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    औद्योगिक क्षेत्रों में बिजली संकट: झारखंड चेंबर ने JUVNL से की मुलाकात, समाधान पर बनी सहमति

    Updated: Fri, 08 May 2026 11:28 AM (IST)

    झारखंड चेंबर ने औद्योगिक क्षेत्रों में बिजली की समस्याओं पर झारखंड ऊर्जा विकास निगम लिमिटेड के अध्यक्ष सह प्रबंध निदेशक से मुलाकात की। ...और पढ़ें

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    जागरण संवाददाता, रांची। राज्य की चरमराती विद्युत व्यवस्था, विशेषकर औद्योगिक क्षेत्रों में उत्पन्न समस्याओं एवं उनके समाधान को लेकर चेंबर प्रतिनिधिमंडल गुरुवार को झारखंड ऊर्जा विकास निगम लिमिटेड के अध्यक्ष सह प्रबंध निदेशक के श्रीनिवासन एवं विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक की।

    चेंबर ने उद्योगों एवं व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को प्रभावित कर रही विद्युत आपूर्ति संबंधी चुनौतियों को प्रमुखता से उठाया तथा विद्युत वितरण प्रणाली को अधिक प्रभावी बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए।

    बिजली बाधित होने के बाद मरम्मत कार्यों में हो रही देरी पर चिंता व्यक्त करते हुए त्वरित कार्रवाई की आवश्यकता बताई। औद्योगिक क्षेत्रों में शीघ्र समस्या समाधान के लिए विशेष क्विक रिएक्शन टीम गठित करने का सुझाव दिया। अत्यधिक लंबे फीडरों को छोटा एवं संतुलित करने की आवश्यकता पर बल दिया, जिससे बार-बार होने वाले ब्रेकडाउन को कम किया जा सके।

    बैठक में चेंबर अध्यक्ष आदित्य मल्होत्रा, महासचिव रोहित अग्रवाल, उपाध्यक्ष प्रवीण लोहिया, एनर्जी उप समिति के चेयरमैन बिनोद तुलस्यान एवं सदस्य अजय भंडारी ने तुपुदाना सब-स्टेशन के अंतर्गत एक ही फीडर पर अत्यधिक भार होने की समस्या को गंभीर बताते हुए उसका त्वरित पुनर्गठन करने की मांग की।

    ट्रांसफार्मर एवं एबी स्विच जैसे महत्वपूर्ण उपकरणों के नियमित निरीक्षण एवं प्रिवेंटिव मेंटेनेंस सिस्टम को मजबूत करने का सुझाव दिया। छोटे-मोटे मरम्मत कार्यों के लिए पूरे सब-स्टेशन की लाइन बंद करने की वर्तमान व्यवस्था को अव्यावहारिक बताते हुए स्थानीय स्तर पर समाधान की व्यवस्था विकसित करने की बात कही। बार-बार खराब होने वाले ट्रांसफार्मर एवं टूटने वाले कंडक्टर की पहचान के लिए व्यापक डेटा मैपिंग एवं सर्वे कराने का सुझाव दिया।

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    चेंबर ने अंडरग्राउंड केबलिंग परियोजनाओं के लिए विस्तृत मैपिंग एवं मार्किंग सिस्टम विकसित करने की आवश्यकता बताई। भविष्य की परियोजनाओं में सेक्वेशियल कम्पलीशन माडल अपनाने की सलाह दी गई, ताकि एक फीडर को पूर्ण रूप से चालू करने के बाद ही दूसरे पर कार्य शुरू हो।

    अशोक नगर परियोजना को सफल माडल बताते हुए तुपुदाना औद्योगिक क्षेत्र में अधूरी परियोजनाओं को शीघ्र पूरा करने की मांग की गई। चेंबर अध्यक्ष आदित्य मल्होत्रा ने विश्वास जताया कि प्रबंधन एवं विभागीय अधिकारी उद्योगों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए आवश्यक कदम उठाएंगे, जिससे राज्य में निर्बाध एवं विश्वसनीय विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित हो सकेगी और औद्योगिक विकास को गति मिलेगी।

    हर महीने की 17 को बैठक

    झारखंड चेंबर के आग्रह पर सीएमडी ने हर माह की 17 तारीख को झारखंड चेंबर के साथ विभाग की उच्चस्तरीय बैठक आयोजित करने की बात कही। यह भी निर्णय लिया गया कि विवादों के निपटारे के लिए डिस्पयूट रेड्रेसल कमे का गठन किया जाएगा, जिसमें चेंबर की भी भागीदारी होगी। बैठक में लघु उद्योग भारती, जेसिया ओर एसिया, सीआईआई के पदाधिकारी भी शामिल थे।

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