यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 23, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Jharkhand News: झारखंड के छात्रों को मिलेंगे 15 लाख रुपये... इन कोर्स की पढ़ाई के लिए हेमंत सरकार ने किया एलान
Jharkhand News झारखंड के झड़िया में सीएम हेमंत सोरेन ने छात्रों के लिए बड़े ऐलान किए हैं। उन्होंने कहा कि उच्च व तकनीकी शिक्षा यानी अभियंत्रण मेडिकल व ...और पढ़ें

HighLights
- झारखंड के बच्चों और उनके अभिभावकों को पढ़ाई के लिए चिंता नही करनी है।
- जब तक पढ़ाई पूरी नही होती, तब तक पैसा वापस करने की जरूरत नही है।
जागरण संवाददाता, झरिया। Jharkhand News: झारखंड के बच्चों और उनके अभिभावकों को पढ़ाई के लिए चिंता नही करनी है। उच्च व तकनीकी शिक्षा यानी अभियंत्रण, मेडिकल, वकालत समेत इस तरह की तमाम पढ़ाई के लिए 15 लाख रुपये राज्य सरकार देगी। जब तक पढ़ाई पूरी नही होती, तब तक पैसा वापस करने की जरूरत नही है।
पढ़ाई पूरी होने और नौकरी मिलने के बाद पैसा वापस करना है। यह बातें राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने शुक्रवार को बलियापुर हवाई पट्टी पर आयोजित आपकी योजना आपकी सरकार अपके द्वार कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा।
उन्होंने कहा कि राज्य की बेटियों के लिए सावित्रीबाई फुले किशोरी समृद्धि योजना चल रही है। इस योजना के तहत अब तक परिवार की दो बेटियों को लाभ मिलता था, लेकिन अब चार बेटियों को भी इसका फायदा मिलेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि बेटियां और उनके माता-पिता को चिंता नही करनी है। सरकार उनके साथ है।
उन्होंने कहा कि जब राज्य सरकार की कमान उन्होंने संभाली तो डेढ़ साल तक कोरोना का कहर रहा। इसके बाद सरकार ने ही जनता का दरवाजा खटखटाना शुरू किया। जब पहली बार शिविर लगाया गया तो 35 लाख आवेदन मिले। दूसरे साल 55 लाख आवेदन मिला।
इससे साफ हो गया कि पिछली सरकारों ने कोई का नही किया। उन्होंने अपने कार्यकाल में 52 हजार लोगों को नियुक्ति पत्र दिया है। दुकान व गाड़ी खरीदने के लिए भी पूंजी सरकार दे रही है। ताकि लोग स्वरोजगार कर सकें। उन्होंने कहा कि यहां की सरकार दिल्ली या रांची से नहीं बल्कि गांव व मोहल्लों से चलेगी।
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सोरेन ने कहा कि धनबाद एक वीर भूमि है। बिनोद बिहारी महतो, दिशोम गुरु जैसे अनेक लोगों ने जनता के अधिकार के लिए अपना बचपन, बुढापा और जवानी कुर्बान कर दी। वर्ष 2000 में जब राज्य अलग हुआ तो सत्ता उन्हें मिली जो अलग राज्य के घोर विरोधी थे।
अब यह युवा झारखंड है। इस राज्य के 80 प्रतिशत लोग गांव में रहते हैं। गांव मजबूत होगा तो राज्य मजबूत होगा। झारखंड देश का पहला ऐसा राज्य बन है जहां सर्वजन पेंशन योजना लागू की गई। यह राज्य पिछड़ा नही था, इसे बनाया गया। वर्ष 2000 में सरप्लस बजट था, आज सरकार घाटे की बजट बनाती है। उन्होंने कहा कि एक लाख 36 हज़ार करोड़ रुपये हमारा केंद्र सरकार पर बकाया है। जब मांगने जाते हैं, तो पीछे जांच एजेंसियों को छोड़ दिया जाता है। हम लड़ने वाले लोग हैं। लड़ कर अपना अधिकार लेंगे।
परिसंपत्तियों का किया वितरण और योजनाओं का शिलान्यास व उद्घाटन
इस दौरान मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने 3,76,497 लाभुकों के बीच 418 करोड़ की परिसम्पतियों का वितरण किया। साथ ही 408.39 करोड़ की 71 विभिन्न विकास योजनाओं का भी उद्धाटन और 123 करोड़ की 135 योजनाओं का शिलान्यास किया। इस दौरान राज्य के मंत्री सत्यनाद भोक्ता, बन्ना गुप्ता, विधायक मथुरा प्रसाद महतो, महतो, पूर्णिमा नीरज सिंह भी मंच पर मुख्यमंत्री के साथ उपस्थिति थीं।
हवाई जहाज प्रशिक्षण केंद्र खोलेगी सरकार, बलियापुर हवाई पट्टी का होगा विकास : मुख्यमंत्री सोरेन ने कहा कि बलियापुर की यह हवाई पट्टी केंद्र सरकार की है। इसके बावजूद भी इसका विकास राज्य सरकार करेगी। सरकार की योजना है कि हवाई जहाज प्रशिक्षण को संस्था खोलेगी।
ताकि यहां के युवाओं को इस दिशा में भी रोजगार मिल सके। धनबाद में 500 करोड़ रुपये की लागत से 700 किलोमीटर ग्रामीण सड़क बनाई जाएगी।
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