उम्मीदों की लंबी कतार: तपती धूप में 'मंइयां' का धैर्य, सम्मान की एक किश्त के लिए छह बजे से 'तपस्या'
जमशेदपुर के खासमहल प्रखंड कार्यालय में हजारों महिलाएं 'मुख्यमंत्री मंइयां सम्मान योजना' की पेंशन सत्यापन के लिए चिलचिलाती धूप में लंबी कतारों में खड़ी ...और पढ़ें

मंइयां सम्मान योजना को लेकर आवेदन सत्यापन कराने के लिए उमड़ी लाभुकों की भीड़।
HighLights
पेंशन सत्यापन के लिए हजारों महिलाएं कतार में।
खासमहल प्रखंड कार्यालय में तपती धूप में इंतजार।
31 मई तक सत्यापन की अंतिम समय सीमा।
स्वाति की बूंद का इंतजार और 'ममता का मेला'
तपस्या के बीच सिसकती उम्मीदें
प्रखंड कार्यालय में खड़ा होना किसी कठिन तपस्या से कम नहीं है। बारीडीह से आई कांति देवी का दर्द उनकी आंखों में साफ झलकता है। उन्होंने बताया कि सुबह घर का चूल्हा-चौका छोड़कर 7 बजे ही यहां आ गई थी, ताकि लाइन में आगे रह सकूं। यह पैसा भले ही कम लगे, लेकिन यह हमारे आत्मसम्मान से जुड़ा है।
प्रशासन की अपील और भविष्य का भरोसा
खासमहल प्रखंड कार्यालय का यह नजारा झारखंड की ग्रामीण और मध्यमवर्गीय महिलाओं के उस मौन संघर्ष की कहानी कह रहा है, जहां कुछ सौ रुपयों की पेंशन उनके जीवन की बड़ी खुशियों और स्वाभिमान का आधार है। तपती रेत पर उम्मीदों की फसल उगाने की यह जद्दोजहद 31 मई तक इसी तरह जारी रहने के आसार हैं।