MLA जयराम महतो पर कसा शिकंजा, थाना प्रभारी के बयान पर बरवाअड्डा थाने में प्राथमिकी दर्ज
बरवाअड्डा थाना प्रभारी के बयान पर विधायक जयराम महतो और उनके 10 नामजद समेत 40-50 अज्ञात समर्थकों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है।

डुमरी के विधायक जयराम महतो। (फाइल फोटो)
HighLights
विधायक जयराम महतो पर बरवाअड्डा थाने में FIR दर्ज।
पुलिस से गाली-गलौज, धमकी और सरकारी काम में बाधा।
हाजत से आरोपी गणेश दास को छुड़ाने का प्रयास।
संवाद सूत्र, बरवाअड्डा (धनबाद)। बरवाअड्डा थाना में दो दिन पहले हुए हंगामे के मामले में नया मोड़ आया है। बरवाअड्डा थाना प्रभारी रवि कुमार के बयान पर झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा(JLKM) प्रमुख और डुमरी के विधायक जयराम महतो समेत 10 नामजद और 40-50 अज्ञात समर्थकों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है।
थाना प्रभारी ने विधायक और उनके समर्थकों पर थाना में पहुंचकर गाली-गलौज करने, धमकी देने, पुलिसकर्मियों से धक्का-मुक्की करने, सरकारी कार्य में बाधा डालने और हाजत में बंद आरोपित को बाहर निकालने का प्रयास करने का आरोप लगाया है।
थाना प्रभारी के बयान पर 22 अगस्त को बरवाअड्डा थाना कांड संख्या 146/26 दर्ज किया गया। मामले में विधायक जयराम महतो के अलावा सुशील मंडल, दिलीप चौधरी, राजकुमार मंडल, जितेंद्र हजारी, अजय दास, गोलक कुमार महतो, महेंद्र साव, रंजीत कुमार साव, राजेश महतो और त्रिपुरारी पांडेय सहित अन्य समर्थकों को आरोपित किया गया है।
हाजत में बंद गणेश दास को छुड़ाने का आरोप
मामले के अनुसंधान की जिम्मेदारी पुुअनि विकास कुमार को दी गई है। थाना प्रभारी ने पुलिस को दिए बयान में कहा है कि गणेश दास को एक मामले में गिरफ्तार कर बरवाअड्डा थाना की हाजत में रखा गया था।
उसकी गिरफ्तारी की जानकारी मिलने के बाद विधायक जयराम महतो करीब 40-50 समर्थकों के साथ थाना पहुंचे। आरोप है कि विधायक ने पुलिस पदाधिकारियों से अभद्र व्यवहार किया और अपने समर्थकों से हाजत में बंद गणेश दास को बाहर निकालने के लिए कहा।
थाना प्रभारी के अनुसार, समर्थक हाजत की ओर बढ़ने लगे। उन्हें रोकने के दौरान विधायक पर उन्हें धक्का देने का आरोप लगाया गया है। पुलिस का कहना है कि विधायक और उनके समर्थकों के व्यवहार से थाना का कामकाज करीब दो से ढाई घंटे तक प्रभावित रहा।
थाना प्रभारी को फोन पर धमकी देने का भी आरोप
बयान में थाना प्रभारी ने विधायक पर थाना पहुंचने से पहले वाट्सऐप काल कर धमकी देने का भी आरोप लगाया है। उन्होंने बताया है कि रात करीब 20.09 बजे उनके मोबाइल पर एक नंबर से वाट्सऐप काल आया। काल करने वाले ने खुद को विधायक जयराम महतो बताया और गणेश दास की गिरफ्तारी को लेकर नाराजगी जताई।
आरोप है कि बातचीत के दौरान थाना प्रभारी को गाली दी गई और जान-माल को नुकसान पहुंचाने तथा भविष्य में बदला लेने की धमकी दी गई। थाना प्रभारी ने कथित बातचीत को दूसरे मोबाइल से रिकार्ड करने की बात भी अपने बयान में कही है।
समर्थक ने मेज पर मुक्का मारकर पदनाम बोर्ड तोड़ा
प्राथमिकी में आरोप है कि विधायक के साथ आए समर्थकों ने थाना प्रभारी के कार्यालय कक्ष में पुलिस पदाधिकारियों के साथ धक्का-मुक्की और गाली-गलौज की। इसी दौरान दिलीप चौधरी ने थाना प्रभारी की मेज पर मुक्का मारा और वहां रखा पदनाम बोर्ड तोड़ दिया।
पुलिस का दावा है कि थाना परिसर में विधायक के समर्थकों ने हंगामा करते हुए पुलिसकर्मियों के काम में बाधा डाली। स्थिति बिगड़ने पर वरीय अधिकारियों के निर्देश पर जेलगोविंदपुर और धनबाद थाना प्रभारी पुलिस बल के साथ बरवाअड्डा थाना पहुंचे। पुलिस ने हस्तक्षेप कर स्थिति नियंत्रित की।
सीसीटीवी फुटेज से होगी अज्ञात समर्थकों की पहचान पुलिस ने प्राथमिकी में विधायक और 10 नामजद लोगों के अलावा 40-50 अज्ञात समर्थकों को भी आरोपित किया है।
थाना प्रभारी ने अपने बयान में बताया है कि थाना परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों में घटना की तस्वीरें और वीडियो मौजूद हैं। फुटेज के आधार पर अज्ञात समर्थकों की पहचान की जाएगी। मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
