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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 19, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Jharkhand: 1000 करोड़ रुपये के अवैध खनन मामले की होगी CBI जांच, एक महीने में देनी होगी HC को रिपोर्ट

    By Manoj SinghEdited By: Yashodhan Sharma
    Updated: Sat, 19 Aug 2023 03:16 AM (IST)

    झारखंज के साहिबगंज से जुड़े 1000 करोड़ रुपये के अवैध खनन मामले की जांच अब सीबीआई करेगी। हाई कोर्ट के जस्टिस संजय कुमार द्विवेदी की अदालत ने शुक्रवार क ...और पढ़ें

    1000 करोड़ रुपये के अवैध खनन मामले की होगी CBI जांच एक महीने में देनी होगी HC को रिपोर्ट
    1000 करोड़ रुपये के अवैध खनन मामले की होगी CBI जांच एक महीने में देनी होगी HC को रिपोर्ट

    HighLights

    1. 1000 करोड़ के अवैध खनन मामले की होगी सीबीआई जांच
    2. अदालत ने एक माह में जांच पूरी कर रिपोर्ट देने को कहा
    3. विजय हांसदा की याचिका पर हाई कोर्ट ने दिया आदेश

    राज्य ब्यूरो, रांची: झारखंज के साहिबगंज से जुड़े 1000 करोड़ रुपये के अवैध खनन मामले की जांच अब सीबीआई करेगी।

    हाई कोर्ट के जस्टिस संजय कुमार द्विवेदी की अदालत ने शुक्रवार को इस मामले से जुड़ी विजय हांसदा की याचिका पर सुनवाई करते हुए यह आदेश दिया।

    वर्तमान में ईडी इस मामले की जांच मनीलांड्रिंग के तहत कर रही है। इस केस में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के बरहेट विधानसभा के विधायक प्रतिनिधि पंकज मिश्रा समेत चार आरोपित जेल में हैं।

    याचिका पर भी होगी जांच

    अदालत ने सीबीआई को एक माह में प्रारंभिक जांच (पीई) पूरा करते हुए रिपोर्ट पेश करने का निर्देश दिया है।अपने आदेश में अदालत ने कहा है कि सीबीआई साहिबगंज में अवैध खनन के साथ-साथ विजय हांसदा के उन आरोपों की भी जांच करेगी जिसमें उनके नाम से हाई कोर्ट में कैसे याचिका दाखिल की गई है।

    17 अगस्त को अदालत ने विजय हांसदा की उस प्रार्थना को अस्वीकार कर दिया था, जिसमें उसकी ओर याचिका वापस लेने का आग्रह किया गया।

    उसकी ओर से एक हस्तक्षेप याचिका दाखिल कर कहा गया था कि इस संबंध में उन्होंने हाई कोर्ट में कोई याचिका दाखिल नहीं की थी।

    वे न तो अधिवक्ता को जानते हैं और न ही इस मामले में के पैरवीकार को। पैरवीकार लातेहार का रहने वाला है। जबकि वे संताल परगना के रहने वाले हैं। उनकी ओर एससी-एसटी केस दर्ज कराने की निष्पक्ष जांच की मांग की गई थी, जिसपर उन्हें धमकी मिल रही थी।

    सुनवाई के दौरान प्रार्थी ने अदालत को बताया कि उक्त गड़बड़ी की जांच के लिए रजिस्ट्रार जनरल सक्षम प्राधिकार है। उनकी निगरानी में जांच होनी चाहिए।

    इसके बाद अदालत ने कहा कि मामला बहुत ही गंभीर है। इस मामले में सत्ता के करीबी शामिल हैं। ऐसे में इसकी जांच सीबीआई से कराई जानी चाहिए।

    क्या है विजय हांसदा की याचिका?

    बता दें कि विजय हांसदा की शिकायत पर साहिबगंज में अवैध खनन की जांच ईडी कर रही है। अपनी शिकायत में विजय हांसदा ने कहा था साहिबगंज में उसके गांव के पास नींबू पहाड़ पर अवैध खनन किया जा रहा है।

    अवैध खनन रोकने का प्रयास किया तो उसे धमकी दी गई और फर्जी केस में जेल भेज दिया गया था। इसके बाद विजय हांसदा ने पंकज मिश्रा सहित अन्य के खिलाफ एससी-एसटी का मामला दर्ज कराया था, जिसपर पुलिस ने अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की।

    खबरें और भी

    साहिबगंज में अवैध खनन मामले में ईडी ने विजय हांसदा को अपना गवाह बनाया है। यह भी बता दें कि 17 अगस्त को विजय हांसदा ने धमकी देने के मामले में रांची के जगन्नाथपुर थाने में शिकायत भी दर्ज कराई है।