15 August तक करा लें एलपीजी ई-केवाईसी, वेंडर से लेकर मोबाइल तक हैं ये तीन आसान तरीके
Indane LPG e KYC: धनबाद में इंडेन उपभोक्ताओं को 15 अगस्त तक ई-केवाईसी कराना अनिवार्य है, अन्यथा गैस बुकिंग और सब्सिडी में दिक्कतें आ सकती हैं।

धनबाद में इंडेन उपभोक्ताओं को 15 अगस्त तक ई-केवाईसी कराना अनिवार्य। (प्रतीकात्मक फोटो)
HighLights
इंडेन उपभोक्ताओं के लिए 15 अगस्त तक ई-केवाईसी अनिवार्य।
सत्यापन न होने पर गैस बुकिंग, सब्सिडी में रुकावट संभव।
मोबाइल ऐप, डिलीवरी कर्मचारी, एजेंसी से कराएं ई-केवाईसी।
जागरण संवाददाता, धनबाद। Indane LPG e KYC धनबाद में इन्डेन (आईओसीएल) के उपभोक्ताओं के लिए 15 अगस्त तक ई-केवाईसी कराना अनिवार्य कर दिया है।
स्थानीय गैस एजेंसी के संचालक शांतनु चंद्रा ने उपभोक्ताओं को सचेत करते हुए बताया कि यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर यह प्रक्रिया पूरी नहीं की जाती है तो भविष्य में रसोई गैस सिलेंडर की बुकिंग, रीफिल वितरण और सरकारी अनुदान प्राप्त करने में गंभीर रुकावट आ सकती है।
शांतनु चंद्रा के अनुसार ई-केवाईसी न कराने की स्थिति में उपभोक्ता का गैस संबंध अस्थायी रूप से बंद किया जा सकता है। इसके अतिरिक्त बैंक खाते में मिलने वाली सरकारी सहायता राशि रुक सकती है और बिना सत्यापन वाले संबंधों को अवैध मानकर गैस की आपूर्ति रोकी जा सकती है।
उन्होंने कहा कि उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए इस प्रक्रिया को पूरा करने के तीन सरल माध्यम उपलब्ध कराए गए हैं जिसका उपयोग कर उपभोक्ता आसानी से अपने एलपीजी सिलेंडर का केवाईसी करा सकते है।
पहला माध्यम पूरी तरह से डिजिटल है
इस प्रक्रिया से उपभोक्ता अपने घर बैठे मोबाइल से केवाईसी पूरा कर सकते हैं। इसके लिए अपने मोबाइल के साफ्टवेयर भंडार से 'इंडियनआयल वन' और भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण का 'आधार फेस आरडी' नामक दो साफ्टवेयर डाउनलोड करने होंगे।
इसके पश्चात 'इंडियनआयल वन' में अपने दर्ज मोबाइल नंबर से प्रवेश करें और अपनी प्रोफाइल में जाकर ई-केवाईसी का विकल्प चुनें। नियम एवं शर्तों को स्वीकार करते ही मोबाइल का कैमरा चालू हो जाएगा, जिसके माध्यम से चेहरा देखकर पहचान की पुष्टि तुरंत हो जाएगी।
दूसरा तरीका डिलीवरी कर्मचारी से घर बैठे करा ले
उन लोगों के लिए सबसे सुविधाजनक है जो स्वयं मोबाइल चलाने या एजेंसी तक जाने में असमर्थ हैं। जब भी डिलीवरी कर्मचारी आपके घर सिलेंडर देने आए, तो उससे सत्यापन करने का अनुरोध किया जा सकता है।
शांतनु चंद्रा ने बताया कि सभी अधिकृत डिलीवरी कर्मचारियों को अंगूठे के निशान तथा चेहरा पहचान करने वाले उपकरण दिए गए हैं। उपभोक्ता को केवल अपना आधार कार्ड और दर्ज मोबाइल नंबर तैयार रखना होगा, जिससे कर्मचारी मौके पर ही दो मिनट में सत्यापन कर देगा।
तीसरा तरीका आफलाइन प्रक्रिया का है
इस प्रक्रिया के अंतर्गत उपभोक्ता अपनी संबंधित गैस एजेंसी के कार्यालय में स्वयं उपस्थित होकर यह कार्य करवा सकते हैं। इसके लिए मूल आधार कार्ड, उपभोक्ता पासबुक और दर्ज मोबाइल नंबर साथ ले जाना अनिवार्य है।
एजेंसी काउंटर पर उपस्थित कर्मचारी बायोमेट्रिक उपकरण के माध्यम से पहचान की पुष्टि कर देगा। चंद्रा ने सभी उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे अंतिम तिथि का इंतजार किए बिना समय रहते अपना ई-केवाईसी अवश्य पूर्ण करा लें।
