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    जादूगोड़ा CTC में प्रशिक्षु जवान की मौत: 'छुट्टी न मिलने और प्रताड़ना' ने ली जान, जवानों ने खोला मोर्चा

    Updated: Wed, 08 Apr 2026 12:20 AM (IST)

    जादूगोड़ा कांस्टेबल ट्रेनिंग सेंटर में प्रशिक्षु जवान बजरंगी यादव की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। जवानों का आरोप है कि बीमार होने पर भी उसे छुट ...और पढ़ें

    जादूगोड़ा स्थित कांस्टेबल ट्रेनिंग सेंटर में जवान की मौत के बाद विरोध जाते प्रशिक्षु जवान।

    जादूगोड़ा स्थित कांस्टेबल ट्रेनिंग सेंटर में जवान की मौत के बाद विरोध जाते प्रशिक्षु जवान।

    HighLights

    1. प्रशिक्षु जवान बजरंगी यादव की जादूगोड़ा CTC में मौत।

    2. जवानों का विरोध, उच्चस्तरीय जांच की मांग।

    संवाद सूत्र, जादूगोड़ा। पूर्वी सिंहभूम जिले के जादूगोड़ा स्थित कांस्टेबल ट्रेनिंग सेंटर (CTC) में मंगलवार को एक प्रशिक्षु जवान की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद हड़कंप मच गया। मृतक जवान की पहचान रांची जिला बल के कांस्टेबल बजरंगी यादव (पुलिस नंबर 3016, चेस्ट नंबर बी-126) के रूप में हुई है। 
     
    इस घटना के बाद ट्रेनिंग सेंटर के अन्य जवानों ने अधिकारियों के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। जिससे परिसर में माहौल तनावपूर्ण बना हुआ है।
     

    छुट्टी के लिए भटकता रहा जवान

    प्रशिक्षण ले रहे जवानों ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि बजरंगी यादव पिछले एक सप्ताह से बीमार चल रहे थे। उन्होंने स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए छुट्टी के लिए आवेदन दिया था, लेकिन संबंधित अधिकारियों ने इसे अनसुना कर दिया। 
     
    मंगलवार दोपहर करीब 12 बजे जब उनकी स्थिति नाजुक हो गई, तब उन्हें आनन-फानन में यूसीआईएल (UCIL) अस्पताल में भर्ती कराया गया। दुर्भाग्यवश, शाम करीब 4 बजे इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया।
     

    अधिकारियों पर प्रताड़ना के गंभीर आरोप

    जवान की मौत ने प्रशिक्षण केंद्र में व्याप्त असंतोष को ज्वालामुखी की तरह भड़का दिया है। आंदोलनकारी जवानों के मुख्य आरोप निम्नलिखित हैं:

    •     छुट्टी पर पाबंदी: जवानों का कहना है कि घर में आपात स्थिति होने पर भी उन्हें छुट्टी नहीं दी जाती। छुट्टी मांगने पर सस्पेंड करने की धमकी दी जाती है।
    •     मानसिक प्रताड़ना: प्रशिक्षुओं ने एएसआई पूनम मिंज और अन्य अधिकारियों पर दुर्व्यवहार का आरोप लगाया है।
    •     पासिंग आउट में देरी: सितंबर में परीक्षा समाप्त होने के बावजूद अब तक 'पासिंग आउट' परेड नहीं कराई गई है, जिससे जवान मानसिक तनाव में हैं। 

     

    इलाज के दौरान तोड़ा दम

    सीटीसी के एसएसपी कुजूर ने बताया कि जवान की तबीयत बिगड़ने पर उसे अस्पताल ले जाया गया था, जहां उसकी मृत्यु हो गई। हालांकि, आक्रोशित जवान इस स्पष्टीकरण से संतुष्ट नहीं हैं और उन्होंने पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग की है। जवानों ने अपनी शिकायतों को पुलिस मुख्यालय भेजने की तैयारी कर ली है।

    फिलहाल, सीटीसी परिसर में भारी पुलिस बल की तैनाती है और वरीय अधिकारी जवानों को समझाने का प्रयास कर रहे हैं। इस घटना ने पुलिस महकमे के भीतर जवानों के मानसिक स्वास्थ्य और कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।