Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 08, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Indian Railway News: जसीडीह-वास्को द गामा में शीघ्र जुड़ेंगे इकोनामी कोच, ट्रेन से स्‍लीपर व जनरल कोच होंगे कम

    By Jagran NewsEdited By: Arijita Sen
    Updated: Thu, 08 Jun 2023 08:25 AM (GMT+05:30)

    झारखंड को गोवा से जोड़ने वाली जसीडीह-वास्को द गामा एक्सप्रेस में चार इकोनामी कोच जुड़ेंगे। इसके साथ ही ट्रेन से स्लीपर के आठ कोच कम हो जाएंगे और जनरल ...और पढ़ें

    झारखंड को गोवा से जोड़ने वाली जसीडीह-वास्को द गामा में शीघ्र इकोनामी कोच।
    झारखंड को गोवा से जोड़ने वाली जसीडीह-वास्को द गामा में शीघ्र इकोनामी कोच।

    HighLights

    1. जसीडीह-वास्को द गामा एक्सप्रेस में चार इकोनामी कोच जुड़ेंगे।
    2. इकोनामी कोच के साथ धनबाद होकर चलने वाली यह दूसरी ट्रेन।
    3. ट्रेन से स्लीपर के आठ और जनरल के दो डिब्‍बे कम हो जाएंगे।

    जागरण संवाददाता, धनबाद। झारखंड को गोवा से जोड़ने वाली जसीडीह-वास्को द गामा एक्सप्रेस में चार इकोनामी कोच जुड़ेंगे। वास्को द गामा से 21 जुलाई और जसीडीह से 24 जुलाई से यात्रियों को इकोनामी कोच में सफर की सुविधा मिलने लगेगी। दोनों ओर से इकोनामी कोच की बुकिंग भी शुरू हो गई है।

    ट्रेन से आठ स्‍लीपर कोच होंगे कम

    इकोनामी कोच के साथ धनबाद होकर चलने वाली यह दूसरी ट्रेन होगी। इससे पहले कोलकाता-जम्मूतवी एक्सप्रेस में एक इकोनामी कोच जोड़ा गया है। एसी के यात्रियों की सुविधा में बढ़ोतरी के साथ ही स्लीपर और जनरल के यात्रियों की मुश्किलें बढ़ेंगी। इस ट्रेन से स्लीपर के आठ कोच कम हो जाएंगे। अभी 10 स्लीपर कोच के साथ चलने वाली ट्रेन मात्र दो स्लीपर कोच के साथ चलेगी।

    जनरल के दो कोच भी कम होंगे

    इस ट्रेन से झारखंड के कामगार बड़ी संख्या में गोवा, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक व बेंगलुरू का सफर करते हैं। कम आमदनी वाले यात्रियों के लिए इस ट्रेन में चार जनरल कोच हैं। नई व्यवस्था प्रभावी होते ही जनरल कोच सिर्फ दो ही जुड़ेंगे। इससे जनरल में धक्का-मुक्की बढ़ेगी।

    पांच थर्ड व चार सेकेंड एसी के कोच बढ़ेंगे

    जनरल व स्लीपर कम कर इकोनामी कोच के साथ ही थर्ड व सेकेंड एसी के तीन-तीन अतिरिक्त कोच जुड़ेंगे। इससे एसी में सफर करने वाले यात्रियों को पहले काफी ज्यादा सीटें उपलब्ध हो सकेंगी।

    खबरें और भी

    स्लीपर कोच में 80 प्रतिशत तक कटौती से घटी 640 सीटें

    स्लीपर के आठ कोच कम हो जाने से 80 प्रतिशत सीटें कम हो गई हैं। पहले 10 कोच जुड़ने से स्लीपर की 800 सीटें थीं। अब आठ कोच घट जाने से 640 सीटें कम हो गई हैं। स्लीपर में केवल 160 सीटें ही हैं।

    पहले 800 सीटें होने के बाद भी चार महीने कंफर्म टिकट मिलना मुश्किल था। हर कोच में क्षमता से ज्यादा यात्री सफर करते थे। 2,556 किमी की दूरी और 49 घंटे 30 मिनट की यात्रा पूरी करने वाली ट्रेन में जल्द ही फर्स्ट एसी कोच भी जुड़ेगा।