Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 09, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Gumla में नक्सलियों ने एक दर्जन वाहनों को जलाकर किया राख, पर्चा छोड़कर खनन व परिवहन का काम बंद करने का सुनाया फरमान

    Updated: Tue, 09 Jan 2024 01:23 PM (IST)

    गुमला के घाघरा थाना क्षेत्र के सेरेंगदाग माइंस इलाके के सतकोनवा में सोमवार देर रात नक्‍सलियों ने जमकर उत्‍पात मचाया। इस दौरान जेसीबी ट्रक समेत लगभग एक ...और पढ़ें

    नक्सलियों ने मचाया उत्पात, एक दर्जन वाहनों को किया आग के हवाले।
    नक्सलियों ने मचाया उत्पात, एक दर्जन वाहनों को किया आग के हवाले।

    HighLights

    1. माइंस क्षेत्र में घटना को अंजाम देकर खनन व परिवहन कार्य को बंद रखने की लगातार करते रहे हैं कोशिश।
    2. रविंद्र गंजू के लगभग 40 के सदस्य वाली दस्ताने घटना को अंजाम दिया है।
    3. एक बड़ा विस्फोट कर एक हाईवा को भी उड़ा दिया।

    जागरण संवाददाता, गुमला। जिले के घाघरा थाना क्षेत्र के सेरेंगदाग माइंस इलाके के सतकोनवा में नक्सली संगठन भाकपा माओवादी ने मंगलवार की सुबह लगभग एक दर्जन वाहनों जिसमे जेसीबी, ट्रक एवं अन्य को आग के हवाले कर दिया। यह वाहन डॉल्फिन कंपनी और एम 2 कंपनी का था।

    मजदूरों से ही वाहनों में छिड़कवाया डीजल

    प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि रात्रि करीब 1:30 बजे नक्सली संगठन माओवादी के सदस्य आए और दरवाजा खुलवाया इसके बाद सभी मजदूर व मजदूर के परिवार वालों को उठाया और मजदूरों से ही वाहनों में डीजल डलवाकर आग के हवाले कर दिया।

    इसके बाद सभी मजदूरों को और उनके परिवार वालों को घटनास्थल से करीब 1 किलोमीटर दूर भेज दिया। इसके बाद एक बड़ा विस्फोट कर एक हाईवा को भी उड़ा दिया गया।

    विस्फोट का आवाज इतना जबरदस्त था कि पूरा इलाके थर्रा उठा। घटना की सूचना जैसे ही पुलिस को मिली गुमला के एसपी हरविंदर सिंह ,अभियान डीएसपी मनीष कुमार सहित पुलिस बल के जवान घटना स्थल पहुंचे।

    पोस्टर छोड़कर माओवादियों ने घटना की जिम्मेदारी ली

    घटना को अंजाम देने के बाद माओवादियों ने पोस्टर छोड़कर घटना की जिम्मेदारी ली है। कहा है कि माओवादी संगठन को कोई कमजोर ना समझे कमजोर समझना उनकी भूल होगी। जान माल का भी नुकसान उन्हें उठाना पड़ेगा।

    साथ ही साथ माइंस क्षेत्र में खनन और परिवहन कार्य भी बंद रखने का फरमान सुनाया है। माओवादियों के इस घटना के बाद से पूरे क्षेत्र का तमाम माइंस का खनन और परिवहन कार्य बंद कर दिया गया है। बताया जा रहा है कि रविंद्र गंजू के लगभग 40 के सदस्य वाली दस्ताने घटना को अंजाम दिया है।

    खबरें और भी

    माओवादियों ने माइंस को लगातार किया टारगेट

    नक्सली संगठन भाकपा माओवादी ने लगातार माइंस क्षेत्र में घटना को अंजाम देकर खनन व परिवहन कार्य को बंद करते रहा है।

    नक्सली संगठन के द्वारा लेवी के लिए इस घटना को अंजाम दिया जाता है। पूर्व में भी नक्सली संगठन के द्वारा दर्जनों वाहनों को आज के हवाले कर मजदूरों का हत्या भी किया जा चुका है।

    दो साल पहले भी ऐसी घटना को दिया था अंजाम

    दो साल पहले माओवादियों ने 7 जनवरी 2022 को बिशनपुर प्रखंड के कुजाम बॉक्साइट माइन्स में 27 वाहन को आग के हवाले किया गया था । जबकि 17 अगस्त 2009 को कुजाम में ही 16 वाहन को फूंका था।

    घटनास्थल से जले हुए कई वाहनों को हटाया गया

    घटनास्थल से मीडिया के पहुंचने के पहले वाहनों को हटाने का कार्य कंपनी और पुलिस वालों के द्वारा शुरू कर दिया गया था।दबे जुबान मजदूरों ने बताया कि कुछ वाहनों को यहां से हटाया गया है।

    घटना में 6 हाईवा,1 कैंपर,1 पानी टैंकर,1 बॉक्साइट धुलाई करने वाला ट्रक को जलाया गया था, जो घटनास्थल पर मौजूद था।वहीं कई वाहन घटना स्थल से हटा दिया गया था।

    यह भी पढ़ें: धनबाद में कैसे करें व्‍यापार? प्रिंस की धमकियों से व्यापारी असुरक्षित, फिर भी नहीं मिल रहा आर्म्स लाइसेंस

    यह भी पढ़ें: Jharkhand: कटोरिया के पूर्व विधायक पप्‍पू यादव पहुंचे ED कार्यालय, साहिबगंज में अवैध पत्थर खनन के सिलसिले में पूछताछ