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    हिमाचल कैडर के IAS अधिकारी केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर जाने के लिए क्यों उत्सुक? एक सप्ताह में 3 गए; 5 आवेदन लंबित

    By Digital Desk Edited By: Rajesh Sharma
    Updated: Sat, 25 Jul 2026 03:32 PM (IST)

    हिमाचल कैडर के आईएएस अधिकारियों की केंद्रीय प्रतिनियुक्ति लगातार बढ़ रही है, जिससे राज्य में अधिकारियों की कमी की चर्चा तेज हो गई है। एक सप्ताह में ती ...और पढ़ें

    हिमाचल कैडर के 26 आईएएस अधिकारी दिल्ली में केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर हैं। प्रतीकात्मक फोटो

    हिमाचल कैडर के 26 आईएएस अधिकारी दिल्ली में केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर हैं। प्रतीकात्मक फोटो

    HighLights

    1. एक सप्ताह में तीन हिमाचल IAS अधिकारी केंद्र में नियुक्त।

    2. राज्य में अधिकारियों की कमी, विभागों में फेरबदल की आशंका।

    3. कुल 26 हिमाचल कैडर IAS अधिकारी केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर कार्यरत।

    राज्य ब्यूरो, शिमला। हिमाचल कैडर के आइएएस अधिकारियों की केंद्रीय प्रतिनियुक्ति लगातार बढ़ रही है। एक सप्ताह में तीन अधिकारियों को केंद्र में नियुक्ति मिलने के बाद प्रदेश में अधिकारियों की कमी को लेकर चर्चा तेज हो गई है। वर्तमान में 153 आइएएस अधिकारियों के कैडर वाले हिमाचल से केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर 26 अधिकारी कार्यरत हैं। पांच अन्य अधिकारियों ने भी केंद्र में जाने की अनुमति मांगी है।

    इन्हें मिली प्रतिनियुक्ति

    हाल ही में डा. निपुण जिंदल व राकेश कुमार प्रजापति और 2011 बैच के आइएएस अधिकारी तथा मुख्यमंत्री के प्रधान निजी सचिव विवेक भाटिया को केंद्रीय प्रतिनियुक्ति मिली है। विवेक भाटिया को नई दिल्ली स्थित युवा मामले मंत्रालय में निदेशक बनाया गया है।

    इनके आवेदन लंबित

    अतिरिक्त मुख्य सचिव आरडी नजीम, प्रधान सचिव अभिषेक जैन, सचिव सी. पाल रासु और प्रियंका बासु को अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) मिल चुका है, जबकि सुदेश मोख्टा का आवेदन लंबित है।

    विभागों में हो सकता है फेरबदल

    प्रदेश पहले से ही आइएएस अधिकारियों की कमी से जूझ रहा है। ऐसे में लगातार अधिकारियों के केंद्र में जाने से राज्य सरकार को विभागों में फेरबदल करना पड़ सकता है। केंद्रीय प्रतिनियुक्ति को प्रशासनिक अनुभव, राष्ट्रीय स्तर पर कार्य करने का अवसर और भविष्य की पदोन्नति के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जाता है। केंद्र के विभिन्न मंत्रालयों, आयोगों और सार्वजनिक उपक्रमों में हिमाचल कैडर के अधिकारी पहले से महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभा रहे हैं।

    ...तो नहीं जा सकेंगे केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर

    नियमों के अनुसार आइएएस अधिकारियों के लिए संयुक्त सचिव या अतिरिक्त सचिव स्तर पर केंद्र में सेवाएं देना महत्वपूर्ण है। जो अधिकारी इन स्तरों पर केंद्रीय प्रतिनियुक्ति का अवसर नहीं ले पाते, वे बाद में नहीं जा सकते। वर्तमान में अतिरिक्त मुख्य सचिव ओंकार शर्मा और प्रधान सचिव देवेश कुमार ऐसे अधिकारियों में शामिल हैं, जो केंद्रीय प्रतिनियुक्ति के पात्र नहीं रहेंगे।

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    तरुण कपूर पीएम के सलाहकार

    हिमाचल कैडर के सेवानिवृत्त आइएएस अधिकारी तरुण कपूर को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का सलाहकार नियुक्त किया गया है। उनके कार्यकाल को 10 जून 2026 से एक वर्ष के लिए बढ़ाया गया है।

    केंद्र में हिमाचल के आइएएस अधिकारी

    • अनुराधा ठाकुर (1994) सचिव, आर्थिक मामले मंत्रालय
    • भरत खेड़ा (1995) सचिव, सूक्ष्म, लघु एवं उद्यम मंत्रालय
    • डा. रजनीश (1996) अतिरिक्त सचिव, सूक्ष्म, लघु एवं उद्यम मंत्रालय
    • सुभाशीष पंडा (1995) अतिरिक्त सचिव, प्रधानमंत्री कार्यालय
    • मनीष गर्ग (1996)  निर्वाचन आयुक्त, भारतीय निर्वाचन आयोग
    • पुष्पेंद्र राजपूत (1999) प्रधान सचिव, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय
    • अमनदीप गर्ग (1999) अतिरिक्त सचिव, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय
    • मीरा मोहंती (2005) संयुक्त सचिव, रक्षा मंत्रालय
    • प्रियतु मंडल (2006) केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर, कोलकाता
    • ऋग्वेद ठाकुर (2011) उप सचिव, प्रधानमंत्री कार्यालय
    • देब श्वेता बनिक (2013)  निजी सचिव, राष्ट्रपति सचिवालय

    ये भी केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर 

    मानसी सहाय ठाकुर, संदीप कदम, रोहन चंद ठाकुर, ललित जैन, डा. रिचा वर्मा, पंकज राय, हरिकेश मीणा, कृतिका कुलहारी, आशुतोष गर्ग, अरिंदम चौधरी और निधि पटेल केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर कार्यरत हैं। इसके अतिरिक्त रितेश चौहान पढ़ाई के लिए विदेश गए हैं। 

    आइपीएस भी केंद्र में संभाल रहे अहम पद

    • अनुराग गर्ग (1993) महानिदेशक, नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो
    • ऋत्विक रुद्रा (1993) एडीजी, एनआइए
    • राकेश अग्रवाल (1994) एनआइए महानिदेशक
    • सतिंद्र पाल सिंह (1995) अतिरिक्त सचिव, आवास एवं शहरी मामले मंत्रालय
    • एन वेणुगोपाल (1995) अतिरिक्त निदेशक, सीबीआइ

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