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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 23, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Himachal Disaster: 'इतिहास की सबसे बड़ी आपदा से गुजर रहा है हिमाचल', पड्डल मैदान में बोले सीएम सुक्खू

    By Jagran NewsEdited By: Shoyeb Ahmed
    Updated: Mon, 23 Oct 2023 03:27 PM (IST)

    राज्य के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू (CM Sukhwinder Singh Sukhu) सबसे पहले मंडी के मंगवाई में विजिलेंस थाने का शिलान्यास करने वाले थे लेकिन कार्य ...और पढ़ें

    प्रदेश के सीएम सुक्खू पड्डल मैदान में संबोधन करते हुए
    प्रदेश के सीएम सुक्खू पड्डल मैदान में संबोधन करते हुए

    जागरण संवाददाता, मंडी। राज्य के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू (CM Sukhvinder Sing Sukhu) आज मंडी के मंगवाई में विजिलेंस थाने की नींव का पत्थर रखने वाले थे। बता दें कि पुनर्वास योजना के तहत जिले के आपदा प्रभावितों को राहत राशि वितरित करने के चलते पड्डल मैदान में आयोजित होने वाले कार्यक्रम में थाने की नींव रखने के बाद होना था।

    लेकिन कार्यक्रम में बदलाव के चलते सीएम पहले पड्डल मैदान में पहुंचे और लोगों को संबोधित किया। इसके बाद सीएम विजिलेंस भवन का शिलान्यास करेंगे। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू व सदर से भाजपा विधायक अनिल शर्मा आपस में बातचीत करते भी नजर आए। 

    सीएम सुक्खू ने लोगों को किया संबोधित

    सीएम सुक्खू ने पड्डल मैदान में लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि हिमाचल इतिहास की सबसे बड़ी आपदा से गुजर रहा है। इसकी कल्पना नहीं की गई थी। चुनौती बहुत बड़ी है और इसे युद्ध की तरह लड़ा जा रहा है। आठ जुलाई की रात से कुल्लू मंडी से तबाही की खबरें आना शुरू हुई। करीब दो माह तक यही क्रम चलता रहा।

    सीएम ने आगे कहा कि सभी ने एकजुट होकर आपदा से निपटने के लिए काम किया। आपदा के कारण कुल्लू में 75000 पर्यटक फंसे थे। बिजली पानी व मोबाइल की कनेक्टिविटी नहीं थी। पर्यटक हमारे मेहमान थे। आपदा में दोनों जिलों के प्रशासन ने लोगों के रहने व खाने की व्यवस्था की और पर्यटकों को कोई दिक्कत नहीं आने दी।

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    आपदा के चलते सरकार ने कोई अराजकता नहीं होने दी। प्रशासन को सड़कें बहाल करने के लिए के सरकार के पास जितना धन था उसे प्रशासन को दिया। अभी एक आपदा से उभरे ही थे की अगस्त में आपदा ने फिर कहर बरपा दिया।

    15 अगस्त की घटना ने सभी को झकझोर दिया

    पर्यटन को बढ़ावा देने की मंशा से मनाली में 15 अगस्त का कार्यक्रम रखा गया था। शिव बाड़ी में हुए हादसे ने सभी को झकझोर कर रख दिया। प्रदेश के हर जिले से दुःखद समाचार आते रहे। सरकार ने आपदा में पार्टी नहीं इंसानियत देखी। सरकार हर पीड़ित के साथ है। हिमाचल में बड़ी मुश्किल से घर बनता है।

    हमने योजनाओं के बजट में कटौती कर 16000 प्रभावित लोगों को राहत पहुंचाने का काम किया है। अधिकारी दोगुना राहत देने पर अड़े रहे मैंने सात गुना करवाई। सीएम ने कहा कि हम सत्ता में सुख भोगने नहीं बल्कि व्यवस्था में परिवर्तन करने के लिए आए हैं। उन्होंने कहा हमारी सरकार अनाथ बच्चों के लिए माता पिता बनी।आपदा राहत में जो अन्याय करेगा उसे बख्शा नहीं जाएगा और पैसा मिलने के बाद सत्यापन किया जाएगा। 

    सरकार को दहेज से 25000 इंतकाल व इतनी निशानदेही के मामले मिले हैं। मंडी से किसी से कोई भेदभाव नहीं होगा। सरकार जल्द अर्थव्यवस्था को पटरी पर लेकर आएगी। आने वाले 10 सालों में हिमाचल देश का सबसे अमीर राज्य होगा।

    पीएम मोदी व गृह मंत्री अमित शाह पर बोला हमला

    उन्होंन पीएम मोदी व गृह मंत्री अमित शाह पर हमला बोलते हुए कहा कि वे उनसे मिले लेकिन प्रदेश में आई आपदा को राष्ट्रीय आपदा घोषित नहीं किया गय। उन्होंने आगे कहा कि हम लोगों की जान बचाने में लगे थे और भाजपा राजनीति करती रही थी। जयराम सत्र बुलाने का राग अलापते रहे और भाजपा विधायक तिरपाल के लिए अधिकारियों को डराते रहे।

    जनता की भावना को समझ भाजपा को सरकार के साथ खड़े होना चाहिए था। लेकिन खुशी की बात ये है कि प्रदेश की जनता आपदा में सरकार के साथ खड़ी हुई थी। सुंदर नगर के एक व्यक्ति ने अपनी जिंदगी की 11 लाख की कमाई आपदा राहत में देकर मिसाल पेश की। 

    अनुराग ठाकुर शपथ पत्र मांगते है, जयराम ठाकुर आभार करने को कहते हैं। जिस दिन केंद्र से राहत राशि मिलेगी मैं खुद केंद्र सरकार का आभार व्यक्त करूंगा। जयराम ठाकुर में इतनी हिम्मत नहीं की विधायकों को लेकर मोदी शाह के पास चले जाते। अगर थोड़ी शर्म है तो केंद्र से आर्थिक पैकेज लाएं। 

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