मतदाता पुनरीक्षण में लापरवाही पर हजारीबाग डीसी सख्त, बीएलओ सुपरवाइजरों के वेतन पर रोक लगाने के दिए निर्देश
हजारीबाग उपायुक्त हेमंत सती ने विशेष गहन पुनरीक्षण-2026 की धीमी प्रगति पर नाराजगी जताई। उन्होंने लापरवाही बरतने वाले बीएलओ सुपरवाइजरों के वेतन पर तत्क ...और पढ़ें

उपायुक्त ने विशेष गहन पुनरीक्षण कार्य की धीमी गति पर नाराजगी जताई।
HighLights
उपायुक्त ने विशेष गहन पुनरीक्षण कार्य की धीमी गति पर नाराजगी जताई।
लापरवाह बीएलओ सुपरवाइजरों के वेतन पर तत्काल रोक लगाने का निर्देश।
संस, हजारीबाग। हजारीबाग में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर)-2026 अभियान की धीमी प्रगति पर जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह उपायुक्त हेमंत सती ने कड़ा रुख अपनाया है।
मंगलवार को समाहरणालय सभागार में आयेजित बैठक के दौरान उन्होंने कार्य में लापरवाही बरतने वाले और बिना सूचना अनुपस्थित रहने वाले बीएलओ सुपरवाइजरों के वेतन पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाने का निर्देश दिया। साथ ही अधिकारियों को अभियान में तेजी लाने के लिए आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए।
समीक्षा के दौरान उपायुक्त ने गणना प्रपत्रों के वितरण, संग्रहण, डिजिटाइजेशन तथा एएसडीडी सूची की अद्यतन स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि 30 जून से 29 जुलाई तक घर-घर जाकर गणना प्रपत्रों का वितरण एवं संग्रहण किया जाना है, जो निर्वाचन प्रक्रिया का अत्यंत महत्वपूर्ण कार्य है। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही या शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उपायुक्त ने सभी बीएलओ और बीएलओ सुपरवाइजरों को निर्देश दिया कि फिलहाल अन्य सभी कार्य स्थगित कर विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान को सर्वोच्च प्राथमिकता दें तथा नौ जुलाई तक शत-प्रतिशत गणना प्रपत्रों का वितरण सुनिश्चित करें।
उन्होंने कहा कि मतदाता सूची की शुद्धता और पारदर्शिता बनाए रखने के लिए सभी संबंधित पदाधिकारियों एवं कर्मियों को पूरी जिम्मेदारी और गंभीरता के साथ कार्य करना होगा। बैठक में मांडू के निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी महेंद्र छोटन उरांव, हजारीबाग के निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी आदित्य पांडेय, उप निर्वाचन पदाधिकारी वेदवंती कुमारी सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।