प्राप्त जानकारी के अनुसार मुखिया अहमद अली अपने घर लक्ष्मीपुर जा रहे थे। इसी दौरान सिकलाइन चौक पर रामानुज प्रसाद से उनकी मुलाकात हुई। प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ मिलने में हो रही देरी को लेकर रामानुज ने मुखिया से बहस शुरू कर दी।
देखते ही देखते बहस तू-तू, मैं-मैं में बदल गई और आरोप है कि रामानुज ने बेल्ट खोलकर मुखिया के साथ मारपीट की। मुखिया का आरोप है कि इस दौरान आरोपी ने उनसे 1500 रुपये नकद छीन लिए और उनका मोबाइल फोन भी तोड़ दिया।
घटना की सूचना मिलते ही हरिहरपुर थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी युवक को पकड़कर थाना ले गई। घायल मुखिया को इलाज के लिए साहूबहियार स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया, जहां उनका उपचार कराया गया। इसके बाद मुखिया अहमद अली ने हरिहरपुर थाना में लिखित शिकायत देकर आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
घटना के बाद मुखिया के समर्थन में कई पंचायतों के मुखिया थाना पहुंचे और आरोपी के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की मांग करने लगे। मामले को लेकर क्षेत्र में कुछ देर के लिए तनाव का माहौल भी बन गया।
हालांकि देर शाम दोनों पक्षों के बीच आपसी समझौता हो गया। मुखिया अहमद अली ने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ मिलने में रामानुज को देरी हो रही थी, इसी बात को लेकर उसने आक्रोश में आकर मारपीट की।
समझौते के बाद मामला शांत हो गया, लेकिन घटना ने पंचायत स्तर पर योजना के क्रियान्वयन को लेकर व्याप्त असंतोष को उजागर कर दिया है।