Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    नए साल के स्वागत को तैयार करमदाहा, सैलानियों से गुलजार होंगी वादियां, जानिए क्या है खास

    Updated: Sun, 21 Dec 2025 06:19 PM (GMT+05:30)

    नए साल पर झारखंड के नारायणपुर स्थित करमदाहा की वादियां सैलानियों से गुलजार रहेंगी। हर वर्ष की तरह इस बार भी करमदाहा पिकनिक स्पॉट पर लोगों की भीड़ उमड़ ...और पढ़ें

    करमदाहा की सुंदर वादियां, जहां हर साल नववर्ष पर पिकनिक मनाने पहुंचते हैं सैलानी।

    करमदाहा की सुंदर वादियां, जहां हर साल नववर्ष पर पिकनिक मनाने पहुंचते हैं सैलानी।

    HighLights

    1. करमदाहा में नववर्ष पर सैलानियों की रहेगी धूम

    2. पिकनिक स्पॉट पर उमड़ेगी पर्यटकों की भारी भीड़

    3. सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन सतर्क

    जागरण संवाद सहयोगी, जामताड़ा। नववर्ष पर झारखंड के नारायणपुर प्रखंड क्षेत्र स्थित करमदाहा की मनोरम वादियां सैलानियों से गुलजार रहेंगी। हर वर्ष की तरह इस बार भी करमदाहा पिकनिक स्पॉट पर लोगों का हुजूम उमड़ने की संभावना है। 
     
    स्थानीय लोगों के अलावा धनबाद, गिरिडीह सहित आसपास के जिलों से भी बड़ी संख्या में पर्यटक यहां पिकनिक मनाने पहुंचते हैं। पिकनिक मनाने आए लोग प्राकृतिक वातावरण के बीच भोजन तैयार कर उसका आनंद लेते हैं और डीजे की धुन पर नववर्ष का जश्न मनाते हैं। 
     
    करमदाहा की खास परंपरा यह है कि पिकनिक पर पहुंचे लोग सबसे पहले बराकर नदी में पवित्र स्नान करते हैं, इसके बाद दुखिया महादेव मंदिर में पूजा-अर्चना कर दिन की शुरुआत करते हैं। 


    राजा कर्ण से जुड़ा है करमदाहा का इतिहास

    बराकर नदी की कल-कल करती जलधारा, चारों ओर फैली हरियाली और जंगल-झाड़ इस स्थल को और भी आकर्षक बनाते हैं। करमदाहा का ऐतिहासिक महत्व भी है। मान्यता है कि यह स्थान राजा कर्ण की नगरी रही है। 
     
    17वीं सदी में कर्ण नामक राजा वनभोज के लिए यहां आए थे। इसी दौरान उन्होंने बराकर नदी के एक दह से दुखिया महादेव शिवलिंग की खोज की। उस समय इस स्थान का नाम कर्णदाहा पड़ा, जो कालांतर में परिवर्तित होकर करमदाहा कहलाया।
     
    नववर्ष के मौके पर पिकनिक मनाने वालों को इस बार मीट और मछली महंगे दामों पर खरीदनी पड़ेगी। जानकारी के अनुसार, मीट की कीमत लगभग 750 रुपये प्रति किलो, मछली 300 रुपये प्रति किलो और देशी मुर्गा 400 रुपये प्रति किलो तक रहने की संभावना है। 
     

    सुरक्षा व्यवस्था रहेगी चाक-चौबंद 

    नववर्ष के अवसर पर करमदाहा में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन सतर्क रहेगा। संभावित भीड़ को देखते हुए पुलिस की निगरानी रहेगी ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके। 

    पिकनिक सीजन के साथ-साथ करमदाहा मेला की तैयारियां भी आरंभ हो गई हैं। प्रत्येक वर्ष मकर संक्रांति के पावन अवसर पर 15 जनवरी से 15 दिवसीय करमदाहा मेला का आयोजन होता है।  
     

    कैसे पहुंचें और क्या रखें साथ 

    इस मेले में झारखंड, बिहार, पश्चिम बंगाल और ओडिशा समेत अन्य राज्यों से दुकानदार पहुंचते हैं। मेले में मौत का कुआं, झूले, नाव और रेल जैसे आकर्षण लगाए जा रहे हैं। इस वर्ष मेले की बंदोबस्ती 59 लाख 7 हजार रुपये में हुई है। 

    करमदाहा, नारायणपुर बस स्टैंड से करीब 10 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। यहां बस और ऑटो की सुविधा उपलब्ध है, नारायणपुर से किराया लगभग 10 रुपये है।