Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 17, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Himachal News: हिमाचल में फोरलेन हाइवे को लेकर दिल्ली में चर्चा, CM सुक्खू ने नितिन गडकरी से मिलकर किया ये आग्रह

    By Jagran News Edited By: Jagran News Network
    Updated: Wed, 17 Jul 2024 12:30 PM (IST)

    मंगलवार को दिल्ली में मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी के साथ बैठक के दौरान हिमाचल में कीरतपुर ...और पढ़ें

    सीएम सुक्खू ने नितिन गडकरी के साथ की बैठक (फाइल फोटो)
    सीएम सुक्खू ने नितिन गडकरी के साथ की बैठक (फाइल फोटो)

    HighLights

    1. सुक्खू ने गडकरी से किया फोरलेन का लंबित काम पूरा करने का आग्रह
    2. 100 करोड़ रुपये से अधिक के फोरलेन कार्यों की हुई समीक्षा
    3. बैठक में लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह भी रहे उपस्थित

    जागरण संवाददाता, मंडी। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने मंगलवार (16 जुलाई) को दिल्ली में केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी के साथ बैठक की। उन्होंने हिमाचल में फोरलेन के लंबित कार्य युद्धस्तर पर पूरा करने का आग्रह किया। हिमाचल में कीरतपुर से मनाली के बीच फोरलेन का निर्माण हो रहा है।

    प्रथम चरण में कीरतपुर से नागचला तक काम पूरा हो गया है। नागचला से मनाली के बीच अभी काम चल रहा है। पिछले साल प्राकृतिक आपदा की वजह से मंडी से मनाली के बीच निर्माणाधीन फोरलेन को भारी नुकसान हुआ था। नितिन गडकरी ने खुद आपदा से हुए नुकसान का जायजा लिया था।

    मंडी से मनाली के बीच कई सुरंगों का निर्माण प्रस्तावित है। पठानकोट-मंडी फोरलेन, पिंजौर नालागढ़ और परवाणू शिमला के बीच फोरलेन का निर्माण हो रहा है।

    बैठक में मौजूद रहे ये दिग्गज

    बैठक में लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह, मुख्यमंत्री के सलाहकार राम सुभाग सिंह, प्रधान सचिव देवेश कुमार, मुख्यमंत्री के सचिव राकेश तनवर, विशेष सचिव लोक निर्माण विभाग हरवंश सिंह ब्रेस्कान, विशेष सचिव राजस्व अनिल चौहान और राष्ट्रीय राजमार्ग के मुख्य अभियंता सुरेश कपूर भी उपस्थित रहे।

    मुख्यमंत्री सुक्खू ने गडकरी से भुभु जोत, जलोड़ी जोत का मुद्दा भी उठाया। बैठक के दौरान हिमाचल में फोरलेन से संबंधित 100 करोड़ रुपये से अधिक लागत के सभी प्रोजेक्टों की समीक्षा की गई। इस दौरान एनएचएआइ के क्षेत्रीय अधिकारी अब्दुल बासित, परियोजना निदेशक मंडी वरुण चारी समेत मंत्रालय के विरुद्ध अधिकारी भी उपस्थित रहे।

    खबरें और भी

    यह भी पढ़ें: Himachal News: गजब की तकनीक! भूस्खलन की चार से पांच घंटे पहले जानकारी देगा यह ऐप, जमीन की हलचल से कराएगा अवगत