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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 16, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

कैथल में SSC के नाम पर नौकरी लगवाने के नाम पर 13 लाख रुपये की धोखाधड़ी, पास होने की जाली रिपोर्ट दिखाकर ठगे

By Jagran NewsEdited By: Nidhi Vinodiya
Updated: Wed, 16 Aug 2023 10:59 AM (IST)

SSC पेपर पास करवा कर आयकर विभाग में नौकरी लगवाने के नाम पर 13 लाख 18 हजार रुपये की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। इस आरोप में थाना सिविल लाइन पुलिस न ...और पढ़ें

कैथल में SSC के नाम पर नौकरी लगवाने के नाम पर 13 लाख रुपये की धोखाधड़ी
कैथल में SSC के नाम पर नौकरी लगवाने के नाम पर 13 लाख रुपये की धोखाधड़ी

कैथल, जागरण संवाददाता। स्टाफ सेलेक्शन कमीशन (SSC Paper) का पेपर पास करवा कर आयकर विभाग में नौकरी लगवाने के नाम पर 13 लाख 18 हजार रुपये की धोखाधड़ी का मामला सामने (13 Lakh Fraud Case in Kaithal) आया है। इस आरोप में थाना सिविल लाइन पुलिस ने मां-बेटा सहित छह लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।

भगत सिंह कालोनी करनाल रोड निवासी दीपक ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह गुरुकुल एकेडमी में कोचिंग ले रहा था। इसी दौरान उसकी पहचान अंबेडकर कालोनी निवासी राजेश से हुई। राजेश ने उसे घर जाकर अपने पिता व मां से भी मिलवाया। इस दौरान राजेश ने उससे कई बार रुपये लिए और वापस लौटा दिए।

कहा- उपर तक है जानपहचान

राजेश ने उसे विश्वास में लेकर बताया कि दिल्ली में रहने वाले रेलवे के अधिकारी अश्विनी से उसकी अच्छी जान पहचान है, जिसकी आगे एसएससी के चेयरमैन से पहचान है। उसने अश्विनी के साथ मिलकर कई लड़कों को नौकरी लगवाया है। दीपक ने बताया कि उसने वर्ष 2021 में एसएससी के माध्यम से नौकरी के लिए आवेदन किया और 19 अप्रैल 2022 को पहला पेपर दिया। इसका पता राजेश को चल गया। राजेश ने उसे बताया कि उसने अश्विनी से बात कर ली है। वह उसे पेपर पास करवा कर नौकरी लगवाने की पूरी जिम्मेदारी लेते हैं। उसने अपनी भी नौकरी लगने की फाइनल लिस्ट भी उसे दिखाई।

15 लाख में नौकरी लगवाने का दिया झांसा

शिकायतकर्ता के अनुसार राजेश ने उसे 15 लाख रुपये में नौकरी लगवाने की जिम्मेदारी ली। जब उसने कहा कि वह एक साथ इतने रुपए नहीं दे सकता तो राजेश ने कहा कि दो तीन बार में रुपए देने हैं। पेपर पास करवाने का पूरा विश्वास देकर राजेश ने उससे तीन लाख रुपये मांगे। जो उसने दे दिए। राजेश में उसे दो जुलाई 2022 को बताया कि अगले दिन उसके पेपर का रिजल्ट आने वाला है। राजेश ने तीन जुलाई को उसके पेपर पास होने की लिस्ट का स्क्रीनशॉट उसके मोबाइल पर भेज दिया।

Google Pay के माध्यम से भेजे पैसे

कुछ दिन बाद उसने दूसरा पेपर पास करवाने के लिए पांच लाख रुपये मांगे, जो उसने उसकी मां और परिवार पर विश्वास करके दे दिए। राजेश ने फोन पर कई बार बातें करवाई। 20 अक्टूबर 2022 को राजेश ने बताया कि उसका दूसरा पेपर भी पास हो गया है। उसने पांच लाख रुपये मांगे जो उसने गूगल पे के माध्यम से उसके बैंक अकाउंट में डलवा दिए। एसएससी के पास अन्य उम्मीदवारों के पास तो डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन का नोटिस आया, लेकिन उसके पास नहीं आया।

फर्जी बनाई थी रिपोर्ट

इस पर उसे राजेश पर शक हुआ तो पूछा, लेकिन वह टालमटोल करता रहा। 17 मार्च 2023 को फाइनल लिस्ट में भी उसका नाम नहीं आया। बाद में राजेश ने अपनी मां व भाई के पास बैठकर उसे बताया कि जो लिस्ट उसने भेजी थी है, उसने अपनी बुआ के लड़के गुरमीत के कामन सर्विस सेंटर में बैठकर फर्जी बनाई थी और उसमें रोल नंबर एडिट किया था। पुलिस ने दीपक की शिकायत पर राजेश उसके भाई विजेंद्र, मां माली देवी, बुआ के लड़के गुरमीत, दिल्ली निवासी अश्विनी, उसके मौसा व मौसी के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है।