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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 31, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Jharkhand Salary Increment: सरकारी कर्मचारियों की सैलरी कैसे बढ़ेगी? इस साल से बदल गया इंक्रीमेंट का नियम

    Updated: Fri, 31 Jan 2025 02:13 PM (IST)

    झारखंड सरकार ने सभी कर्मचारियों के लिए हिंदी लिखने-पढ़ने की परीक्षा उत्तीर्ण करना अनिवार्य कर दिया है। यह परीक्षा उत्तीर्ण किए बिना किसी कर्मी को वार् ...और पढ़ें

    सरकारी कर्मचारियों के लिए बड़ी खबर, सैलरी बढ़ाने के लिए पास करना होगा ये एग्जाम
    सरकारी कर्मचारियों के लिए बड़ी खबर, सैलरी बढ़ाने के लिए पास करना होगा ये एग्जाम

    HighLights

    1. हिंदी की परीक्षा पास किए वेतन बढ़ा तो वसूली के साथ-साथ होगी कार्रवाई
    2. स्वीकृति देनेवाले पदाधिकारी के साथ-साथ लेखा पदाधिकारी नपेंगे
    3. वित्त विभाग ने सभी विभागों के सचिवों, प्रमंडलीय आयुक्तों और उपायुक्तों को भेजा पत्र

    राज्य ब्यूरो, रांची। राज्य सरकार ने चतुर्थवर्गीय कर्मियों के अलावा, सभी कर्मियों के वार्षिक वेतन वृद्धि के लिए हिंदी लिखने-पढ़ने की परीक्षा उत्तीर्ण करने को अनिवार्य किया है। यह हिंदी टिप्पण प्रारुपण परीक्षा राजस्व पर्षद द्वारा ली जाती है। यह परीक्षा उत्तीर्ण हुए बिना किसी कर्मी को वार्षिक वेतनवृद्धि की स्वीकृति नहीं दी जा सकती।

    वित्त विभाग ने सभी विभागीय सचिवों, प्रमंडलीय आयुक्तों और उपायुक्तों को पत्र भेजकर कहा है कि इस परीक्षा के उत्तीर्ण हुए बिना किसी कर्मी को वार्षिक वेतनवृद्धि की स्वीकृति दी जाती है तो उसे अनियमितता मानते हुए जिम्मेदार पदाधिकारी के विरुद्ध कार्रवाई करें।

    लेखा पदाधिकारी पर गिरेगी गाज!

    • वित्त विभाग ने यह भी कहा है कि इस प्रकार की अनियमितता सामने आने पर इसके लिए संबंधित कार्यालय प्रधान और वेतन निर्धारण को सत्यापित करने वाले लेखा पदाधिकारी दोषी माने जाएंगे।
    • साथ ही अनियमित रूप से नियम के विरुद्ध वेतन वृद्धि से जितनी अधिक राशि का भुगतान होता है, उसकी वसूली स्वीकृति देनेवाले संबंधित कार्यालय प्रधान से की जाएगी।
    • वहीं, गलत रूप से वेतन वृद्धि तथा वेतन निर्धारण को सत्यापित करने वाले लेखा पदाधिकारी के विरुद्ध कड़ी अनुशासनिक कार्रवाई की जाएगी।

    वित्त विभाग ने और क्या कहा?

    वित्त विभाग के अनुसार, यदि किसी मामले में वेतनवृद्धि स्वीकृत कर ली गई है और सेवानिवृति/सेवाकाल में मृत्यु के बाद यह पता चलता है कि दी गई वेतनवृद्धियां अनियमित थी, तो ऐसी स्थिति में पेंशन की गणना के लिए भूल सुधार करते हुए वेतन का पुनर्निर्धारण किया जाए।

    साथ ही उसके आधार पर पेंशन एवं अन्य लाभ की गणना की जाए। साथ ही सभी कार्यालय प्रधान अपने अधीनस्थ कर्मियों की सर्विस बुक की जांच कर उसमें यह प्रमाण पत्र अंकित करेंगे कि उसकी जांच की गई है। यह भी अंकित करना होगा कि स्वीकृत वेतन वृद्धि एवं निर्धारित वेतन नियमों एवं सरकारी आदेशों के अनुसार है।

    खबरें और भी

    जेएससीपीएस में पदाधिकारियों के कई पदों पर होगी नियुक्ति

    महिला एवं बाल विकास विभाग के अधीन कार्यरत झारखंड राज्य बाल संरक्षण संस्था (जेएससीपीएस) तथा राज्य दत्तक ग्रहण संरक्षण अभिकरण में विभिन्न पदों पर अनुबंध पर नियुक्ति होगी। इसके तहत जेएससीपीएस में कार्यक्रम पदाधिकारी के तीन, लेखा पदाधिकारी, लेखापाल तथा लेखा सहायक के एक-एक पदों पर नियुक्ति होगी।

    इसी तरह, राज्य दत्तक ग्रहण संरक्षण अभिकरण में कार्यक्रम प्रबंधक तथा कार्यक्रम सहायक के एक-एक पदों पर नियुक्ति होगी। इनमें कार्यक्रम पदाधिकारी के एक पद एसटी, एक एससी तथा एक बीसी वन के लिए आरक्षित हैं, जबकि सभी पद अनारक्षित हैं।

    नियुक्ति के लिए ऑनलाइन आवेदन राज्य सरकार के रिक्रूटमेंट पोर्टल के माध्यम से होंगे। ऑनलाइन आवेदन पांच फरवरी से शुरू होगी। इसकी अंतिम तिथि 25 फरवरी निर्धारित है।

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