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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 06, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    होमगार्ड जवानों के एरियर भुगतान का मामला, अदालत में हाजिर नहीं हुए DGP; कोर्ट ने नाराजगी के साथ जारी किया नया आदेश

    Updated: Mon, 06 Jan 2025 03:43 PM (GMT+05:30)

    झारखंड हाई कोर्ट ने होमगार्ड जवानों के बकाया एरियर भुगतान से संबंधित अवमानना याचिका पर सुनवाई की। सुनवाई के दौरान गृह सचिव तो कोर्ट में हाजिर हुईं लेक ...और पढ़ें

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    HighLights

    1. कोर्ट ने कहा- आदेश को हल्के में ना लिया जाए
    2. डीजीपी को अगली तिथि को कोर्ट में उपस्थित होने का आदेश

    जागरण संवाददाता, रांची।  झारखंड हाई कोर्ट के जस्टिस डॉ. एसएन पाठक की पीठ में होमगार्ड जवानों को समान काम के बदले समान वेतन का बकाया एरियर नहीं देने के खिलाफ दाखिल अवमानना याचिका पर सोमवार को सुनवाई हुई।

    इस दौरान डीजीपी के उपस्थित नहीं होने पर कोर्ट ने कड़ी नाराजगी जताई। कोर्ट ने मौखिक रूप से कहा कि अदालत के आदेश को हल्के में नहीं लिया जाए। अदालत ने मामले में अब डीजी होमगार्ड को कोर्ट में उपस्थित होने का आदेश दिया है।

    मामले में अगली सुनवाई आठ जनवरी को होगी। हाई कोर्ट के आदेश पर गृह सचिव वंदना दादेल कोर्ट में हाजिर हुईं। पूर्व में कोर्ट ने राज्य सरकार को 25 अगस्त 2017 से होमगार्ड जवानों को बढ़े वेतन का लाभ देने का निर्देश दिया था।

    दो माह में एरियर का भुगतान करने का था निर्देश

    कोर्ट ने पुलिसकर्मियों के समान होमगार्ड जवानों को काम के लिए समान वेतन का लाभ देते हुए दो माह में एरियर का भुगतान करने का निर्देश दिया था। आदेश का अनुपालन नहीं होने पर कोर्ट ने गृह सचिव और डीजीपी को सशरीर हाजिर होने का निर्देश दिया था।

    इस संबंध में प्रार्थी झारखंड होमगार्ड वेलफेयर एसोसिएशन के प्रदेश उपाध्यक्ष अजय प्रसाद ने अवमानना याचिका दाखिल की है। उनकी ओर से कोर्ट के आदेश का अनुपालन कराने की मांग की है।

    सुप्रीम कोर्ट खारिज कर चुकी है अपील

    इस मामले में सुप्रीम कोर्ट ने झारखंड हाई कोर्ट के आदेश को सही मानते हुए सरकार की अपील खारिज कर चुकी है।

    प्रार्थियों का कहना था कि होमगार्ड भी पुलिसकर्मियों की तरह सेवा देते हैं, इसलिए उन्हें भी नियमित पुलिसकर्मियों की तरह लाभ दिया जाए।

    कोर्ट में सीएम की उपस्थिति मामले में 20 को सुनवाई

    • एमपी-एमएलए की विशेष अदालत में सोमवार को ईडी के समन की अवहेलना पर सीएम हेमंत सोरेन की उपस्थित मामले में आंशिक सुनवाई हुई।
    • अदालत ने उपस्थिति के लिए अगली तिथि 20 जनवरी को निर्धारित की है। सोमवार को कोर्ट में कोई उपस्थित नहीं हुआ तो सुनवाई स्थगित कर दी गई।
    • कोर्ट ने सीएम हेमंत सोरेन को उपस्थिति दर्ज कराने को लेकर समन जारी किया है। अदालत ने 23 दिसंबर को उनकी ओर से दाखिल व्यक्तिगत उपस्थिति से छूट से संबंधित याचिका खारिज कर चुका है।
    • याचिका खारिज करते हुए कोर्ट ने उन्हें व्यक्तिगत रूप से बुलाया है। बता दें कि ईडी ने हेमंत सोरेन के खिलाफ रांची की निचली अदालत में जनवरी 2024 में शिकायतवाद दर्ज कराया था।

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