‘नौकरी बेचने वालों को लटका कर मारेंगे’, JLKM नेता देवेंद्र महतो का बड़ा बयान
देवेंद्रनाथ महतो ने जामताड़ा में 'भर्ती व्यवस्था सुधार यात्रा' के दौरान नौकरी बेचने वालों के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने ...और पढ़ें
HighLights
देवेंद्रनाथ महतो ने जामताड़ा में भर्ती सुधार यात्रा की।
नौकरी बेचने वालों को झारखंड में पनपने नहीं देंगे।
भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने की मांग की।
जागरण संवाददाता, जामताड़ा। हाथ में संविधान की किताब और तिरंगा लेकर भर्ती व्यवस्था सुधार यात्रा पर निकले देवेंद्रनाथ महतो गुरुवार को चौथे दिन सातवें जिले के रूप में जामताड़ा पहुंचे। महतो ने पसाेई चौक से इंदिरा चौक तक पैदल मार्च किया।
इंदिरा चौक पर छात्रों को संबोधित करते हुए उन्होंने भर्ती व्यवस्था में कथित धांधली और नौकरी में दलाली के खिलाफ आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी। इस दौरान देवेंद्रनाथ महतो ने अभय तिवारी पर गंभीर आरोप लगाते हुए उन्हें नौकरी बेचने वाला दलाल और पूरे झारखंड का शैतान बताया।
उन्होंने धमकी भरे लहजे में कहा कि अभय तिवारी जहां भी मिलेंगे, उन्हें लटका कर मारेंगे। ऐसे दलालों को झारखंड में पनपने नहीं दिया जाएगा और नौकरी बेचने वालों को रहने नहीं देंगे। कानून की रक्षा करने की शपथ लेकर निकले श्री महतो की जवान पर मारने काटने वाली शब्द थी।
आने वाले समय में एकजुट होकर छात्र करेंगे आंदोलन
देवेंद्र नाथ महतो ने कहा कि यदि सरकार ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई नहीं करती है तो आने वाले समय में छात्र एकजुट होकर सरकार के खिलाफ आंदोलन करेंगे। उन्होंने अनिश्चितकालीन बंदी करने की चेतावनी देते हुए कहा कि छात्रों के सपनों को बिकने नहीं दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि मां-बाप अपने बच्चों के बेहतर भविष्य के लिए मेहनत करते हैं। हम अपने मां-बाप के सपनों को बिकने नहीं देंगे। यह गरीबों की आवाज है और इसे दबने नहीं दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि वे 24 जिले, 24 संकल्प और एक आवाज के साथ यात्रा पर निकले हैं।
उनका उद्देश्य नौकरी नहीं बिकने देना और भर्ती प्रक्रिया में धांधली को रोकना है। उन्होंने ने कहा कि छात्रों के आंदोलन के दबाव में सरकार को 24 परीक्षाएं रद करनी पड़ी हैं, जबकि 17 परीक्षाओं की जांच चल रही है और छह परीक्षाओं पर रोक लगाई गई है।
झारखंडियों को नौकरी के लिए चलाया जा रहा अभियान
उन्होंने कहा कि झारखंड में झारखंडियों को ही नौकरी देने की मांग को लेकर अभियान चलाया जाएगा। भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता होनी चाहिए और दलाली पूरी तरह बंद होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि भर्ती व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो 24 जिलों की यात्रा पूरी करने के बाद आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
जरूरत पड़ने पर अनिश्चितकालीन बंदी की जाएगी। यह लड़ाई केवल छात्रों की नहीं, बल्कि हर घर, हर मां-बाप और उनके बच्चों के भविष्य की लड़ाई है। जामताड़ा में यात्रा समाप्त करने के बाद देवेंद्रनाथ महतो दुमका की ओर रवाना हो गए। उन्होंने कहा कि संताल परगना में भी भर्ती व्यवस्था में सुधार और नौकरी में पारदर्शिता को लेकर अभियान जारी रहेगा।
देश और दुनिया की ताजा खबरों के लिए Hindi News देखें। Live Cricket Score , IPO Listings, Shiv Chalisa, राशिफल और दुर्गा चालीसा पर अन्य जानकारी पाएं।