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गोहाना में एक करोड़ की जमीन अब 10 करोड़ की, हाईवे-बाईपास के आसपास तेजी से बढ़े प्रॉपर्टी के भाव

Published: Tue, 22 Sep 2026 06:48 PM (IST)

गोहाना में हाईवे और बाईपास के पास जमीन की कीमतें तेजी से बढ़ी हैं, जो छह-सात साल में 1 करोड़ ...और पढ़ें

रोहतक-पानीपत हाईवे के पास जमीन जहां पर अवैध प्लाॅटिंग करने पर बुलडोजर चल चुका है। जागरण

रोहतक-पानीपत हाईवे के पास जमीन जहां पर अवैध प्लाॅटिंग करने पर बुलडोजर चल चुका है। जागरण

HighLights

  1. गोहाना में हाईवे किनारे जमीन के भाव में भारी वृद्धि।

  2. छह-सात साल में 1 करोड़ से 10 करोड़ प्रति एकड़ हुए दाम।

  3. शहरी विकास और हाईवे जुड़ाव मुख्य कारण, अवैध प्लॉटिंग भी बढ़ी।

जागरण संवाददाता, गोहाना। शहर के आसपास हाईवे और बाईपास के नजदीक जमीन के भाव तेजी से बढ़े हैं। जिन जमीनों के भाव करीब छह-सात साल पहले एक करोड़ रुपये प्रति एकड़ के आसपास थे, उन्हीं क्षेत्रों में अब भाव सात से 10 करोड़ रुपये प्रति एकड़ तक पहुंच गए हैं। रजिस्ट्री तो तीन-चार करोड़ रुपये तक कराने की बातें सामने आ रही हैं लेकिन ऊपर के पैसे का हिसाब नकद में चल रहा है। जमीन के बढ़ते भाव के साथ प्राॅपर्टी कारोबार भी तेजी से बढ़ा है। इसके साथ ही जमीनी विवाद भी सामने आने लगे हैं।

आवासीय क्षेत्र भी विकसित किया जा रहा

रोहतक-पानीपत हाईवे के साथ हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) द्वारा दो सेक्टर विकसित किए जाने की प्रक्रिया के साथ ही आसपास की जमीन की मांग बढ़ी है। बाईपास और दो हाईवे से जुड़ाव के कारण नगर, बड़ौता, सिकंदरपुर माजरा और आसपास के गांवों की जमीन पर प्रापर्टी डीलरों की नजर है। इन क्षेत्रों में जमीन को भविष्य में विकसित होने वाले शहरी क्षेत्र से जोड़कर देखा जा रहा है। यहां पर दीनदयाल आवासीय क्षेत्र भी विकसित किया जा रहा है।

प्राइम लोकेशन के चलते बढ़े भाव

पानीपत-रोहतक हाईवे के बाईपास और गोहाना- सोनीपत हाईवे के आसपास कृषि भूमि के भाव कई स्थानों पर छह-सात वर्ष पहले काफी कम थे। सेक्टरों के चलते यह क्षेत्र प्राइम लोकेशन के रूप में उभर रहा है।

अब लोकेशन के अनुसार यही भाव सात से 10 करोड़ रुपये प्रति एकड़ तक पहुंच गए हैं। हाईवे से नजदीकी, सड़क की पहुंच और प्रस्तावित शहरी विकास के कारण जमीन के भाव में अंतर है। कुछ स्थानों पर हाईवे से दूरी और जमीन की स्थिति के अनुसार भाव इससे कम भी हैं।

अवैध प्लाॅटिंग पर कई बार चला बुलडोजर

जमीन के बढ़ते भाव के बीच कई स्थानों पर कृषि भूमि को प्लाॅटों में बांटकर बेचने के प्रयास भी हुए हैं। नगर व बड़ौता के क्षेत्र में अवैध प्लाॅटिंग के मामले सामने आने पर जिला नगर योजनाकार (डीटीपी) विभाग कार्रवाई कर चुका है। कई जगह अवैध रूप से विकसित किए गए रास्तों और निर्माणों को हटाने के लिए बुलडोजर भी चलाया गया।

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