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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 02, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    'हेमंत सोरेन जेल जाने के करीब', BJP ने बोला हमला, कहा- पत्नी को गद्दी सौंपने के चक्कर में CM खड़ा करेंगे संवैधानिक संकट

    By Jagran News Edited By: Aysha Sheikh
    Updated: Tue, 02 Jan 2024 02:09 PM (GMT+05:30)

    Jharkhand News गांडेय विधानसभा क्षेत्र से झारखंड मुक्ति मोर्चा के विधायक सरफराज अहमद के बाद से राजनीति गरमाई हुई है। अटकलें लगाई जा रही हैं कि हेमंत स ...और पढ़ें

    'हेमंत जेल जाने के करीब', BJP ने कहा- पत्नी को गद्दी सौंपने के चक्कर में CM खड़ा करेंगे संवैधानिक संकट
    'हेमंत जेल जाने के करीब', BJP ने कहा- पत्नी को गद्दी सौंपने के चक्कर में CM खड़ा करेंगे संवैधानिक संकट

    HighLights

    1. अगर ऐसा हुआ तो राज्य में हो सकता है संवैधानिक संकट
    2. मुख्यमंत्री के इस कदम से झारखंड का बन सकता है मजाक

    जागरण संवाददाता, दुमका। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने मंगलवार को दुमका परिसदन में पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को जब ऐसा लगा है कि वह जेल जाने के करीब हैं तो अपनी पत्नी कल्पना सोरेन को मुख्यमंत्री बनाने की तैयारी में जुट गए हैं।

    इसके लिए गांडेय के झामुमो विधायक सरफराज अहमद का इस्तीफा कराया गया है। बाबूलाल ने कहा कि राज्य में एक बार फिर से संवैधानिक संकट उत्पन्न होने की स्थिति है। कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को यह पता है कि उनकी पत्नी अनुसूचित जनजाति आरक्षित सीट से चुनाव नहीं लड़ सकती हैं।

    झामुमो विधायक से इस्तीफा करवाया : बाबूलाल मरांडी

    इसलिए उन्होंने झामुमो विधायक से इस्तीफा करवाया है। बाबूलाल ने महाराष्ट्र हाइकोर्ट के एक निर्णय का हवाला देते हुए कहा कि झारखंड में विधानसभा चुनाव होने में एक साल से भी कम वक्त है और कोर्ट के उस आदेश के मुताबिक एक साल से कम समय रहने पर विधानसभा उपचुनाव कराया जाना असंवैधानिक है।

    कहा कि झारखंड में पिछला विधानसभा चुनाव का परिणाम जिस दिन से आया है, उस दिन से ही चुनाव आयोग विधानसभा का गठन कर दी है। ऐसी परिस्थिति में झारखंड में भी उपचुनाव कराया जाना असंवैधानिक होगा क्योंकि अब यहां भी एक साल से कम बचा है।

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    कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन अगर ऐसा निर्णय लेते हैं तो यह उनकी दूसरी बड़ी गलती होगी। बाबूलाल ने कहा कि अगर मुख्यमंत्री का ऐसा कोई भी प्रस्ताव आता है तो भाजपा राज्यपाल से मिलकर इस मामले में अटार्नी जनरल से सलाह लेने व विधि-सम्मत कदम उठाए जाने की मांग करेगी।

    बाबूलाल ने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के ऐसे कदम से एक बार फिर झारखंड का मजाक बन सकता है। भाजपा राज्य का मजाक बनने नहीं देना चाहती है। इस सवाल पर कि भाजपा राज्य में राष्ट्रपति शासन की मांग करेगी के जवाब में कहा कि नहीं भाजपा राष्ट्रपति शासन की मांग नहीं करेगी। भाजपा की मंशा है कि सिर्फ कानून के आधार पर ही राज्य की व्यवस्थाएं चले। मौके भाजपा नेता सुरेश मुर्मू समेत कई मौजूद थे।

    चुनाव नहीं कराया जा सकता : निशिकांत दुबे 

    सरफराज अहमद के इस्तीफे के साथ ही राज्य का राजनीतिक तापमान बढ़ गया है। गोड्डा के भाजपा सांसद डॉ. निशिकांत दुबे ने कहा है कि गांडेय में विधानसभा का चुनाव नहीं कराया जा सकता है। इस संबंध में उन्होंने मुंबई हाईकोर्ट के काटोल विधानसभा के निर्णय का हवाला दिया है।

    उन्होंने एक्स पर लिखा- अब गांडेय में चुनाव नहीं हो सकता। काटोल विधानसभा जब महाराष्ट्र में ख़ाली हुआ तब विधानसभा का कार्यकाल एक साल 50 दिन ख़ाली था। राज्यपाल महोदय, यदि कल्पना सोरेन कहीं से विधायक नहीं बन सकती हैं तो मुख्यमंत्री कैसे बनेंगी? झारखंड को कांग्रेस चारागाह बनाने की कोशिश कर रही है।

    अचानक गांडेय विधायक ने दिया इस्तीफा

    गांडेय विधानसभा क्षेत्र से झारखंड मुक्ति मोर्चा के विधायक सरफराज अहमद ने विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है। सरफराज अहमद ने फोन पर बात करते हुए बताया कि उन्होंने निजी और पारिवारिक कारणों से इस्तीफा दिया है।

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