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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 11, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    उमर की केंद्र को नसीहत, बोले- 'सेब और ड्राई फ्रूट्स पर अतिरिक्त टैक्‍स हटाने के फैसले पर करें पुनर्विचार'

    By Jagran NewsEdited By: Himani Sharma
    Updated: Mon, 11 Sep 2023 10:07 PM (GMT+05:30)

    Jammu Kashmir News नेकां उपाध्‍यक्ष उमर अब्‍दुल्‍ला ने केंद्र सरकार को नसीहत दी है। उन्‍होंने कहा कि सरकार को विदेशियों के बजाय अपने देशवासियों को खुश ...और पढ़ें

    नेकां उपाध्‍यक्ष उमर अब्‍दुल्‍ला की केंद्र को नसीहत
    नेकां उपाध्‍यक्ष उमर अब्‍दुल्‍ला की केंद्र को नसीहत

    श्रीनगर, राज्य ब्यूरो। नेशनल कान्फ्रेंस के उपाध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने सोमवार को केंद्र सरकार से अमेरिका से आयात किए जाने वाले सेब,अखरोट और बादाम पर लागू अतिरिक्त कर हटाए जाने के फैसले पर पुनर्विचार का आग्रह किया है। उन्होंने कहा कि सरकार को विदेशियों के बजाय अपने देशवासियों को खुश करना चाहिए, उनके हितों का ध्यान रखना चाहिए।

    केंद्र सरकार को जम्‍मू के लोगों की भी फ्रिक नहीं- उमर

    आज यहां पार्टी मुख्यालय में पत्रकारों से बातचीत में उमर अब्दुल्ला ने कहा कि मुझे समझ में नहीं आ रहा है कि आखिर यह सरकार अमेरिका और अन्य मुल्कों को खुश करने के लिए अपने ही देश के नागरिकों को मुश्किल में क्यों डाल रही है। हम समझते थे कि केंद्र सरकार पहले जम्मू कश्मीर के नागरिकों के बारे में सोचेगा। अगर केंद्र सरकार को कश्मीर के लोगों की फिक्र नहीं है तो उसे कम से कम हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के लोगों का ही ध्यान कर लेना चाहिए था।

    सरकार के निर्णय से पहाड़ी राज्‍यों को उठाना पड़ रहा नुकसान

    केंद्र सरकार ने अपने फैसले से जम्मू कश्मीर, हिमाचल और उत्तराखंड के लोगों को बर्बाद कर दिया है। हम यहां अमेरिका से आयातित सेब,अखरोट और बादाम नहीं चाहिए। उमर अब्दुल्ला ने कहा कि हमें उम्मीद है कि सरकार अपने निर्णय पर पुनिर्वचार करेगी और इस देश के सेब व अखरोट उत्पादकों को राहत देगी। सरकार के निर्णय से पहाड़ी राज्यों को ही नुकसान उठाना पड़ेगा, यह उनके साथ अन्याय है।

    जी-20 पर बोले अब्‍दुल्‍ला

    जी-20 सम्मेलन की सफलता से संबधित सवाल के जवाब में उमर ने कहा कि ऐसे आयोजन से क्या लाभ जो अपने ही लोगों को मुश्किल में डाले। जी-20 सदस्य राष्ट्रों और उनके नेताओं को खुश करने के बजाय अपने देशवासियासें केा खुश रखने का प्रयास होना चाहिए। अब जी-20 संपन्न हो चुका है, जी-20 पहले भी होता था और आगे भी होता रहेगा। सरकार और जनता के बीच कोई संपर्क नहीं है,इसलिए सरकार बिना सोच विचार किए जनविरोधी निर्णय ले रही है।

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    केंद्र सरकार और जन्‍ता में नहीं कोई संपर्क

    उमर अब्दुल्ला ने कहा कि मौजूदा केंद्र सरकार और जनता में कोई संपर्क नहीं है। जम्मू कश्मीर में शासक सुरक्षा क्वच के पीछे छिपते हैं ताकि उन्हें आमजन का सामना न करना पड़े। ऐसे में उन्हें जनता की क्या समझ आएगी।

    उपराज्यपाल मनोज सिन्हा को यथाशीघ्र फल उत्पादकों के साथ एक बैठक कर उनकी समस्याओं को समझना चाहिए। उन्हें बारामुला,रफियाबाद,सोपोर, शोपियां, पुलवामा जाकर बागवानों से मिलना चाहिए। इस समय मंडियों में खूब गहमा गहमी है और उन्हें वहां जाकर फल उत्पादकों व अन्य संबधित लोगों से बातचीत कर समस्या का समाधान तलाशना चाहिए।