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'इतना तो कर ही सकते हैं...', महबूबा मुफ्ती ने अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर से कश्मीर के लिए की बड़ी मांग

Updated: Wed, 19 Aug 2026 04:51 PM (IST)

पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी की अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर से कश्मीर के लिए जारी सख्त यात्रा सलाह की समीक्षा कर उसे वापस लेने की अपील की है।

महबूबा मुफ्ती ने सर्जियो गोर से की एडवाइजरी रिव्यू की मांग (जागरण)

महबूबा मुफ्ती ने सर्जियो गोर से की एडवाइजरी रिव्यू की मांग (जागरण)

HighLights

  1. महबूबा मुफ्ती ने अमेरिकी राजदूत से यात्रा सलाह हटाने को कहा

  2. कश्मीर की अर्थव्यवस्था पर्यटन पर निर्भर, सलाह दीवार जैसी

  3. अमेरिकी राजदूत ने कश्मीर को भारत का अभिन्न अंग बताया

डिजिटल डेस्क, श्रीनगर। पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (PDP) की अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने बुधवार को अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर से अपील की कि वे कश्मीर यात्रा को लेकर उनके देश की ओर से जारी सबसे ऊंचे स्तर की ट्रेवल एडवाइजरी की समीक्षा करें और उसे वापस लें। सोशल मीडिया के एक्स प्लेटफार्म पर एक पोस्ट में सर्जियो गोर को टैग करते हुए उन्होंने लिखा...

अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर कम से कम इतना तो कर ही सकते हैं कि कश्मीर जाने के बारे में जारी की गई सबसे सख्त ट्रैवल एडवाइजरी की समीक्षा करें और उसे वापस ले लें। कश्मीर के लिए, जहां हजारों परिवार पर्यटन पर निर्भर हैं, वहां के लिए जारी ट्रैवल एडवाइजरी सिर्फ एक चेतावनी नहीं, बल्कि कश्मीर और दुनिया के बीच एक दीवार की तरह है। इसे हटाने से भरोसे का एक मजबूत संदेश जाएगा, अंतरराष्ट्रीय पर्यटकों को वापस लाने में मदद मिलेगी और उन अनगिनत परिवारों को बहुत जरूरी राहत मिलेगी जिनकी आजीविका पर्यटन पर निर्भर है। -महबूबा मुफ्ती, पीडीपी अध्यक्ष

जम्मू-कश्मीर भारत का अहम हिस्सा: सर्जियो गोर

जम्मू-कश्मीर पर भारत के रुख का समर्थन करते हुए भारत में अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर ने बुधवार को इस केंद्र शासित प्रदेश को भारत का एक अहम हिस्सा बताया। गोर ने जम्मू-कश्मीर के दौरे के दौरान यह बात कही। मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला से मुलाकात के बाद गोर ने कहा कि कश्मीर भारत का एक अहम हिस्सा है। मैं पहली बार यहां आया हूं। यह बेहद खूबसूरत जगह है। उमर अब्दुल्ला के साथ मौजूद गोर ने मीडिया से कहा, "हमारी मुलाकात बहुत अच्छी रही और हम अपने रिश्तों को और मजबूत बनाना चाहते हैं।

क्या है यूएस एडवाइजरी?

पिछले साल अमेरिका ने कश्मीर को 'उच्च जोखिम वाले क्षेत्रों' में रखा था और अपने नागरिकों को आतंकवाद और नागरिक अशांति के कारण पूर्वी लद्दाख क्षेत्र और इसकी राजधानी लेह की यात्राओं को छोड़कर इस क्षेत्र की यात्रा न करने की सलाह दी थी। एडवाइजरी में कहा गया था कि आतंकवादी हमले और हिंसक नागरिक अशांति हो सकती है। इस इलाके में कभी-कभी हिंसा होती है और भारत और पाकिस्तान के बीच नियंत्रण (LoC) पर यह आम बात है।

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