झारखंड विधानसभा: गठबंधन को लेकर चल रही अटकलों ने बढ़ाया राजनीतिक पारा, सत्तापक्ष-विपक्ष ने एक-दूसरे पर साधा निशाना
झारखंड विधानसभा में गठबंधन की अटकलों ने राजनीतिक माहौल को उत्तेजित कर दिया है। सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों ही एक दूसरे पर आरोप लगा रहे हैं। राज्य में न ...और पढ़ें

झारखंड विधानसभा
HighLights
गठबंधन की अटकलों से राजनीतिक पारा बढ़ा
सत्तापक्ष-विपक्ष में आरोप-प्रत्यारोप
नए गठबंधन की संभावनाओं पर चर्चा
राज्य ब्यूरो, रांची। झारखंड विधानसभा के शीतकालीन सत्र के पहले ही दिन गठबंधन को लेकर चल रही अटकलों ने सदन के बाहर राजनीतिक पारा चढ़ा दिया। विधानसभा परिसर के लॉबी और गलियारों में सत्तारूढ़ महागठबंधन और विपक्षी एनडीए के विधायकों ने एक-दूसरे पर तीखे प्रहार किए।
कांग्रेस विधायक दल के उपनेता राजेश कच्छप ने कहा कि यह सब भाजपा की साजिश है। वे अफवहा फैलाने में माहिर हैं। हमारा गठबंधन और सरकार पूरी मजबूती से काम कर रही है। सर्वदलीय बैठक में भी हमारे सभी विधायक एकजुट थे और तय हुआ कि हम मिलकर विपक्ष का मुकाबला करेंगे।
कांग्रेस विधायक श्वेता सिंह ने व्यंग्य कसते हुए कहा कि भाजपा के कुछ विधायक तो सरकार में शामिल होने के लिए शपथ लेने तक को तैयार बैठे हैं। अगर मुख्यमंत्री दिल्ली में दो दिन और रुक जाते तो शायद ये अफवाहें छोड़कर शपथ भी ले लेते।
विपक्ष का पलटवार– कांग्रेस खुद असहज है
हजारीबाग से भाजपा विधायक प्रदीप प्रसाद ने जवाबी हमला करते हुए कहा कि अफवाहें फैलाने में तो कांग्रेस सबसे आगे है। गठबंधन में खुद दरार है, इसलिए वे भाजपा पर कीचड़ उछाल रहे हैं। हम तो जनता के मुद्दे उठाने आए हैं।
पूर्व मंत्री एवं वरिष्ठ भाजपा नेत्री नीरा यादव ने कहा कि विपक्ष सत्र में कानून-व्यवस्था, बेरोजगारी समेत तमाम जनमुद्दों को बुलंद आवाज में उठाएगा। अफवाहों पर समय बर्बाद करने की जरूरत नहीं है। समय खुद सब साफ कर देगा।
मंत्री बोले– अफवाहों पर प्रतिक्रिया देना जरूरी नहीं
नगर विकास मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने मीडिया से कहा कि जब तक किसी दल का कोई पदाधिकारी इस मुद्दे पर बयान नहीं देता, तब तक अफवाहों पर प्रतिक्रिया देना उचित नहीं। सरकार अपने काम में लगी है।