धनबाद में धड़ल्ले से चल रही कोयले की अवैध खदानें, निरसा विधायक अरूप चटर्जी ने खोली पोल
Dhanbad Illegal Coal Mine Busted: निरसा विधायक अरूप चटर्जी ने राजा कोलियरी ओसीपी खदान में अवैध कोयला खनन पर कार्रवाई ...और पढ़ें

भंडाफोड़ करने के बाद अवैध कोयला खदान से बाहर निकलते निरसा के विधायक अरूप चटर्जी। (फोटो जागरण)
HighLights
विधायक अरूप चटर्जी ने राजा कोलियरी में अवैध कोयला खनन रोका।
दर्जनों अवैध मुहाने बंद कर, उपकरण और कोयला जब्त किया गया।
अवैध खनन से एनएच-19 और स्थानीय आबादी को खतरा।
जागरण संवाददाता, निरसा (धनबाद)। कोल इंडिया की अनुषंगी इकाई-बीसीसीएल, सीसीएल और ईसीएल की तरफ कोयले चोरी रोकने के लिए बड़े पैमाने पर अभियान चलाया जा रहा है। इसके बाद भी कोयले के अवैध खदान चल रहे हैं। इसका भंडाफोड़ भाकपा माले के विधायक अरूप चटर्जी ने किया है।

कोयला चोरी पर अंकुश लगाने में पुलिस, सीआइएसएफ और ईसीएल सिक्योरिटी की कार्रवाई पर सवाल उठने के बीच शुक्रवार को निरसा विधायक अरूप चटर्जी स्वयं राजा कोलियरी ओसीपी की खदान में उतर गए।
विधायक ने खदान क्षेत्र में चल रहे अवैध उत्खनन का जायजा लिया और दर्जनों अवैध मुहानों को बंद कराया। इस दौरान अवैध खनन में इस्तेमाल हो रहे एक हजार मीटर से अधिक केबल, ड्रिल मशीन, मोटर पंप व दर्जनों गैंते हटवाए गए।
विधायक की कार्रवाई के बाद सीआइएसएफ और ईसीएल सिक्योरिटी की टीम भी राजा कोलियरी ओसीपी पहुंची। टीम ने मौके से भारी मात्रा में अवैध रूप से निकाला गया कोयला और करीब एक दर्जन मोटरसाइकिलें जब्त कीं।

राजा कोलियरी के दक्षिणी हिस्से में लंबे समय से अवैध मुहाने बनाकर कोयला निकालने का आरोप है। तस्करों ने खदान के अंदर कोयला काटने के लिए ड्रिल मशीन और पानी निकालने के लिए मोटर पंप लगा रखा था।
अवैध मुहानों को इस तरह तैयार किया गया था कि मोटरसाइकिल से कोयला अंदर-बाहर ले जाया जा सके। बोरियों में कोयला भरकर मोटरसाइकिल के जरिये बाहर निकालने की बात भी सामने आई है।
ईसीएल के संसाधनों से अवैध खनन
अवैध खनन में ईसीएल के संसाधनों के इस्तेमाल का आरोप है। खदान ईसीएल की, बिजली ईसीएल की और मजदूरों के रहने के लिए आवास तक ईसीएल के इस्तेमाल किए जाने की बात सामने आई है। इस तरह तस्करों को केवल कोयला निकालकर बाजार तक पहुंचाना था।
आबादी और एनएच-19 पर मंडरा रहा खतरा
अवैध खनन से राजा कोलियरी के आसपास की घनी आबादी और एनएच-19 पर भी खतरा बढ़ गया है। आरोप है कि भूमिगत सुरंगें अंदर ही अंदर काफी दूर तक बनाई जा चुकी हैं। रात में ड्रिल मशीन चलने की आवाज आसपास के रिहायशी इलाकों में लोगों के घरों तक सुनाई देती है।
स्थानीय लोगों को आशंका है कि यदि अवैध उत्खनन पर तत्काल रोक नहीं लगी तो जमीन धंसने की घटना हो सकती है, जिससे आबादी और एनएच-19 दोनों प्रभावित हो सकते हैं।
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