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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 15, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    सोनीपत में कंपनियों ने अपने प्लांट में मिलाई 30 मीटर ग्रीनबेल्ट, HSIIDC अधिकारियों ने मूंदी आंखें

    By Jagran NewsEdited By: Nitin Yadav
    Updated: Fri, 15 Sep 2023 09:11 AM (IST)

    Sonipat News सोनीपत में पर्यावरण संरक्षण का वादा कर बड़ी कंपनियां नियमों का उल्लंघन कर रही हैं। मुरथल औद्योगिक क्षेत्र में बेल्जियम की कंपनी एबी इनबेव ...और पढ़ें

    सोनीपत में कंपनियों ने अपने प्लांट में मिलाई 30 मीटर ग्रीनबेल्ट।
    सोनीपत में कंपनियों ने अपने प्लांट में मिलाई 30 मीटर ग्रीनबेल्ट।

    HighLights

    1. सोनीपत में ग्रीनबेल्ट पर कंपनियों का कब्जा
    2. कंपनियों ने 30 मीटर ग्रीनबेल्ट को अपने प्लांट में मिलाया

    सोनीपत,नंदकिशोर भारद्वाज। सोनीपत में पर्यावरण संरक्षण का वादा कर बड़ी कंपनियां नियमों का उल्लंघन कर रही हैं। मुरथल औद्योगिक क्षेत्र में बेल्जियम की कंपनी एबी इनबेव (हरियाणा ब्रेवरीज) और बीके आनंद फूड्स प्रा. लि. ने सड़क के किनारे छोड़ी गई 30-30 मीटर की ग्रीनबेल्ट को ऊंची चारदीवारी करते हुए अपने प्लांट में मिला लिया है। बेल्जियम की कंपनी बीयर बनाती है।

    प्लांट से निकले दूषित पानी से ग्रीनबेल्ट के सैकड़ों पेड़ पहले ही सूख गए। इसके बाद ग्रीनबेल्ट भी उजड़ गई। तब कंपनी ने ऊंची चारदीवारी कर ग्रीनबेल्ट की जमीन को प्लांट के अंदर ले लिया। इसे देखते हुए मिल्क प्लांट ने भी ऊंची चारदीवारी कर ग्रीनबेल्ट की जमीन को अपने प्लांट में मिला लिया।

    इस ग्रीनबेल्ट में सफेदे के बड़े पेड़ मौजूद हैं। इसके लिए एचएसआइआइडीसी के अधिकारी जिम्मेदार हैं, जो आज तक ये नहीं देखने गए कि ग्रीनबेल्ट बची है या अतिक्रमण हो गया। मुरथल से सोनीपत रोड पर मुरथल औद्योगिक क्षेत्र में कई बड़ी फैक्ट्रियां हैं। इनमें बेल्जियम की कंपनी एबी इनबेव (हरियाणा ब्रेवरीज) और बीके आनंद फूड्स प्रा. लि. नाम से दूध प्लांट भी हैं। ये दोनों प्लांट 20-20 एकड़ से अधिक जमीन पर हैं।

    मुख्य सड़क पर इनका बड़ा हिस्सा लगता है। डीटीपी के पास मौजूद मास्टर प्लान के नक्शे में पर्यावरण संरक्षण के लिए मुरथल से सोनीपत रोड पर दोनों ओर 30-30 मीटर चौड़ी ग्रीनबेल्ट दिखाई गई है। इसमें हजारों पेड़ मौजूद हैं। एबी इनबेव (हरियाणा ब्रेवरीज) से निकले केमिकल युक्त दूषित पानी से ग्रीनबेल्ट के सैकड़ों पेड़ सूखकर नष्ट हो गए। अब कंपनी ने 10-12 फुट ऊंची चारदीवारी करते हुए ग्रीनबेल्ट की जमीन को अपने प्लांट के अंदर मिला लिया है।

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    इसे देखते हुए बीयर फैक्ट्री के सामने मौजूद दूध पैक करने वाली बीके आनंद फूड्स प्रा. लि. ने भी ऐसा ही किया। कंपनी ने अपनी चारदीवारी को ऊंचा करते हुए ग्रीनबेल्ट में मौजूद पेड़ों और पूरी जमीन को अपने प्लांट में शामिल कर लिया है। कंपनी में रोजाना 90-90 हजार लीटर दूध से भरे दर्जनों टैंकर गुजरात से पहुंचते हैं। इस दूध को पैक कर वापस भेजा जाता है।

    पहले तारबंदी थी, बाद में पक्की चारदीवारी की

    बीयर बनाने वाली कंपनी जीरो वेस्ट निकलने का दावा करती है, लेकिन इससे रोजाना हजारों लीटर दूषित पानी निकलता है। कंपनी ने इस पानी को खपाने के लिए वाष्पीकरण प्लांट लगा रखा है। कई फव्वारे इस पानी को हवा में वाष्प बनाकर उड़ा देते हैं।

    महीनों पहले तक मुरथल रोड से गुजरते हुए लोग इस प्लांट को देख सकते थे। कंपनी ने प्लांट के रोड साइड में तारबंदी कर रखी थी, लेकिन कुछ दिन बाद 10-12 फुट ऊंची दीवार निकाल दी गई।

    जिम्मेदारों ने आंखें फेरी

    औद्योगिक क्षेत्रों में अतिक्रमण रोकने के लिए एचएसआइआइडीसी की जिम्मेदारी होती है, पर अधिकारी आंखें मूंदे हैं। बड़ी-बड़ी कंपनियां ग्रीनबेल्ट और अन्य जगह पर अतिक्रमण कर रही हैं। अधिकारियों को पता तक नहीं है कि ग्रीनबेल्ट कितनी चौड़ी है, अतिक्रमण हटाना तो दूर की बात है।

    इस बारे में एबी इनबेव इंडिया के प्रवक्ता ने कहा कि हम हमेशा से सभी लागू कानूनों, विनियमों और मानकों के प्रति प्रतिबद्ध हैं और अनुपालन करते रहे हैं। हम अटकलों पर टिप्पणी नहीं करते हैं। जिन क्षेत्रों में हम काम करते हैं, हमारा ध्यान उन क्षेत्रों में स्थायी विनिर्माण प्रथाओं पर है और हमेशा रहा है। 

    आनंद फूड्स प्रा. लि., मुरथल के मालिक, विनोद अग्रवाल ने कहा- पहले छोटी चारदीवारी थी, इससे हमारे यहां काम करने वाले श्रमिक दूसरे लोगों को चारदीवारी के ऊपर से दूध के पैकेट पकड़ा देते थे। इससे हमें काफी नुकसान हो जाता था। इस चोरी को रोकने के लिए हमने चारदीवारी को ऊंचा कर दिया। 

    मामले पर होगी उचित कार्रवाई: नगराधीश

    वहीं, इस बारे में सोनीपत के नगराधीश, डॉ. अनमोल ने कहा- यह मामला मेरे संज्ञान में नहीं है किसी कंपनी ने ग्रीनबेल्ट की जगह को चारदीवारी करते हुए अपने प्लांट में मिला लिया है। अगर ऐसा हुआ हुआ है तो यह गलत है, मामले की जांच कराकर उचित कार्रवाई की जाएगी।

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