यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 04, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
नीरज सिंह हत्याकांड के शूटर समेत दो गिरफ्तार
शूटर उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं। इस पर धनबाद के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने यूपी एसटीएफ से सहयोग मांगा था।

वाराणसी, जागरण संवाददाता। धनबाद (झारखंड) के बहुचर्चित पूर्व डिप्टी मेयर नीरज सिंह हत्याकांड का पर्दाफाश करते हुए यूपी स्पेशल टास्क फोर्स की स्थानीय इकाई ने वारदात में शामिल शूटर अमन सिंह सहित दो शातिर बदमाशों को मीरजापुर से बुधवार को गिरफ्तार किया है। इनमें जगदीशपुर कादीपुर, थाना राजेसुल्तानुपर, अंबेडकर नगर निवासी अमन के अलावा अभिनव सिंह उर्फ बट्टू पुत्र दिनेश प्रताप सिंह निवासी ज्ञानपुर, थाना महराजगंज, फैजाबाद शामिल है। इनके कब्जे से दो पिस्टल 32 बोर, 15 कारतूस 32 बोर, छह मोबाइल फोन मय 11 सिम कार्ड, एक बिना नंबर की मोटरसाइकिल व 1500 नकद बरामद किए गए।
धनबाद के थाना-सरायढेला में पूर्व डिप्टी मेयर व कांग्रेस नेता नीरज सिंह व उनके चालक घोल्टू माहतो, अंगरक्षक मुन्ना तिवारी व व्यक्तिगत सहायक अशोक यादव की गत 21 मार्च को सरेशाम हत्या कर दी गई थी। इस घटना में बदमाशों द्वारा 100 से अधिक राउंड फायर किए गए थे। घटना के समय नीरज सिंह अपने साथियों के साथ गाड़ी से अपने घर जा रहे थे। इस घटना में मृतक नीरज सिंह के चचेरे भाई व विधायक संजीव सिंह, जयनेन्द्र सिंह, गया सिंह, महन्त पाण्डेय व सिद्धार्थ गौतम नामजद किए गए थे। साथ ही संजय सिंह, धनजी सिंह व डब्लू मिश्रा भी प्रकाश में आए लेकिन घटना में शामिल शूटरों का पता नहीं चल सका था।
धनबाद पुलिस को यह जानकारी प्राप्त हुई कि शूटर उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं। इस पर धनबाद के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने यूपी एसटीएफ से सहयोग मांगा था। घटनाक्रम की जानकारी पर पता चला कि मृतक नीरज सिंह धनबाद के स्वर्गीय सूरजदेव सिंह के भतीजे थे और वर्तमान विधायक संजीव सिंह स्वर्गीय सूरजदेव सिंह के पुत्रनीरज सिंह व संजीव सिंह में कारोबारी व राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता भी थी। इस कारण ये परिवार विगत कुछ वर्षो से अलग-अलग रहते थे। नीरज सिंह संजीव सिंह के मकान से होते हुए अपने घर की ओर जाया करते थे। यह भी जानकारी प्राप्त हुई कि 29-01-2017 को नीरज सिंह के निवास के पास ही संजीव सिंह के करीबी व उनका कारोबार देखने वाले रन्जे सिंह की हत्या कर दी गयी थी जिसमें नीरज सिंह के साथियों की प्रमुख भूमिका पाई गई थी।
इस घटना से संजीव सिंह की साख पर बहुत प्रतिकूल प्रभाव पड़ा था। घटना में शामिल शूटरों में अमन सिंह की प्रमुख भूमिका रही है। अमन सिंह की गतिविधियों पर निगरानी रखी जाने लगी। घटना के बाद से अमन सिंह आजमगढ़, अंबेडकरनगर, फैजाबाद, गोंडा, बस्ती, मीरजापुर, इलाहाबाद व वाराणसी में स्थान बदलकर रह रहा था। यह भी तथ्य प्रकाश में आया कि मीरजापुर कारागार में बंद शातिर अपराधी रिंकू सिंह से वह निरंतर संपर्क में है, जिसके छिपने के संभावित स्थानों पर निरंतर तलाश के प्रयास किये जा रहे थे। बुधवार को सूचना प्राप्त हुई कि अमन सिंह अपने साथी के साथ जेल में रिंकू सिंह से मिलने के लिए जाएगा। इस सूचना पर टीम ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया।

