Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 31, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Haryana: मल्लिकार्जुन खरगे ने संभाला कांग्रेसियों को एकजुट करने का जिम्मा, नई दिल्ली में होगी अहम बैठक

    By Anurag AggarwaEdited By: MOHAMMAD AQIB KHAN
    Updated: Mon, 31 Jul 2023 08:51 PM (IST)

    Haryana Congress हरियाणा में लोकसभा चुनाव जीतने के लक्ष्य के साथ पार्टी के वरिष्ठ नेताओं को एकजुट करने की कमान कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने स ...और पढ़ें

    मल्लिकार्जुन खरगे ने संभाला कांग्रेसियों को एकजुट करने का जिम्मा : जागरण
    मल्लिकार्जुन खरगे ने संभाला कांग्रेसियों को एकजुट करने का जिम्मा : जागरण

    चंडीगढ़, जागरण संवाददाता: हरियाणा में लोकसभा चुनाव जीतने के लक्ष्य के साथ पार्टी के वरिष्ठ नेताओं को एकजुट करने की कमान कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे से स्वयं सभाल ली है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने हरियाणा कांग्रेस के सभी प्रमुख नेताओं को तीन अगस्त को बातचीत के लिए दिल्ली बुलाया है।

    कांग्रेस के नए प्रभारी दीपक बाबरिया की नियुक्ति के बाद इतने बड़े स्तर पर राज्य के कांग्रेस दिग्गजों की यह पहली बैठक होने वाली है। बैठक में कांग्रेस नेता राहुल गांधी और पार्टी प्रभारी दीपक बाबरिया भी शामिल होंगे।

    हरियाणा में कांग्रेस दो गुटों में बंटी हुई है। एक गुट पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा का है तो दूसरे गुट में कांग्रेस महासचिव रणदीप सिंह सुरजेवाला, कुमारी सैलजा और किरण चौधरी शामिल हैं। प्रदेश में हुड्डा गुट विपक्ष आपके समक्ष और जन मिलन कार्यक्रमों का आयोजन कर रहा है, जबकि हुड्डा विरोधी गुट विभिन्न मुद्दों पर जनसभाएं और प्रेस कान्फ्रेंस का आयोजन कर रहा है।

    कांग्रेसियों की गुटबाजी के बीच पार्टी प्रभारी दीपक बाबरिया ने नई दिल्ली में लोकसभा स्तर पर फीडबैक लेने का सिलसिला आरंभ कर रखा है। बाबरिया अभी तक गुरुग्राम, फरीदाबाद, करनाल और सोनीपत संसदीय क्षेत्र के पार्टी नेताओं की बैठकें ले चुके हैं।

    पिछले 10 साल से कांग्रेस का नहीं बन पाया संगठन 

    हरियाणा में पिछले 10 साल से कांग्रेस का संगठन नहीं बन पाया है। बाबरिया इस कोशिश में हैं कि राज्य में ऐसे प्रदेश और जिला स्तरीय संगठन का गठन किया जो, जो सर्वमान्य हो, लेकिन अभी तक उन्हें इसमें सफलता नहीं मिल पाई है। सत्तारूढ़ भाजपा व जेजेपी लगातार कांग्रेस पर इस बात का दबाव बना रहे हैं कि प्रमुख विपक्षी दल के नाते कांग्रेस आज तक अपने संगठन का निर्माण तक नहीं कर पाई है। ऐसे में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के समक्ष राज्य में कांग्रेस संगठन का मुद्दा प्रभावी ढंग से उठने की उम्मीद है।

    खबरें और भी

    भाजपा और कांग्रेस दोनों का सभी लोकसभा सीटों पर जीत का दावा 

    कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे द्वारा तीन अगस्त को ली जाने वाली राज्य के कांग्रेस नेताओं की बैठक इसलिए ज्यादा महत्वपूर्ण है, क्योंकि प्रदेश में अगले साल लोकसभा चुनाव और उसके तुरंत बाद अक्टूबर में विधानसभा चुनाव होने हैं। भाजपा ने राज्य की सभी 10 लोकसभा सीटों पर जीत का दावा कर रखा है। कांग्रेस भी यही दावा कर रही है, लेकिन बड़ा सवाल यह खड़ा हो रहा कि कांग्रेस नेताओं में गुटबाजी के बावजूद लोकसभा चुनाव में कांग्रेस की जीत कैसे संभव हो जाएगी।

    कांग्रेस के चारों कार्यकारी प्रधान भी होंगे बैठक में शामिल

    मल्लिकार्जुन खरगे द्वारा जहां राज्य के कांग्रेसियों को एक मंच पर आकर पार्टी की जीत के निर्देश दिए जाएंगे, वहीं अनुशासनहीनता बरतने वाले नेताओं के पर कतरने की चेतावनी भी दी जा सकती है। इस बैठक में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के साथ प्रदेश अध्यक्ष चौधरी उदयभान और सांसद दीपेंद्र हुड्डा समेत कुछ विधायक भागीदारी करेंगे, जबकि हुड्डा विरोधी खेमे की ओर से कुमारी सैलजा, रणदीप सुरजेवाला और किरण चौधरी के साथ कैप्टन अजय यादव भाग लेंगे।

    हरियाणा कांग्रेस के चार कार्यकारी प्रधान हैं, जिनमें जितेंद्र भारद्वाज पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा गुट के हैं। तीन कार्यकारी प्रधानों में सुरेश गुप्ता मतलौड़ा कांग्रेस महासचिव रणदीप सुरजेवाला, श्रुति चौधरी कांग्रेस विधायक दल की पूर्व नेता किरण चौधरी की बेटी हैं तो चौधरी रामकिशन गुर्जर को कुमारी सैलजा के गुट का माना जाता है। इस गुट की तरफ से भी बैठक में कुछ विधायकों के शामिल होने की संभावना है।