107 ब्लैकलिस्ट निजी स्कूलों पर कार्रवाई से इनकार कर दिया है, जिससे गरीब बच्चों के दाखिले पर संकट आ गया है।

RTI उल्लंघन करने वाले 1107 निजी स्कूलों पर नहीं गिरेगी गाज (प्रतीकात्मक फोटो)

RTI उल्लंघन करने वाले 1107 निजी स्कूलों पर नहीं गिरेगी गाज (प्रतीकात्मक फोटो)

HighLights

  1. शिक्षा निदेशालय ने 1107 ब्लैकलिस्ट स्कूलों पर कार्रवाई से किया इनकार।

  2. गरीब बच्चों के आरटीई दाखिले पर मंडराया संकट, न्याय नहीं।

  3. निदेशालय अपने ही पूर्व आदेशों से मुकरा, नियमों का उल्लंघन।

चेतन वर्मा, हिसार। आरटीई (शिक्षा का अधिकार) के तहत निजी स्कूलों में दाखिला लेने की चाह रखने वाले गरीब वर्ग के बच्चों से एक बार फिर खिलवाड़ हुआ है। निजी स्कूलों में सीटें अलाट होने के बावजूद न बच्चे दाखिला ले सकेंगे और न ही पढ़ाई कर सकेंगे।

कारण यह है कि ब्लैक लिस्ट 1107 निजी स्कूलों पर कार्रवाई करने से शिक्षा निदेशालय ने इन्कार कर दिया है। साथ ही 30 दिन पहले दिए गए अपने ही आदेशों को झुठलाने में जुट गया है।

अब आदेश पत्र में लिखा है कि आरटीई नियम के तहत सीटें न दिखाने वाले निजी स्कूलों के एमआइएस पोर्टल अस्थाई तौर पर बंद किए हैं, जिसे कभी भी खोला जा सकता है। शिक्षा निदेशालय व निजी स्कूलों के बीच आखिरकार गरीब वर्ग के बच्चे पिसकर रह गए हैं। इससे स्पष्ट होता है कि आरटीई नियम का उल्लंघन करने वाले निजी स्कूलों पर इस बार भी कोई गाज नहीं गिरेगी।

विधानसभा सत्र में उठा था मुद्दा

विधानसभा सत्र में भी आरटीई के तहत गरीब वर्ग के अधिकांश विद्यार्थियों को निजी स्कूलों में दाखिला न मिलने का मुद्दा उठा था। विपक्षी पार्टी ने आंकड़े सहित लाभ प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों और लाभ से वंचित विद्यार्थियों के आंकड़े पेश किए, जिस पर शिक्षा निदेशालय किसी भी सवाल का संतोषजनक जवाब नहीं दे सके।

प्रदेश के शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा ने नए शैक्षणिक सत्र से आरटीई के तहत नियम को पूर्णत: लागू करने का आश्वासन दिया था। लेकिन इस बार भी वह हवा-हवाई साबित हो रहा है।

ब्लैकलिस्ट निजी स्कूलों का जिलावार ब्योरा
जिला निजी स्कूलों की संख्या
अंबाला 20
भिवानी 76
चरखी दादरी 23
फरीदाबाद 70
फतेहाबाद 10
गुरुग्राम 99
हिसार 98
झज्जर 28
जींद 67
कैथल 162
करनाल 57
कुरुक्षेत्र 22
महेंद्रगढ़ 33
नूंह 15
पलवल 30
पंचकूला 14
पानीपत 92
रेवाड़ी 16
रोहतक 63
सिरसा 16
सोनीपत 45
यमुनानगर 51
कुल 1107

ये सवाल उठ रहे

  • 30 दिन बाद आखिरकार शिक्षा निदेशालय ने ब्लैकलिस्ट निजी स्कूलों पर कार्रवाई करने से क्यों कतराने लगा है।
  • शिक्षा निदेशालय व निजी स्कूलों के बीच फंसे गरीब वर्ग के विद्यार्थियों को क्या इस बार अलाट स्कूलों में दाखिला मिल पाएगा?
  • निदेशालय ने जिन गैर-मान्यता प्राप्त निजी स्कूलों पर कार्रवाई करने के आदेश दिए, वे कौन से स्कूल हैं।
  • क्या शिक्षा निदेशालय ने निजी स्कूलों की यूनियन का दबाव मान लिया है।
  • जुर्माना भरने के बाद क्या निजी स्कूलों में आरटीई के तहत गरीब वर्ग के बच्चों को दाखिला मिलेगा?


पंचकूला के शिक्षा निदेशालय मौलिक शिक्षा निदेशक मनिता मलिक ने कहा कि हमने आरटीई के तहत सीटें न दिखाने वाले निजी स्कूलों के एमआइएस पोर्टल बंद किए हैं। उच्च अधिकारियों के आदेशों के बाद आगामी कार्रवाई की जाएगी।