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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 05, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    'आदिवासी-दलित का उत्थान कांग्रेस के...', BJP ने राहुल गांधी के बयान को बताया दिखावटी; याद दिलाई पुरानी बात

    By Dibyanshu Kumar Edited By: Shashank Shekhar
    Updated: Mon, 05 Feb 2024 07:29 PM (IST)

    बाबूलाल मरांडी ने राहुल गांधी के आदिवासी और पिछड़ों पर दिए बयान को दिखावटी बताया है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने आदिवासी दलित पिछड़ों को केवल वोट बैंक ...और पढ़ें

    'आदिवासी-दलित का उत्थान कांग्रेस के...', BJP ने राहुल गांधी के बयान को बताया दिखावटी; (फाइल फोटो)
    'आदिवासी-दलित का उत्थान कांग्रेस के...', BJP ने राहुल गांधी के बयान को बताया दिखावटी; (फाइल फोटो)

    HighLights

    1. बाबूलाल ने पूछा- आदिवासी की चिंता थी तो अलग झारखंड राज्य क्यों नही दिया?
    2. कांग्रेस पार्टी तो आंदोलन का मोलभाव करती रही- बाबूलाल मरांडी

    राज्य ब्यूरो, रांची। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने राहुल गांधी के आदिवासी और पिछड़ों पर दिए बयान को दिखावटी बताया है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने आदिवासी, दलित, पिछड़ों को केवल वोट बैंक समझा, इनके उत्थान की चिंता कभी नहीं की। अगर कांग्रेस पार्टी को आदिवासी विकास की चिंता होती तो अलग झारखंड राज्य का सपना पूरा करने के लिए भाजपा के सरकार की प्रतीक्षा नहीं करनी पड़ती।

    बाबूलाल ने कहा कि कांग्रेस पार्टी तो आंदोलन का मोलभाव करती रही। दलितों का सम्मान कांग्रेस पार्टी कितना करती है। यह तो बाबा साहब भीमराव अंबेडकर को भारत रत्न कब मिला और किसने दिया इसी से पता चलता है।

    धारा 370 पर क्या बोले बाबूलाल मरांडी

    उन्होंने कहा कि धारा 370 के कारण जम्मू कश्मीर के दलित समाज ने आजाद भारत में जो दंश झेला उसका जवाब कांग्रेस पार्टी को देना चाहिए। वर्षों तक जम्मू कश्मीर के पढ़े लिखे दलित युवक आरक्षण की सुविधा से वंचित रहे। पिछड़ा वर्ग आयोग वर्षों तक कांग्रेस के शासन में संवैधानिक दर्जा के लिए तरसता रहा।

    उन्होंने कहा कि भाजपा अंत्योदय के संकल्पों के साथ तेजी से आगे बढ़ रही है। भाजपा सरकार की योजनाएं आदिवासी, दलित, पिछड़े वर्ग के कल्याण के लिए समर्पित है, जिसे जनता महसूस कर रही है। भाजपा सरकार ने केवल अलग राज्य ही नही दिया, बल्कि केंद्र में अलग आदिवासी मंत्रालय बनाए। संथाली भाषा को 8वीं अनुसूची में शामिल करने का कार्य अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार ने किया।

    मोदी सरकार ने भगवान बिरसा मुंडा की जन्मस्थली को नमन किया, जयंती को जनजाति गौरव दिवस घोषित किया। आज केंद्र सरकार में जनजाति समाज के आठ मंत्री हैं। यह कांग्रेस ही है जिसने देश की पहली आदिवासी महिला के राष्ट्रपति बनने का विरोध किया। कांग्रेस के नेताओं ने राष्ट्रपति के सम्मान को अभद्र टिप्पणी से चोटिल किया।

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