यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 14, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Haryana News: 'प्रदेश में अपराधियों का बोलबाला', दुष्यंत चौटाला बोले- CM को बड़े साहब से पूछकर चलानी पड़ रही सरकार
Haryana News हरियाणा के पूर्व उपमुख्यमंत्री दुष्यंंत चौटाला ने सीएम नायब सैनी पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में लुटेरों और भ्रष्टाचारि ...और पढ़ें

HighLights
- खुले घूम रहे जजपा नेता रविंद्र सैनी के हत्यारे: दुष्यंत चौटाला
- अस्पतालों के डॉक्टरों पर भी किया जा रहा जुर्म: पूर्व उपमुख्यमंत्री
राज्य ब्यूरो, चंडीगढ़। हरियाणा के पूर्व उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला (Dushyant Chautala) ने कहा है कि 90 दिन के बाद भी मुख्यमंत्री नायब सैनी (CM Nayab Saini) को बड़े साहब से पूछकर क्यों सरकार चलानी पड़ रही है। आज प्रदेश में अपराधियों, भ्रष्टाचारियों और लुटेरों का बोलबाला है।
पार्टी मुख्यालय में शनिवार को मीडिया से बातचीत में दुष्यंत ने कहा कि मुख्यमंत्री को स्पष्ट करना चाहिए कि जिन फैसलों को वे बदल रहे हैं, क्या उन्हें पूर्व मुख्यमंत्री ने गलत लिया था।
हांसी में सैनी के हत्यारे पुलिस की पकड़ से बाहर: दुष्यंत चौटाला
कानून व्यवस्था का इतना बुरा हाल है कि सरेआम फिरौती, डकैती, फायरिंग, हत्या जैसी घटनाएं हो रही हैं। हांसी में जजपा नेता रविंद्र सैनी के हत्यारे पुलिस की पकड़ से बाहर हैं। अपराधियों पर सख्त एक्शन क्यों नहीं लिया जा रहा।
डॉक्टर हड़ताल पर जाने की दे रहे चेतावनी: पूर्व उपमुख्यमंत्री
पूर्व उपमुख्यमंत्री ने कहा कि आयुष्मान भारत योजना का बकाया न मिलने से निजी अस्पतालों के डॉक्टर हड़ताल पर रहे। एक तरफ सरकार उनकी पेमेंट नहीं कर रही है और ऊपर से किडनी, लीवर ट्रांसप्लांट करवाने का वादा कर रही है। अब प्रदेश के चार हजार सरकारी डॉक्टर भी 15 जुलाई को हड़ताल पर जाने की चेतावनी दे रहे हैं।
हर फैसले पर यू-टर्न क्यों: चौटाला
दुष्यंत चौटाला ने कहा कि परिवार पहचान पत्र और प्रापर्टी आईडी में ढील देने की बात सीएम कह रहे हैं। पूर्व सीएम मनोहर लाल के हर फैसले पर यू-टर्न क्यों लिया जा रहा है।
खबरें और भी
प्रापर्टी आइडी पर श्वेत पत्र जारी करना चाहिए क्योंकि प्रापर्टी आईडी में भ्रष्टाचार फैलाया जा रहा है। सरकार बताए कि पिछले दो महीने से कितनी आईडी की संशोधन की प्रार्थना पेंडिंग पड़ी है और कितनी प्रापर्टी आईडी को पांच मिनट में ही बदल दिया गया।