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    हजारीबाग में जंगली मशरूम खाने से एक दर्जन से अधिक लोग बीमार, एक की हालत नाजुक

    Updated: Sun, 05 Jul 2026 06:44 AM (IST)

    हजारीबाग के इचाक थाना क्षेत्र के देवकुली गांव में जंगली मशरूम खाने से दो परिवारों के एक दर्जन से अधिक लोग बीमार हो गए। ...और पढ़ें

    एआई द्वारा जेनरेट इमेज।

    एआई द्वारा जेनरेट इमेज।

    HighLights

    1. इचाक के देवकुली गांव में जंगली मशरूम खाने से लोग बीमार।

    2. दो परिवारों के एक दर्जन से अधिक लोग हुए प्रभावित, एक गंभीर।

    3. डॉक्टरों ने अज्ञात जंगली मशरूम के सेवन से बचने की सलाह दी।

    संवाद सूत्र, इचाक (हजारीबाग)। इचाक थाना क्षेत्र के देवकुली गांव में जंगली मशरूम (खुखड़ी) खाने से दो परिवारों के एक दर्जन से अधिक लोग बीमार हो गए।

    मशरूम खाने के कुछ ही देर बाद लोगों को उल्टी, पेट दर्द और जी मिचलाने की शिकायत होने लगी। हालत बिगड़ने पर परिजनों और ग्रामीणों ने सभी को तत्काल अस्पताल पहुंचाया।

    सभी मरीजों को पहले हजारीबाग सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया। इनमें नेहा कुमारी (26), पति पिंटू पासवान की हालत गंभीर होने पर उन्हें आरोग्यम अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया।

    वहीं, धर्मा रविदास, सुमा देवी (45), रजवंती देवी (42), सनी कुमार दास (18), मुनिता देवी उर्फ मुनकी देवी, राधा देवी (25), गौरव कुमार दास (17), ऋतिक कुमार दास (21), सुमा देवी (32), गौरवा देवी (65) सहित अन्य मरीजों का इलाज शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में चल रहा है।

    ग्रामीणों ने बताया कि शुक्रवार सुबह रामजी रविदास जंगल से खुखड़ी (जंगली मशरूम) लेकर आया था। उसने मशरूम आसपास के घरों में भी बांट दिया, जिसे दो परिवारों के लोगों ने भोजन में इस्तेमाल किया।

    भोजन करने के बाद बिगड़ने लगी तबीयत

    भोजन करने के कुछ ही देर बाद सभी की तबीयत बिगड़ने लगी और लगातार उल्टी व पेट दर्द की शिकायत होने लगी। स्थिति गंभीर होने पर ग्रामीणों ने सभी को अलग-अलग वाहनों से अस्पताल पहुंचाया।

    चिकित्सकों के अनुसार जंगली मशरूम में विषैले तत्व होने की आशंका से फूड प्वाइजनिंग की स्थिति उत्पन्न हो सकती है। मरीजों का उपचार जारी है और उनकी स्वास्थ्य स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।

    चिकित्सकों ने लोगों से अपील की है कि पहचान के बिना जंगल से मिले मशरूम या अन्य वन उत्पादों का सेवन न करें, क्योंकि कई प्रजातियां जहरीली होती हैं और जानलेवा साबित हो सकती हैं।

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