CISF जवानों को ले जा रही बस और कार की टक्कर, पिपरवार-टंडवा मार्ग पर रैयत विस्थापित मोर्चा के अध्यक्ष की मौत
पिपरवार-टंडवा मुख्य सड़क पर सोमवार रात एक भीषण सड़क दुर्घटना में रैयत विस्थापित मोर्चा के अध्यक्ष रामचंद्र उरांव (75) की ...और पढ़ें

पिपरवार-टंडवा मुख्य मार्ग पर भीषण सड़क दुर्घटना, रैयत विस्थापित मोर्चा के अध्यक्ष रामचंद्र उरांव की मौत। (तस्वीर: फाइल)
HighLights
पिपरवार-टंडवा सड़क पर बस-कार की भीषण टक्कर हुई।
रैयत विस्थापित मोर्चा अध्यक्ष रामचंद्र उरांव की मौत घटनास्थल पर।
दुर्घटना के बाद ग्रामीणों ने सड़क जाम कर विरोध जताया।
संवाद सूत्र, पिपरवार(रांची)। पिपरवार थाना क्षेत्र के किचटो पंचायत अंतर्गत चिरैयाटांड़ में सोमवार रात करीब 9:15 बजे पिपरवार-टंडवा मुख्य ट्रांसपोर्टिंग सड़क पर एक भीषण सड़क दुर्घटना में सेवानिवृत्त सीसीएल कर्मी एवं रैयत विस्थापित मोर्चा के पिपरवार अध्यक्ष 75 वर्षीय रामचंद्र उरांव की घटनास्थल पर ही दर्दनाक मौत हो गई।
यह हादसा सीआईएसएफ जवानों को ड्यूटी पर ले जा रही एक निजी शिफ्ट बस और मारुति ओमनी कार के बीच हुई जोरदार टक्कर के कारण हुआ। रामचंद्र उरांव कारो महाविद्यालय प्रबंधन समिति के अध्यक्ष भी थे।
दुर्घटना की खबर फैलते ही पूरे क्षेत्र में आक्रोश फैल गया। रैयत विस्थापित मोर्चा के नेताओं-कार्यकर्ताओं और बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने पिपरवार-टंडवा ट्रांसपोर्टिंग सड़क को पूरी तरह जाम कर दिया। देर रात तक सड़क पर लोगों की भारी भीड़ जुटी रही।
करम समारोह से लौटते समय हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, रामचंद्र उरांव सोमवार को कारो महाविद्यालय में आयोजित करम पूर्व संध्या समारोह में शामिल हुए थे। कार्यक्रम समाप्त होने के बाद उन्होंने समारोह की सफलता को लेकर कार्यकर्ताओं के साथ चर्चा की। इसके बाद वे कारो से पिपरवार की ओर मारुति ओमनी से लौट रहे थे।
इसी दौरान चिरैयाटांड़ स्थित शिवम ट्रांसपोर्ट के जानकी गैरेज के समीप सीआईएसएफ जवानों को ले जा रही निजी बस से उनकी गाड़ी की आमने-सामने जोरदार टक्कर हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि रामचंद्र उरांव ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। इस घटना के बाद उनके घर और पूरे इलाके में मातम पसर गया है। सड़क जाम होने के कारण इस मुख्य मार्ग पर वाहनों की आवाजाही पूरी तरह ठप हो गई।
एक साथ कई जिम्मेदारियां निभा रहे थे रामचंद्र उरांव
स्वर्गीय रामचंद्र उरांव क्षेत्र में रैयत-विस्थापितों की आवाज उठाने वाले प्रमुख और कद्दावर नेताओं में शामिल थे। वे रैयत विस्थापित मोर्चा के पिपरवार अध्यक्ष होने के साथ-साथ कारो महाविद्यालय प्रबंधन समिति के अध्यक्ष के रूप में भी सक्रिय भूमिका निभा रहे थे। उनके अचानक निधन से सामाजिक एवं शैक्षणिक जगत में गहरी शोक की लहर दौड़ गई है।
घटना की सूचना मिलते ही पिपरवार थाना प्रभारी प्रशांत कुमार मिश्रा पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रित करने के साथ मामले के सभी पहलुओं की जांच शुरू कर दी। ग्रामीणों द्वारा सड़क जाम किए जाने के कारण आवागमन घंटों बाधित रहा।
