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    हरियाणा: नाबालिग से छेड़छाड़ और उत्पीड़न के मामले में दोषी को 3 साल की सजा, 50000 रुपये का जुर्माना

    Updated: Wed, 05 Aug 2026 03:20 PM (IST)

    झज्जर की विशेष अदालत ने नाबालिग से छेड़छाड़ और उत्पीड़न के मामले में दोषी को 3 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। ...और पढ़ें

    नाबालिग से छेड़छाड़ और उत्पीड़न के मामले में दोषी को 3 साल की सजा (File Photo)

    नाबालिग से छेड़छाड़ और उत्पीड़न के मामले में दोषी को 3 साल की सजा (File Photo)

    HighLights

    1. दोषी को 3 साल का कठोर कारावास मिला।

    2. पीड़िता को 50,000 रुपये मुआवजा देने का आदेश।

    3. मामला झज्जर की विशेष अदालत में चला।

    जागरण संवाददाता, झज्जर। झज्जर की विशेष अदालत ने एक नाबालिग लड़की से छेड़छाड़, मारपीट, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी देने के मामले में फैसला सुनाते हुए दोषी को 3 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है।

    इसके साथ ही अदालत ने दोषी पर जुर्माना लगाया है और पीड़िता को 50,000 रुपये का मुआवजा देने का आदेश जारी किया है। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश (विशेष अदालत) मोना सिंह की अदालत ने फैसला सुनाते हुए कहा कि ऐसे मामलों में समाज की न्याय की पुकार को सुना जाना अत्यंत आवश्यक है।

    बादली थाना क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली महिला ने 3 मार्च 2023 को पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के अनुसार, उनका पड़ोसी हथियार लेकर उनके घर के बाहर घूमता था, मारपीट करता था, गंदी गालियां देता था और उनकी बेटी को गलत नजर से भी देखता था व जान से मारने की धमकी देता था। महिला की शिकायत पर पुलिस ने एफआइआर दर्ज कर जांच शुरू की थी।

    अदालत में राज्य सरकार की तरफ से लोक अभियोजक किरण चौधरी ने मजबूत पक्ष रखा। अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें और सबूतों का अध्ययन करने के बाद आरोपित को दोषी ठहराया था।

    साथ ही दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 357-ए के तहत ''पीड़ित मुआवजा कोष'' से पीड़िता को 50,000 रुपये की मुआवजा राशि प्रदान करने का आदेश दिया। यह राशि जिला कानूनी सेवाएं प्राधिकरण (डीएलएसए), झज्जर द्वारा तुरंत जारी की जाएगी।

    सजा का विवरण

    • पोक्सो एक्ट (धारा 12): 3 वर्ष का कठोर कारावास व 5,000 जुर्माना (अदा न करने पर 3 माह का अतिरिक्त साधारण कारावास)।
    • आईपीसी धारा 509: 2 वर्ष का साधारण कारावास व 2,000 जुर्माना (अदा न करने पर 2 माह का अतिरिक्त साधारण कारावास)।
    • आईपीसी धारा 201: 9 माह का साधारण कारावास व 1,000 जुर्माना (अदा न करने पर 1 माह का अतिरिक्त साधारण कारावास)।
    • आईपीसी धारा 323 व 506: दोनों धाराओं में 1-1 वर्ष का साधारण कारावास।
    • आईपीसी धारा 341: 1 माह का साधारण कारावास।
    • (सभी सजाएं एक साथ चलेंगी।)