चीनी के बाद अब प्याज ने दिखाई आंखें! जम्मू-कश्मीर में एक महीने में डेढ़ गुना तक बढ़े दाम; आगे और बढ़ने के आसार
जम्मू में चीनी के बाद अब प्याज के दाम भी डेढ़ गुना बढ़कर 60 रुपये प्रति किलो हो गए हैं, ...और पढ़ें

जम्मू में प्याज के दाम आसमान पर। (फाइल फोटो)
HighLights
प्याज के दाम बढ़कर 60 रुपये प्रति किलो हुए।
बारिश से फसल खराब, व्यापारियों की जमाखोरी मुख्य कारण।
सरकार के हस्तक्षेप से कीमतों पर नियंत्रण संभव।
जागरण संवाददाता, जम्मू : चीनी के बाद प्याज के दामों में एक से डेढ दोगुना बढ़ोतरी हुई है। एक महीने पहले तक बाजार में जो प्याज 35 से 40 रुपये प्रतिकिलो बिक रहा था, वर्तमान में इसकी कीमत 60 रुपये तक पहुंच गई है। आने वाले हफ्तों में कीमतों और भी बढ़ोतरी हो सकती है। हालात यह है कि पहले प्याज को छिलते समय लोगों की आंखों से आंसू निकलते थे, लेकिन खरीदते समय निकल रहे हैं। खाद्य पदार्थों के दामों में लगातार हो रही बढ़ोतरी के बीच अब प्याज के दाम बढ़ने से आम आदमी परेशान हो उठा है।
लोगों के अनुसार एक तो पहले से ही सब्जियां महंगी मिल रही थी, अब तो आम लोगों के पहुंच से प्याज बाहर हो गया है। इन दिनों प्याज महंगा हो गया है तो वहीं प्याज की क्वालिटी भी कमजोर मिल रही है।
प्याज के चढ़ते दाम को लेकर दुकानदारों का कहना है कि वे क्या कर सकते हैं। मंडी में प्याज के थोक दाम ही अचानक बढ़ गए हैं। ऐसे में प्याज तो महंगा मिलेगा।
अच्छा इसलिए महंगा हुआ प्याज
नरवाल मंडी के थोक व्यापारी राज कुमार राजा ने बताया कि दूसरे राज्यों में बारिश के कारण प्याज की फसलें खराब हुई हैं या लेट हो गई हैं। इसी के कारण ही प्याज महंगा हुआ है। व्यापारियों ने प्याज का भंडारण कर लिया है, जिससे किल्लत और हो गई है। वैसे सरकार के गोदाम में प्याज की कमी नहीं है।
अगर सरकार अपने गोदाम खोल दे तो प्याज के दाम पर नियंत्रण किया जा सकता है। वरना कैरथल, राजस्थान, पूणा से प्याज की नई फसलें निकलने का इंतजार करना पड़ेगा। तब तक लोगों को प्याज की महंगाई झेलनी पड़ेगी।
पहले 100 रुपये में 3 किलो
सतवारी की सुदेश कुमारी ने कहा कि पहले काफी समय तक प्याज के दाम 40 रुपये प्रति किलो रहे। यानि 100 रुपये में 3 किलो मिल जाते थे, लेकिन अब 60 रुपये खर्च करने पड़ रहे हैं और अच्छा प्याज तो इससे भी महंगा है। आम आदमी आखिर कहां जाएगा।
गांधीनगर के ज्योति प्रकाश गुप्ता ने कहा कि देश में महंगाई का दौर शुरू हो गया है। चीनी पहले ही महंगी है। तमाम सब्जियां पहले ही 50 रुपये के पार है। आलू प्याज जो थोड़ी सस्ती सब्जी मानी जाती रही है, अब वो भी लोगों की पहुंच से बाहर हो गए हैं।
